अगर आप भी शेयर बाजार से खूब पैसा कमाने का सपना देख रहे हैं, तो दुनिया के सबसे सफल निवेशक वॉरेन बफे (Warren Buffett) के निवेश मंत्र जरूर जान लीजिए। बफे ने अपनी समझ, धैर्य और सही रणनीति के दम पर अरबों डॉलर की संपत्ति बनाई है। उनके निवेश के ये 5 मंत्र शेयर बाजार में सफलता की असली चाबी माने जाते हैं। अगर आप इन्हें ध्यान में रखकर निवेश करें, तो मार्केट के उतार-चढ़ाव के बावजूद अच्छा मुनाफा कमा सकते हैं।
समझदार निवेश करें
वॉरेन बफे का पहला मंत्र है “उसी कंपनी में निवेश करें, जिसका बिजनेस आप समझते हैं।” बहुत से लोग दूसरों की सलाह या अफवाहों पर भरोसा करके किसी अंजान कंपनी में पैसा लगा देते हैं और नुकसान झेलते हैं। बफे का कहना है कि निवेश हमेशा उसी कंपनी में करें, जिसके प्रोडक्ट, बिजनेस मॉडल और मार्केट पोजिशन की आपको जानकारी हो। साथ ही, ऐसी कंपनियों को चुनें जिनकी वित्तीय स्थिति मजबूत हो और जिनके शेयर उचित दाम पर मिल रहे हों।
धैर्य रखें, जल्दबाजी न करें
शेयर बाजार में मुनाफा रातोंरात नहीं मिलता। बफे कहते हैं कि “धैर्य ही सफलता की कुंजी है।” कई बार लोग थोड़ी गिरावट देखकर घबरा जाते हैं और शेयर बेच देते हैं। लेकिन अच्छी कंपनियों के शेयर लंबे समय में हमेशा बेहतर रिटर्न देते हैं। इसलिए मार्केट के हर उतार-चढ़ाव में शांत रहें और लंबी अवधि के निवेश पर भरोसा रखें।
डर और लालच का सही इस्तेमाल
बफे का सबसे मशहूर मंत्र है “जब दूसरे डर रहे हों, तब आप लालची बनिए और जब सब लालची बनें, तब आप डरिए।” यानी जब मार्केट गिरावट में हो और लोग शेयर बेच रहे हों, तब वो समय होता है अच्छे शेयर सस्ते में खरीदने का। जैसे 2008 की मंदी में जब वॉल स्ट्रीट धराशायी हो रहा था, तब वॉरेन बफे निवेश कर रहे थे और वही निवेश आगे चलकर उन्हें करोड़ों डॉलर का फायदा दे गया।
डाइवर्सिफिकेशन जरुरी
वॉरेन बफे का चौथा मंत्र है डायवर्सिफिकेशन (Diversification)। यानी अपने सारे पैसे एक ही जगह न लगाएं। निवेश को अलग-अलग सेक्टर या एसेट क्लास में बांटें, जैसे कुछ हिस्सा शेयर में, कुछ गोल्ड या रियल एस्टेट में रखें। इससे अगर किसी एक निवेश में नुकसान हो भी जाए, तो बाकी निवेश आपके पोर्टफोलियो को संभाले रखेंगे और जोखिम कम होगा।
रिस्क को समझकर कदम बढ़ाएं
बफे का मानना है कि जोखिम लेना जरूरी है, लेकिन उतना ही जितना आप संभाल सकते हैं। उन्होंने इसका उदाहरण देते हुए कहा “अगर आप नदी की गहराई दोनों पैरों से एक साथ नापेंगे, तो डूब सकते हैं।” मतलब ये कि मार्केट में बिना सोचे-समझे पूरा पैसा एक जगह न लगाएं। पहले धीरे-धीरे मार्केट को समझें, बैलेंस बनाएं, फिर निवेश बढ़ाएं।