OYO IPO: ट्रेवल-टेक प्लेटफॉर्म ओयो (OYO) आईपीओ के लिए दोबारा आवेदन कर सकती है। इसकी पैरेंट कंपनी ओरावेल स्टेज (Oravel Stays) है। गौरतलब है कि ओयो ने आईपीओ के लिए मार्केट रेगुलेटर सेबी (SEBI) पास डॉक्यूमेंट्स जमा कर दिए थे, जिन्हें कंपनी ने वापस ले लिया है। अब ये दोबारा रिफाइनेंसिंग के बाद ही आईपीओ के लिए आवेदन करेगी। कंपनी की रिफाइनेंसिंग के जरिए 45 करोड़ डॉलर (करीब 3750 करोड़ रु) जुटाने की योजना है। इस फंडिंग के लिए ओयो डॉलर बॉन्ड की बिक्री करेगी।
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जेपी मॉर्गन के जरिए बेचेगी बॉन्ड
ईटी की रिपोर्ट के अनुसार ओयो डॉलर बॉन्ड की जेपी मॉर्गन के जरिए करेगी। इन पर 9 से 10 प्रतिशत प्रति वर्ष की अनुमानित ब्याज दर होगी। यानी डॉलर बॉन्ड इश्यू के लिए जेपी मॉर्गन प्रमुख बैंकर होगा।
सेबी के पास कर दिया आवेदन
रिफाइनेंसिंग की तैयारी में, OYO ने अपने मौजूदा ड्राफ्ट रेड हेरिंग प्रॉस्पेक्टस (DRHP) को वापस लेने के लिए बाजार नियामक SEBI के पास अपना आवेदन पहले ही भेज दिया है। कंपनी का इरादा बॉन्ड जारी होने के बाद DRHP का अपडेटेड वर्जन फिर से दाखिल करने का है।
चुका दिया 1620 करोड़ रु का कर्ज
ओयो की पैरेंट कंपनी ओरावेल स्टेज लिमिटेड ने नवंबर में बायबैक प्रोसेस (अपने शेयर वापस खरीदना) के जरिए 1,620 करोड़ रुपये के अपने कर्ज का एक बड़ा हिस्सा चुकाया था। बायबैक में 660 मिलियन डॉलर के बकाया टर्म लोन बी का 30 प्रतिशत फिर से खरीदना शामिल था। इस कदम से इसकी बकाया लोन घटकर लगभग 450 मिलियन डॉलर रह गया।
डिस्क्लेमर : यहां मुख्य तौर पर एक संभावित आगामी आईपीओ की जानकारी दी गयी है, निवेश की सलाह नहीं। इक्विटी मार्केट में जोखिम होता है, इसलिए निवेश अपने जोखिम पर करें। निवेश करने से पहले एक्सपर्ट की राय जरूर लें।
