बिजनेस

IndiGo ने लंबी दूरी के उड़ानों में किया बदलाव, क्यों उठाया यह कदम, किन फ्लाइट्स पर पड़ा असर

IndiGo International Flights: इंडिगो ने बुधवार को कहा कि विदेशी परिचालन से जुड़ी चुनौतियों के कारण वह अपनी लंबी दूरी की उड़ानों में बदलाव कर रही है। इसके तहत 17 फरवरी से कोपनहेगन (डेनमार्क) के लिए उड़ानें स्थगित कर दी जाएंगी। कई उड़ानों में कटौती की गईं। कंपनी ने बताया कि ऐसा कदम क्यों उठाया।

Image

इंडिगो ने लंबी दूरी के उड़ान कार्यक्रम में किया बदलाव (तस्वीर-istock)

Photo : iStock

IndiGo International Flights: भारतीय एयरलाइन इंडिगो ने बुधवार को अपने अंतरराष्ट्रीय लंबी दूरी के उड़ान कार्यक्रम में बदलाव करने की घोषणा की। कंपनी ने कहा कि विदेशी परिचालन से जुड़ी कुछ चुनौतियों के कारण उसे यह कदम उठाना पड़ रहा है। इन चुनौतियों में भू-राजनीतिक परिस्थितियों की वजह से हवाई क्षेत्र में लगातार बदलाव और भारत व विदेशों में हवाई अड्डों पर भीड़ शामिल है।

कोपनहेगन की उड़ानें होंगी निलंबित

न्यूज एजेंसी पीटीआई-भाषा के मुताबिक इंडिगो ने बताया कि 17 फरवरी से कोपनहेगन (डेनमार्क) के लिए उड़ानों का संचालन रोक दिया जाएगा। एयरलाइन ने कहा कि यह रोक अगले आदेश तक लागू रहेगी। कंपनी के बड़े विमानों को परिचालन संबंधी बाहरी चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है, जिससे लंबी दूरी की उड़ानों का समय बढ़ गया है और 787-9 विमानों के संचालन कार्यक्रम पर असर पड़ा है।

दिल्ली-मैनचेस्टर और दिल्ली-लंदन की उड़ानों में कटौती

इसके अलावा, इंडिगो दिल्ली-मैनचेस्टर मार्ग पर भी उड़ानों की संख्या कम करेगी। सात फरवरी से इस मार्ग पर साप्ताहिक उड़ानों की संख्या पांच से घटाकर चार कर दी जाएगी। फिर 19 फरवरी से इसे और कम कर साप्ताहिक तीन कर दिया जाएगा। दिल्ली-लंदन हीथ्रो मार्ग पर भी उड़ानों की संख्या घटाई जाएगी। वर्तमान शीतकालीन समय-सारणी के तहत नौ फरवरी से इस मार्ग पर साप्ताहिक उड़ानों की संख्या पांच से चार कर दी जाएगी।

देरी और कनेक्टिंग फ्लाइट की परेशानी से बचाव

एयरलाइन ने कहा कि यह कदम यात्रियों की सुविधा के लिए उठाया गया है। इंडिगो ने बताया कि लंबी दूरी की उड़ानों में देरी और कनेक्टिंग फ्लाइट छूटने की समस्या को देखते हुए इस तरह का नेटवर्क समायोजन किया जा रहा है। इससे यह सुनिश्चित होगा कि यात्रियों को यात्रा के दौरान किसी भी तरह की असुविधा का सामना न करना पड़े।

क्यों हो रहा यह बदलाव

कंपनी के बयान में कहा गया है कि उनके बड़े विमान संचालन में विभिन्न बाहरी कारकों की वजह से देरी हो रही है। इसमें हवाई क्षेत्र की बदलती परिस्थितियां और हवाई अड्डों पर भीड़ सबसे बड़ा कारण हैं। इससे विमानों के समय-सारणी में बदलाव करना जरूरी हो गया। इंडिगो ने यह भी स्पष्ट किया कि यह निर्णय यात्रियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए लिया गया है। कंपनी का कहना है कि लंबी दूरी के मार्गों पर छह 787-9 विमानों के संचालन कार्यक्रम में ये बदलाव लागू होंगे।

कंपनी का बयान

एयरलाइन ने कहा कि वह लगातार अपने संचालन का आकलन कर रही है और जरूरत पड़ने पर और समायोजन कर सकती है। कंपनी का उद्देश्य है कि यात्रियों को उड़ान में देरी या कनेक्टिंग फ्लाइट की वजह से परेशानी का सामना न करना पड़े। इंडिगो के इस निर्णय से अंतरराष्ट्रीय यात्रियों को थोड़ी असुविधा हो सकती है, लेकिन कंपनी ने इसे आवश्यक कदम बताया है। कंपनी यह भी सुनिश्चित कर रही है कि नई योजना के तहत उड़ानों का संचालन व्यवस्थित और समय पर हो।

Ramanuj Singh
रामानुज सिंहauthor

रामानुज सिंह पत्रकारिता में दो दशकों का व्यापक और समृद्ध अनुभव रखते हैं। उन्होंने टीवी और डिजिटल—दोनों ही प्लेटफॉर्म्स पर काम करते हुए बिजनेस, पर्सनल फाइनेंस, शेयर बाजार, इनकम टैक्स, बैंकिंग, बुलियन और कमोडिटी मार्केट जैसे विषयों पर गहरी विशेषज्ञता विकसित की है। जर्नलिज्म में एमए की डिग्री और वर्षों के अनुभव से विकसित विश्लेषणात्मक दृष्टिकोण के साथ, रामानुज जटिल वित्तीय विषयों को सरल, विश्वसनीय और प्रभावी तरीके से पाठकों तक पहुंचाने के लिए जाने जाते हैं। अब तक वे 22,000 से अधिक स्टोरीज लिख चुके हैं।

और पढ़ें
End of Article