रिलायंस पावर के शेयर की कीमत में आज 2.37% की भारी गिरावट देखने को मिली, जिसके बाद इसका शेयर 39.57 पर ट्रेड कर रहा है। इस गिरावट की वजह से BSE पावर इंडेक्स पर भी असर पड़ा है, जो 1% टूटकर 6,854.3 पर आ गया। इससे पहले बीते कारोबारी दिन रिलायंस पावर के शेयर की कीमत में 6% की भारी गिरावट देखने को मिली, जिसके बाद इसका शेयर 41 पर पहुंच गया था और आज बाजार खुलने के बाद गिरावट फिर बढ़ गई।
बाजार का हाल
कुल मिलाकर बाजार भी दबाव में दिखा। सेंसेक्स 0.5% गिरकर 83,541 पर पहुंच गया। BSE पावर इंडेक्स के अन्य शेयरों में पावर ग्रिड कॉर्पोरेशन 3.3% और टॉरेंट पावर 2.9% नीचे गए। हालांकि, अदानी पावर और थर्मैक्स जैसे शेयरों में हल्की बढ़त देखने को मिली, जो 1.8% और 1.7% ऊपर रहे।
एक साल का प्रदर्शन
पिछले एक साल में रिलायंस पावर का शेयर ₹42.6 से गिरकर ₹39 पर आ गया है, यानी करीब 3.3% की गिरावट। वहीं, इसी अवधि में BSE पावर इंडेक्स में करीब 12.5% की गिरावट दर्ज की गई है। इस दौरान सिमेन्स, थर्मैक्स और अदानी ग्रीन एनर्जी जैसे शेयरों में भी 30–55% तक की गिरावट आई है।
कंपनी का हाल
शेयर प्राइस गिरने के बावजूद, रिलायंस पावर ने जून 2025 में खत्म तिमाही में बेहतर नतीजे दिए हैं। कंपनी ने ₹447 करोड़ का शुद्ध लाभ कमाया, जबकि पिछले साल इसी तिमाही में ₹983 करोड़ का घाटा था। हालांकि, कंपनी की बिक्री 5.4% घटकर ₹18,856 करोड़ रह गई।
पूरे वित्त वर्ष 2025 में कंपनी का मुनाफा ₹29,474 करोड़ रहा, जो पिछले साल के मुकाबले 231% की बड़ी बढ़त है। हालांकि, राजस्व 3.9% घटकर ₹75,829 करोड़ रह गया।
क्या आगे जारी रहेगी गिरावट
रिलायंस पावर के शेयर में यह गिरावट निवेशकों के बीच चिंता बढ़ा रही है। एक्सपर्ट्स का कहना है कि कंपनी पर यह दबाव व्यापक बाजार की कमजोरी और पावर सेक्टर की चुनौतियों की वजह से आया है। हालांकि, कंपनी का वित्तीय प्रदर्शन मजबूत रहा है, जिससे उम्मीद है कि आने वाले समय में शेयर फिर से संभल सकता है।
कुल मिलाकर, रिलायंस पावर के शेयर में गिरावट के बावजूद इसके फाइनेंशियल रिजल्ट्स उम्मीद जगाते हैं। अब निवेशक की नजर आगे आने वाले ट्रेडिंग सत्रों पर है, जो शेयर की दिशा तय कर सकते हैं।
(Disclaimer: यह लेख केवल सूचना देने के उद्देश्य से प्रस्तुत किया गया है और इसे किसी प्रकार की निवेश सलाह के रूप में नहीं देखा जाना चाहिए। टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल अपने पाठकों/दर्शकों को सलाह देता है कि किसी भी वित्तीय निर्णय से पहले अपने वित्तीय सलाहकार से परामर्श जरूर करें।)
