केंद्रीय श्रम मंत्रालय का कर्मचारी भविष्य निधि संगठन यानी EPFO अब करोड़ों कर्मचारियों के लिए अपनी कई सेवाएं WhatsApp के जरिये पेश करने की तैयारी कर रहा है। फिलहाल, EPFO से जुड़ी ज्यादातर सेवाएं इसके पोर्टल या उमंग एप के जरिये उपलब्ध होती हैं। देश में करीब 8 करोड़ एक्टिव EPFO सब्सक्राइबर हैं। इतनी बड़ी संख्या के चलते अक्सर EPFO का आधिकारिक पोर्टल धीमा पड़ जाता है। यही, दिक्कत कई बार Umang App के जरिये PF से जुड़ी सेवाओं को एक्सेस करने में होती है।
इसी वजह से EPFO अपने सब्सक्राइर्स के लिए PF सेवाओं को वैकल्पिक रास्तों से पहुंचाने का प्रयास कर रहा है। इस संबंध में संगठन अब मैसेजिंग एप whatsapp के जरिये PF से जुड़ी तमाम सेवाएं पेश करने की तैयारी कर रहा है। EPFO की इस नई पहल से करोड़ों लोगों के लिए पीएफ सेवाओं तक पहुंच आसान हो जाएगी।
कैसे काम करेगी EPFO की WhatsApp Service?
केंद्रीय श्रम मंत्री Mansukh Mandaviya के मुताबिक EPFO का एक वेरिफाइड WhatsApp नंबर जारी किया जाएगा, जिस पर ग्रीन टिक दिखाई देगा। सदस्य इस नंबर पर ‘Hello’ भेजकर बातचीत शुरू कर सकेंगे। एक न्यूज चैनल पर बातचीत के दौरान उन्होंने बताया कि इस प्लेटफॉर्म पर यूजर्स को PF से जुड़े अपडेट, शिकायत समाधान और जरूरी जानकारी सीधे मोबाइल पर मिलेगी। यह सेवा क्षेत्रीय और स्थानीय भाषाओं में भी उपलब्ध होगी, ताकि लोग अपनी पसंदीदा भाषा में आसानी से संवाद कर सकें।
सबसे पहले किन लोगों को मिलेगा फायदा?
शुरुआती चरण में सरकार PMVBRY यानी प्रधानमंत्री विकसित भारत रोजगार योजना से जुड़े उन सदस्यों की मदद पर फोकस करेगी, जिन्हें Aadhaar Authentication या DBT Activation में दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। इसके साथ ही कई मामलों में UIDAI फेस ऑथेंटिकेशन टेक्नेालॉजी के जरिये आधार सत्यापन पूरा नहीं हो पा रहा है या आधार से जुड़े बैंक खाते में DBT सक्रिय नहीं है, तो भी इससे मदद मिल पाएगी।
लंबित कानूनी विवादों पर भी मिशन मोड में काम
इसके साथ ही EPFO कानूनी विवादों का मिशन मोड में निपटारा कर रहा है। इसके लिए ‘निधि आपके निकट’ कार्यक्रम चलाया जा रहा है। इसमें संगठन के आधिकारी खुद अपने सब्सक्राइबर्स के पास पहुंचकर अदालतों में लंबित मामलों की पहचान कर उन्हें तेजी से निपटाने के प्रयास कर रहे हैं। इन मामलों में ज्यादातर विवाद असल में एम्पलोयर की तरफ से PF जमा करने में देरी और उस पर लगने वाले ब्याज से जुड़े हैं। EPFO ने इसके लिए जोन स्तर पर नोडल अधिकारी नियुक्त किए हैं, जो ट्रिब्यूनल और संबंधित पक्षों के साथ समन्वय कर रहे हैं।
WhatsApp Banking की तरह मिलेगा अनुभव
EPFO की बैंकिंग सेवाओं को लेकर अधिकारियों का कहना है कि भारत में कई बैंक पहले से WhatsApp Banking सेवा दे रहे हैं, जहां ग्राहक ‘Hi’ मैसेज भेजकर बैलेंस चेक, स्टेटमेंट डाउनलोड और कार्ड मैनेजमेंट जैसी सुविधाएं आसानी से इस्तेमाल कर पाते हैं। इसी तर्ज पर EPFO अपनी डिजिटल पहुंच मजबूत करने की तैयारी कर रहा है। इससे पोर्टल पर दबाव घटेगा और सब्सक्राइबर्स को आसानी से सेवाएं मिलेंगी।
