भोपाल

MP के 3 शहरों को मेट्रो की सौगात, पटरियों पर जल्द दौड़ेगी वंदे मेट्रो; शेड्यूल का करें इंतजार

MP Vande Bharat Metro Train: मध्य प्रदेश के 3 शहरों को राजधानी भोपाल को वंदे भारत मेट्रो ट्रेन से जोड़ा जा रहा है। बेहतर कनेक्टिविटी के साथ लोगों का सफर भी आसान और सुविधाओं के भरा होगा।

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एमपी के 3 शहरों को मेट्रो की सौगात

MP Vande Bharat Metro Train: मध्य प्रदेश में वंदे भारत मेट्रो ट्रेन शुरू करने का कार्य जोरों से चल रहा है। एमपी के कुछ शहर वंदे भारत मेट्रो के शुरू होने का इंतजार बेसब्री से कर रहे हैं। जल्द ही उनका ये इंतजार खत्म होने वाला है, क्योंकि ट्रायल के लिए लिए वंदे भारत मेट्रो का पहला रैंक चेन्नई के आईसीएफ से कोटा के लिए रवाना होकर कोटा पहुंच चुका है। ट्रायल रन के सफलतापूर्वक पूरा होने के बाद इसका शेड्यूल जारी किया जाएगा और यात्री इसका लाभ उठा सकेंगे। आइए आपको बताएं कब शुरू होगा वंदे भारत ट्रेन का ट्रायल, किन शहरों को मिलेगा लाभ-

इन शहरों को मिलेगा वंदे भारत मेट्रो का लाभ

वंदे भारत मेट्रो के ट्रायल रन के बाद फाइनल शेड्यूल जारी किया जाएगा। लेकिन इस बीच आपको बता दें कि मध्य प्रदेश के सागर, शाजापुर और बैतूल को राजधानी भोपाल के साथ जोड़ा जाएगा। वंदे भारत मेट्रो भोपाल के सीहोर से होते हुए शाजापुर, भोपाल के बीना से होते हुए सागर और भोपाल के होशंगाबाद से होते हुए बैतूल की ओर जाएगी। बता दें कि 200 किमी की दूरी पर स्थित शहरों को वंदे भारत मेट्रो के माध्यम से राजधानी के साथ जोड़ा गया है। रेलवे ने मेट्रो संचालन का फाइनल शेड्यूल अभी तक जारी नहीं किया है। फाइनल शेड्यूल तैयार करने के दौरान रूट में कुछ बदलाव होने की संभावना है।

कब शुरू होगा एमपी वंदे भारत मेट्रो

वंदे भारत मेट्रो रेल के ट्रायल रन के सफलतापूर्वक पूरा होने के बाद रेल मंत्रालय द्वारा जून महीने के अंत तक में फाइनल शेड्यूल जारी किया जाएगा। उसके बाद जुलाई महीने में वंदे भारत मेट्रो का संचालन शुरू हो सकता है। रेल के संचालन से इन तीन शहरों से राजधानी का सफर लोगों के लिए आसान और सुविधाओं से भरपूर होगा। वह बिना किसी परेशानी के यात्रा कर सकेंगे।

वंदे भारत मेट्रो की खासियत

मिली जानकारी के अनुसार, चेन्नई ने वंदे भारत मेट्रो ट्रेन रवाना होकर कोटा पहुंच गई है। कोटा में ट्रेन की स्पीड, लोड टेस्टिंग और कंपन यानी ऑक्सीलेशन टेस्ट (Oscillation Test) की तैयारी की जा रही है। आईसीएफ, चेन्नई में बनी ये वंदे भारत मेट्रो 12 कोच की है। ये ट्रेन स्वदेशी तकनीकों से बनी है। पूरी तरह से एयर कंडीशन है। ट्रेन में ऑटोमेटिक खुलने और बंद होने वाले गेट लगे हुए हैं। इतना ही नहीं इस वंदे भारत मेट्रो में मॉर्डन टॉयलेट भी बनाए गए हैं। जानकारी के अनुसार, मेट्रो ट्रेन के एक कोच में 100 यात्री बैठकर और 200 यात्री खड़े होकर यात्रा कर सकते हैं। ट्रेन की स्पीड की बात करें तो मेट्रो 160 किमी प्रति घंटा की रफ्तार से पटरियों पर दौड़ेगी। ट्रेन के किराया अभी तक जारी नहीं किया गया है। लेकिन संभावित तौर पर इसका किराया स्लीपर क्लास के बराबर या उससे 15 प्रतिशत अधिक हो सकता है। सागर, बैतूल और शाजापुर से भोपाल और भोपाल से इन शहरों में यात्रा करने वाले लोग फाइनल शेड्यूल और किराया जारी होने का इंतजार कर रहे हैं।

Varsha Kushwaha
वर्षा कुशवाहाauthor

वर्षा कुशवाहा टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल की एजुकेशन डेस्क पर बतौर कॉपी एडिटर कार्यरत हैं और पिछले 5 वर्षों से मीडिया में सक्रिय हैं। जर्नलिज़्म में पोस्ट ग्रेजुएशन डिप्लोमा पूरा करने के बाद उन्होंने न्यूज रूम में तेजी, सटीकता और गहराई के साथ काम करते हुए अपनी मजबूत संपादकीय पहचान बनाई है। वर्षा की विशेषज्ञता हाइपर-लोकल खबरों, इवेंट कवरेज और स्टेट पॉलिटिक्स से जुड़ी रिपोर्टिंग में भी है। अब तक वर्षा कुशवाहा 8,000 से अधिक खबरें लिख चुकी हैं, जिनमें कई अहम लोकल रिपोर्ट्स, एजुकेशन और करियर की खबरें तथा फीचर-आधारित स्टोरीज शामिल हैं।

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