Delhi Hotel Fire: दिल्ली के एक होटल (B&B) में हुए दर्दनाक अग्निकांड की जांच में एक बेहद चौंकाने वाला और बड़ा खुलासा हुआ है। हादसे के वक्त रसोई में मौजूद मुख्य शेफ (रसोइया) नेगी को पुलिस ने शनिवार को करीब छह घंटे की लंबी पूछताछ के बाद हिरासत में ले लिया है। पूछताछ के दौरान शेफ ने जो बातें बताई हैं, उसने इस पूरे हादसे की भयावहता और मौतों की वजह को साफ कर दिया है।
स्टोव में ब्लास्ट के बाद लगी आग
पुलिस (Delhi Police) सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, शेफ नेगी ने बताया कि बुधवार की सुबह जब वह रसोई में काम कर रहा था, तभी इलेक्ट्रिक स्टोव चालू करने के कुछ ही देर बाद उसमें एक जोरदार धमाका हुआ। इस विस्फोट के साथ ही किचन में भीषण आग लग गई। देखते ही देखते आग (malviya nagar fire) की लपटों ने रफ्तार पकड़ ली और वह तेजी से पूरी बहुमंजिला इमारत में फैलने लगी।
पूछताछ में शेफ का चौंकाने वाला खुलासा
जांच में जो सबसे हैरान करने वाली बात सामने आई है, वह शेफ द्वारा घबराहट में उठाया गया एक गलत कदम है। पूछताछ में सामने आया है कि जब चारों तरफ आग और धुआं फैल गया, तो नेगी बुरी तरह डर गया। अपनी जान बचाने की आपाधापी में उसने पूरे होटल की मुख्य बिजली आपूर्ति (Main Power Supply) बंद कर दी और खुद वहां से भाग निकला।
पुलिस को अंदेशा है कि शेफ द्वारा होटल की मेन पावर सप्लाई बंद करते ही इमारत का 'इलेक्ट्रॉनिक डोर लॉकिंग सिस्टम' (कमरों और रास्तों के ऑटोमैटिक दरवाजे) पूरी तरह ठप हो गया। बिजली कटने से सारे इलेक्ट्रॉनिक लॉक जाम हो गए और अंदर मौजूद मेहमान कमरों में ही कैद होकर रह गए।
जांच में जुटी पुलिस
जांच अधिकारियों का मानना है कि अगर इलेक्ट्रॉनिक लॉक सिस्टम काम कर रहा होता, तो शायद लोग समय रहते निकास द्वारों (एग्जिट गेट) से बाहर भाग सकते थे। लेकिन लाइट कटने से रास्ते बंद हो गए और दम घुटने तथा झुलसने की वजह से कई मासूम लोगों की जान चली गई। फिलहाल, दिल्ली पुलिस इस बात की गहराई से जांच कर रही है कि इस पूरे हादसे में होटल प्रबंधन और स्टाफ की लापरवाही किस स्तर पर थी।
