ग्रेटर नोएडा

Greater Noida में बारिश में नहीं होगा जलभराव, ईकोटेक 3 में लगेंगे RCC ड्रेन-पंप, जानिए क्या है प्लान

उत्तर प्रदेश के ग्रेटर नोएडा में बारिश के पानी की निकासी के लिए बड़ा प्लान तैयार किया जा रहा है। ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण ने औद्योगिक सेक्टर ईकोटेक 3 जलभराव से निपटने के लिए आरसीसी ड्रेन और नालियों का चौड़ीकरण करने की योजना बनाई गई है।

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ग्रेटर नोएडा अथॉरिटी (फाइल फोटो)

ग्रेटर नोएडा : ग्रेटर नोएडा में औद्योगिक सेक्टर ईकोटेक 3 में बारिश के मौसम में होने वाली जलभराव की समस्या को दूर करने के लिए ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण ने ठोस कदम उठाने शुरू कर दिए हैं। आरसीसी ड्रेन और नालियों का चौड़ीकरण करने की योजना बनाई गई है। इसके अलावा, वैकल्पिक व्यवस्था के रूप में तीन पंप भी लगाए जाएंगे, जिससे बारिश के दौरान जलनिकासी सुचारू रूप से हो सके।

औद्योगिक नीतियों और निवेश को बढ़ावा

इंडस्ट्रियल बिजनेस एसोसिएशन के प्रतिनिधियों के साथ मंगलवार को हुई बैठक में प्राधिकरण के अपर मुख्य कार्यपालक अधिकारी (एसीईओ) सौम्य श्रीवास्तव तथा अन्य अधिकारी मौजूद रहे। बैठक में प्रदेश सरकार की औद्योगिक नीतियों और निवेश को बढ़ावा देने के लिए किए जा रहे प्रयासों की भी जानकारी उद्यमियों को दी गई।

इंडस्ट्रियल बिजनेस एसोसिएशन के अध्यक्ष अमित उपाध्याय ने ईकोटेक 3 को एक मॉडल औद्योगिक सेक्टर के रूप में विकसित करने की मांग रखी। इस पर एसीईओ ने एक समिति गठित कर आवश्यक संसाधनों का अध्ययन कराने का आश्वासन दिया।

उद्यमियों ने औद्योगिक सेक्टर में कई अन्य समस्याओं को भी उठाया। इनमें अतिरिक्त डस्टबिन लगाने, स्पीड ब्रेकर बनाने और उनकी मार्किंग कराने, पेड़ों की छंटाई, मलबा हटाने और साफ-सफाई व्यवस्था को बेहतर बनाने की मांग शामिल थी। एसीईओ ने इन सभी मांगों पर तुरंत कार्रवाई के निर्देश दिए। उद्यमियों ने सूरजपुर-कुलेसरा रोड का निर्माण कार्य शुरू कराने के लिए ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण का आभार व्यक्त किया।

बैठक में महाप्रबंधक (वित्त) विनोद कुमार, ओएसडी नवीन कुमार सिंह, वरिष्ठ प्रबंधक राजेश गौतम, विनोद शर्मा और प्रबंधक उद्योग अरविंद मोहन सिंह तथा अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।

Pushpendra kumar
पुष्पेंद्र कुमारauthor

पुष्पेंद्र कुमार टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में चीफ कॉपी एडिटर के रूप में सिटी डेस्क पर कार्यरत हैं। जर्नलिज्म में मास्टर्स डिग्री हासिल करने के बाद से वे पिछले 7 वर्षों से सक्रिय पत्रकारिता में जुड़े हैं। इस दौरान उन्होंने 10,000 से अधिक खबरें लिखी हैं। पुष्पेंद्र हाइपर-लोकल मुद्दों, रेलवे, रोड, इंफ्रास्ट्रक्चर, डेवलपमेंट, कृषि और मौसम से जुड़ी खबरों पर गहरी पकड़ रखते हैं। शहर से लेकर गांव-देहात तक की संवेदनशीलताओं को समझते हुए वे लोकल खबरों को ऐसा रूप देते हैं जो न केवल तथ्यपूर्ण होता है, बल्कि पाठकों से भावनात्मक रूप से भी जुड़ता है।

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