शहर

Holi Ka Mausam : होली पर अटैक करेगा आंधी-तूफान! झमाझम बारिश से फीके पड़ेंगे रंग-गुलाल; मौसम विभाग का आया अलर्ट

Kal Ka Mausam, Holi Ka Mausam 04 March 2026 , कल का मौसम कैसा रहेगा, Aaj Aur Kal ka Mausam kaisa Rahega : जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड में वेस्टर्न डिस्टर्बेंस का असर लगातार बना रहने से एक बार फिर से बारिश एवं बर्फबारी की संभावना जताई जा रही है। मौसम विभाग का कहना है कि 4 मार्च से कश्मीर के चोटियों पर बारिश और बर्फ गिरेगी, जिससे होली का मजा किरकिरा हो सकता है। हालांकि, उत्तर भारत का मौसम साफ रहेगा और दिन में तेज हवाओं के बीच गर्मी महसूस की जाएगी। उधर, दक्षिण भारत और पूर्वोत्तर के कुछ राज्यों में तेज आंधी-तूफान के साथ झमाझम बारिश का अलर्ट है।

Image

होली का मौसम कैसा रहेगा

Kal Ka Mausam ( कल का मौसम ) : देशभर में मौसम का मिजाज बदला हुआ है। दक्षिण में गर्मी के बीच बारिश तो पहाड़ों पर ठंडी के बीच बारिश और बर्फबारी से मौसम बदला हुआ है। इसी बीच बुधवार को होली का पर्व भी मनाया जाएगा। ऐसे में लोगों की जिज्ञासा है रंग-गुलाल के पर्व पर मौसम का रंग कैसा रहेगा? मौसम विभाग ने बताया है कि अगले 24 घंटे के दौरान पूर्वोत्तर में बादलों की आवाजाही जारी रहेगी और असम, मेघालय और अरुणाचल प्रदेश में हल्की से मध्यम बारिश की संभावना है। उधर, दक्षिण भारत के एक दो राज्यों पर साइक्लोनिक सर्कुलेशन के प्रभाव से आंधीनुमा हवाओं के साथ बादल बरस सकते हैं। आईएमडी का पूर्वानुमान है कि 4 से 8 मार्च तक एक नया वेस्टर्न डिस्टर्बेंस एक्टिव होगा, जिसके प्रभाव से जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश में बारिश एवं बर्फबारी का अलर्ट है। वहीं, 8 मार्च को उत्तराखंड के कुछ हिस्से भीग सकते हैं। हालांकि, होली के मौके पर समूचा उत्तर भारत में मौसम साफ रहेगा और 20 से 25 किलोमीटर प्रति घंटे के हिसाब से हवाएं चलेंगी। खासकर, हरियाणा, पंजाब, राजस्थान, दिल्ली-एनसीआर, उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश और बिहार समेत अन्य राज्यों में अधिकतम और न्यूनतम तापमान में बढ़ोतरी दर्ज की जाएगी, जिससे दिन में गर्मी का एहसास होगा।

दिल्ली-एनसीआर में होली का मौसम

दिल्ली-एनसीआर में मौसम साफ और होली के त्योहार पर भी कोई अड़चन नहीं आने वाली है। मौसम विभाग के मुताबिक, 4 मार्च को अधिकतम 33 डिग्री और न्यूनतम तापमान 16 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने वाला है। यानी अगर रंग और गुलाल में आप भीग गए तो सर्दी का एहसास नहीं होगा। फिलहाल, हवाओं की गति 20 किलोमीटर प्रति घंटे होने के कारण हवा की क्वालिटी बेहतर हो रही है, जिससे लोगों को पॉल्यूशन से राहत मिलने की उम्मीद है। फिलहाल, आनंद विहार में एक्यूआई 290, बवाना में 230, अशोक विहार में 220, अलीपुर में एक्यूआई 185, आया नगर में एक्यूआई 160, चांदनी चौक का एक्यूआई 195 आसपास रहने का अनुमान है। नोएडा की बात करें तो यहां एक्यूआई 205, गाजियाबाद में लोनी का एक्यूआई 245 रहने का पूर्वानुमान है।

यूपी में होली का मौसम

उत्तर प्रदेश में होली के त्योहार से पहले 20 से 25 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल रही हैं। मौसम विभाग का पूर्वानुमान है कि इस पूरे सप्ताह मौसम साफ रहेगा और न्यूनतम-अधिकतम तापमान में बढ़ोतरी जारी रहेगी, जिससे लोगों को गर्मी का प्रभाव झेलना पड़ेगा। फिलहाल, मौसम में किसी प्रकार के परिवर्तन की संभावना नहीं है, लेकिन 2 से 3 डिग्री तापमान जरूर बढ़ सकता है। फिलहाल, होली पर किसी प्रकार की बारिश की गतिविधि का अनुमान नहीं है। उधर, राजस्थान में भी होली पर मौसम साफ रहेगा, लेकिन अधिकतम और न्यूनतम तापमान में बढ़ोतरी के कारण गर्मी महसूस की जाएगी।

बिहार में होली का मौसम

बिहार में मार्च के दस्तक देते ही मौसम का मिजाज गर्म हो गया है। हालांकि, कई जिलों में रात और सुबह गुलाबी सर्दी का एहसास हो रहा है। मौसम विभाग की मानें तो न्यूनतम तापमान 12 से 15 डिग्री सेल्सियस और अधिकतम 30 डिग्री के आसपास पहुंच गया है। खासकर, गया, भागलपुर, पूर्णिया, शेखपुरा, वैशाली, सीवान, समस्तीपुर, मधुबनी, सहरसा, मधेपुरा, बक्सर समेत कई जिलों में तापमान 15 डिग्री सेल्सियस से नीचे बना हुआ है, जिससे अभी भी कंबल का सहारा लेना पड़ रहा है। आईएमडी ने होली पर्व पर मौसम साफ रहेगा।

हिमाचल प्रदेश-उत्तराखंड का मौसम

हिमाचल प्रदेश में 7 मार्च से एक बार फिर से मौसम के बदलने के संकेत हैं। एक नए वेस्टर्न डिस्टर्बेंस के आने से बारिश एवं बर्फबारी हो सकती है। खासकर, 9 मार्च को विक्षोभ के अधिक सक्रिय रहने की संभावना है। इस दौरान ऊंचाई और मध्यम ऊंचाई वाले स्थानों पर बारिश हो सकती है। लाहौल स्पीति, किन्नौर और कुल्लू-मनाली में बर्फ गिरने का अलर्ट है। हालांकि, अगले कई दिनों तक मौसम साफ रहने का अनुमान है और पहाड़ियों में कोहरे की संभावना है। उधर, उत्तराखंड में होली पर मौसम साफ रहने का अनुमान है। 8 मार्च को कुछ हिस्सों पर बादलों के छाए रहने और हल्की बारिश के आसार हैं। उधर, गंगोत्री, यमुनोत्री, बदरीनाथ और केदारनाथ में बर्फबारी जारी रहने की संभावना है, जिससे वहां कड़ाके की सर्दी के संकेत हैं।

जम्मू-कश्मीर का मौसम

पहाड़ों पर एक नया पश्चिमी विक्षोभ एक्टिव होने वाला है, जिससे जम्मू-कश्मीर में मौसम करवट ले सकता है। मौसम विभाग ने 4 मार्च से जम्मू-कश्मीर में बारिश एवं बर्फबारी का अलर्ट घोषित किया गया है, जो 8 मार्च तक लगातार मौसमी गतिविधियां करता नजर आएगा। 7 और 8 मार्च को तेज बारिश की संभावना है और अधिकांश हिस्सों पर दिन का तापमान सामान्य से ऊपर जा सकता है। फिलहाल, घाटी के अधिकांश भागों पर न्यूनतम तापमान 4 डिग्री सेल्सियस और अधिकतम तापमान 16 डिग्री सेल्सियस के आसपास बना हुआ है, जिससे अभी भी सर्दी का एहसास हो रहा है।

4 मार्च बुधवार होली का तापमान

शहर का नामन्यूनतम तापमानअधिकतम तापमान
दिल्ली 16°C33°C
मुंबई24°C31°C
चंडीगढ़15°C29°C
कोलकाता19°C32°C
जयपुर18°C32°C
भोपाल19°C33°C
लखनऊ16°C32°C
पटना17°C31°C
रांची17°C29°C
चेन्नई22°C31°C
बेंगलुरु19°C32°C
देहरादून13°C25°C
शिमला9°C22°C
कश्मीर5°C15°C

चंद्रग्रहण का मौसम पर असर

चंद्रग्रहण 3 मार्च दोपहर 3 बजकर 21 मिनट पर लगा और शाम 6 बजकर 46 मिनट तक रहा। कुल मिलाकर इसकी अवधि साढ़े तीन घंटे तक रही। यह चंद्रग्रहण भारत के अलावा एशिया, ऑस्ट्रेलिया और साउथ अफ्रीका में दिखाई दिया। हालांकि, दक्षिण भारत के तमिलनाडु, केरल और कर्नाटक के कुछ हिस्सों के मौसम पर आंशिक प्रभाव रहा, जहां बादलों की वजह से चंद्र ग्रहण देखने में दिक्कत महसूस की गई। शेष राज्यों में साफ आसमान पर नजारे बेहतर दिखे।

गर्मी कहां पड़ रही

देश के अधिकांश भागों पर तापमान में बढ़ोतरी जारी है। हालांकि, अभी भी हिमालयी राज्यों पर बर्फबारी से मौसम सर्द है, लेकिन उत्तर भारत में न्यूनतम और अधिकतम तापमान बढ़ रहा है। लिहाजा, अगले सप्ताह तक मौसम काफी गर्म महसूस होगा। फिलहाल, दक्षिण भारत, पूर्वोत्तर और गुजरात, महाराष्ट, छत्तीसगढ़, झारखंड, तेलंगाना, आंध्र प्रदेश, केरल, कर्नाटक और तमिलनाडु के अधिकांश भागों पर गर्मी का सिलसिला शुरू हो गया है। जल्द ही कुछ राज्यों में लू और सनबर्न का अलर्ट जारी हो सकता है।

सनबर्न क्या होता है?

गर्मी का सीजन शुरू होने के संकेत मिलने लगे है। लिहाजा गर्मियों के सीजन से बचाव के लिए सनबर्न का अलर्ट जारी किया जाता है। दरअसल, एक्सपर्ट के मुताबिक, सनबर्न त्वचा के लिहाज से काफी हानिकारक माना जाता है। चिकित्सीय भाषा में इसे डर्माटाइटिस सोलारिस कहा जाता है। सनबर्न सूरज की यूवी किरणों के अधिक संपर्क में आने से होती है। इससे स्किन पर इरिटेशन होने लगती है, जिससे त्वचा में छाले, सूजन और लाल दाग पड़ने लगते हैं और दर्द महसूस होता है। यानी की अधिकांश केस में स्किन झुलस जाती है, जिससे उसका कलर डार्क प्रतीत होता है।

Pushpendra kumar
पुष्पेंद्र कुमारauthor

पुष्पेंद्र कुमार टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में चीफ कॉपी एडिटर के रूप में सिटी डेस्क पर कार्यरत हैं। जर्नलिज्म में मास्टर्स डिग्री हासिल करने के बाद से वे पिछले 7 वर्षों से सक्रिय पत्रकारिता में जुड़े हैं। इस दौरान उन्होंने 10,000 से अधिक खबरें लिखी हैं। पुष्पेंद्र हाइपर-लोकल मुद्दों, रेलवे, रोड, इंफ्रास्ट्रक्चर, डेवलपमेंट, कृषि और मौसम से जुड़ी खबरों पर गहरी पकड़ रखते हैं। शहर से लेकर गांव-देहात तक की संवेदनशीलताओं को समझते हुए वे लोकल खबरों को ऐसा रूप देते हैं जो न केवल तथ्यपूर्ण होता है, बल्कि पाठकों से भावनात्मक रूप से भी जुड़ता है।

और पढ़ें
End of Article