Adani Green Energy Gallery: लंदन के साइंस म्यूजियम में मंगलवार (26 मार्च 2024) को अडानी ग्रीन एनर्जी गैलरी का शुभारंभ हुआ। गैलरी का मकसद उन विकल्पों का पता लगाना है जो टिकाऊ ऊर्जा पैदा करने, डीकार्बोनाइज करने और जलवायु परिवर्तन से लड़ने में मदद करेंगे। कंपनी ने एक बयान में कहा कि 'एनर्जी क्रांति : अडानी ग्रीन एनर्जी गैलरी', एक फ्री गैलरी है। यह गैलरी दिखाती है कि किस तरह इनोवेशन के जरिये अतीत, वर्तमान और भविष्य को आकार दिया जा सकता है। यह भी पता लगाती है कि भविष्य में हमारी ऊर्जा (एनर्जी फ्यूचर) को तय करने में हम सभी की भूमिका क्या रहेगी। इस मौके पर अडानी ग्रुप के चेयरमैन गौतम अडानी ने कहा कि आज का दिन महत्वपूर्ण है। आज का दिन लंदन के साइंस म्यूजियम में अडानी ग्रीन एनर्जी गैलरी के उद्घाटन का दिन है। हमें सर टिमोथी लारेंस और सर इयान ब्लैचफोर्ड के नेतृत्व में साइंस म्यूजियम के साथ साझेदारी पर गर्व है, जिसने इस अमेजिंग गैलरी को सच बना दिया। यह गैलरी टिकाऊपन, परिवर्तनकारी टैक्नोलॉजी और जलवायु विज्ञान (क्लाइमेट साइंस) की समझ में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।

लंदन के साइंस म्यूजियम में अडानी ग्रीन एनर्जी गैलरी की शुरुआत
हमारा जीवन एक बड़ी कहानी का हिस्सा है
लंदन में साइंस म्यूजियम में 'एनर्जी क्रांति : अडानी ग्रीन एनर्जी गैलरी' के उद्घाटन पर गौतम अडानी ने कहा कि उनका हमेशा मानना था कि हमारा जीवन एक बड़ी कहानी का हिस्सा है। उन्होंने कहा कि हमारा कर्तव्य है कि हम केवल इस पीढ़ी और अगली पीढ़ी के लिए नहीं, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के लिए भी अपने ग्रह की देखभाल करें। अदाणी ग्रीन एनर्जी ऊर्जा परिवर्तन का नेतृत्व कर रही है जो इस प्रतिबद्धता का सम्मान करती है। गौतम अडानी ने कहा कि यह एक ऐसी कहानी है जो हमारे पूर्वजों को जो कुछ भी पता था उसे उस भविष्य से जोड़ती है जिसे हम बनाना चाहते हैं। हमें अपने सभी कार्यों में आने वाली पीढ़ी के लिए सपने गढ़ते समय अपने पूर्वजों की समझ का सम्मान करना चाहिए।
इंग्लैंड में हर घर तक पहुंचेगी स्वच्छ एनर्जी
गौतम अडानी ने सभा को बताया कि गुजरात के खावड़ा में हम दुनिया का सबसे बड़ा नवीकरणीय ऊर्जा पार्क बना रहे हैं। इसकी उत्पादन क्षमता 30 गीगावॉट होगी। इसका 538 वर्ग किलोमीटर क्षेत्रफल पेरिस से पांच गुना से भी अधिक बड़ा है। उन्होंने आगे कहा कि हम 2030 तक 45 गीगावॉट नवीकरणीय ऊर्जा तक पहुंचने का भी लक्ष्य बना रहे हैं। यह इंग्लैंड के करीब हर घर को स्वच्छ ऊर्जा प्रदान करने जैसा होगा।
भविष्य में टिकाऊ दुनिया बनाने में मदद करेगी यह गैलरी
गौतम अडानी ने कहा कि यह नई गैलरी सिर्फ स्वच्छ हवा या तेल और गैस से दूर जाने के बारे में नहीं है। यह उस ऊर्जा परिवर्तन के बारे में है जिसकी हमें इस दुनिया को जरुरत है और यह उस क्रांति के बारे में है जो ऊर्जा की दुनिया में हो रही है। यह गैलरी स्पेशल है क्योंकि यह हमें सोचने, सपने देखने और बदलाव की कामना करने पर मजबूर करती है। यह हमें दिखाता है कि कैसे हमारी दुनिया, हमारी अर्थव्यवस्था और हमारा अपना जीवन बेहतरी के लिए बदल सकता है। उन्होंने कहा कि साइंस म्यूजियम समूह के डायरेक्टर सर इयान क्रेग ब्लैचफोर्ड ने इसे खूबसूरती से रेखांकित किया है। हमें उम्मीद है कि यह गैलरी लोगों को अभी और भविष्य में एक टिकाऊ दुनिया बनाने में मदद करेगी और प्रेरणा देगी।
'फ्यूचर प्लैनेट' में विजिटर्स यह देख सकते हैं कि पृथ्वी ग्रह को समझने के लिए वैज्ञानिकों ने जटिल कंप्यूटर-आधारित मॉडल का उपयोग कैसे किया है और जलवायु के भविष्य को कैसे समझा है। गैलरी के केंद्र में 'ओनली ब्रीद' नामक एक चलती-फिरती मूर्ति खड़ी है। यह टैक्नोलॉजी परिवर्तन को प्रेरित करने की प्रकृति की शक्ति का प्रतीक है।
कार्बन मुक्त बनेगी दुनिया
अडानी ग्रीन एनर्जी लिमिटेड (एजीईएल) के कार्यकारी निदेशक सागर अडानी ने कहा कि गैलरी के स्पॉन्सरशिप के जरिये हमारा लक्ष्य युवा माइंड्स, वैज्ञानिकों और इनोवेटर्स को स्वच्छ ऊर्जा द्वारा संचालित भविष्य की कल्पना करने और कार्बन मुक्त दुनिया बनाने के लिए प्रेरित करना है। यह उनकी दिलचस्पी, जिज्ञासा और जागरूकता को प्रोत्साहित करने और स्वच्छ टैक्नोलॉजी के निर्माण में उनकी सक्रिय भागीदारी को प्रोत्साहित करने की एक पहल है। गैलरी ऊर्जा दक्षता, स्वच्छ ऊर्जा अपनाने और कार्बन उत्सर्जन में कमी की दिशा में बदलाव को सक्षम करने के लिए विश्व समुदाय को एक साथ लाती है।
