बिजनेस

Sad Leave: इस ऑफिस में मिलती है मूड खराब होने पर 10 दिन की छुट्टी, ‘Sad Leave’ पॉलिसी लाई कंपनी

  • Authored by: आशीष कुशवाहा
  • Updated Apr 16, 2024, 12:27 PM IST

Sad Leave: यदि आपको ऐसा ऑफिस मिले जहां आप अपने हिस्से की 10 'उदास' छुट्टियां ले सकते हैं तो कैसा रहेगा? अक्सर देखा गया है कि मन उदास या दुखी होने पर लोगों को ऑफिस जाने का मन नहीं करता है। अब ऐसे लोगों के लिए चीन की एक कंपनी "सैड लीव" दे रही है।

Image

सैड लीव

Photo : iStock

Sad Leave: कभी-कभी सुबह उठने के बाद किसी कारणवश मन उदास रहता है। ऑफिस जाने का मन नहीं करता है। फिर भी आपको ऑफिस जाना पड़ता है। ऐसे में यदि आपको ऐसा ऑफिस मिले जहां आप अपने हिस्से की 10 'उदास' छुट्टियां ले सकते हैं तो कैसा रहेगा? अक्सर देखा गया है कि मन उदास या दुखी होने पर लोगों को ऑफिस जाने का मन नहीं करता है। अब ऐसे लोगों के लिए चीन की एक कंपनी "सैड लीव" दे रही है। चीन के सुपरमार्केट चेन फैट डोंग लाई के कर्मचारी सालाना 10 दिनों तक "सैड लीव" ले सकते हैं। इस लीव के लिए प्रबंधक की मंजूरी की जरूरत भी नहीं होगी।

कंपनी के चेयरमैन ने दी खुली छूट

फैट डोंग लाई के चेयरमैन यू डोंग ने बताया- हर किसी की लाइफ में कुछ ऐसे दिन होते हैं जब वे दुखी होते हैं, यह मानव स्वभाव है। हमारी कंपनी के कर्मचारी मूड ठीक नहीं रहने की स्थिति में 10 दिन की छुट्टी ले सकते हैं। यू डोंग ने कहा कि कर्मचारियों को जब छुट्टी लेनी हो, वो ले सकेंगे। इसकी उन्हें आजादी होगी।

सप्ताह के 5 दिन काम

बता दें कि फैट डोंग लाई के कर्मचारी साल में 40 दिनों तक की छुट्टी ले सकते हैं। वहीं, कंपनी अपने कर्मचारियों को कुछ खास परिस्थितियों में 5,000 युआन (S$950) तक का मुआवजा भी देती है। फैट डोंग लाई का वर्क कल्चर चीन की उन कंपनियों से बिल्कुल अलग है जो "996" पैटर्न को फॉलो करती हैं। इसके तहत कर्मचारी सप्ताह में 6 दिन सुबह 9 बजे से रात 9 बजे तक काम करते हैं। इस कंपनी में कर्मचारी सप्ताह के 5 दिन काम करते हैं। इस 5 दिन में शिफ्ट 7 घंटे की होती है।

आशीष कुशवाहा
आशीष कुशवाहाauthor

<p>आशीष कुमार कुशवाहा Timesnowhindi.com में बतौर सीनियर कॉपी एडिटर काम कर रहे हैं। वह 2023 से Timesnowhindi.com के साथ जुड़े हैं। वह यहां शेयर बाजार, स्टॉक्स, IPO, पर्सनल फाइनेंस, बिजनेस न्यूज, कंपनी डेवलपमेंट, सक्सेस स्टोरी, यूटिलिटी, ऑटोमोबाइल, टेक्नोलॉजी और गैजेट से जुड़ी स्टोरी पर काम करते हैं। उनके पास पिछले 3 साल के भारतीय बजट को भी कवर करने का एक्सपीरियंस है। उनके पास ऑटो एक्सपो 2023 को कवर करने का अनुभव है। इसके अलावा ग्राउंड की स्टोरी और रिसर्च बेस्ड स्टोरी करने में विशेष रुचि रखते हैं। उनके पास डिजिटल मीडिया में कुल 3 साल से ज्यादा का एक्सपीरियंस है। इससे पहले इन्होंने वन इंडिया, दैनिक भास्कर डिजिटल में काम किया है। इन्होंने माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय, भोपाल से मीडिया में पोस्ट ग्रेजुएशन की पढ़ाई की है। वहीं ग्रेजुएशन की पढ़ाई रानी दुर्गावती विश्वविद्यालय जबलपुर से मास कम्यूनिकेशन में की है। उन्हें शुरू से ही डिबेट करने, सामाजिक मुद्दों पर बात करने और शेयर बाजार में रुचि थी। उन्हें बचपन से ही अखबार के संपादकीय पेज और न्यूज पढ़ने का सौख था। स्कूल के समय उन्होंने कई क्विज कंपटीशन में भी हिस्सा लिया और प्राइज जीते हैं।</p>

और पढ़ें
End of Article