नाराज निवेशकों से बातचीत जारी
इस तरह की भी खबरें है कि Byju's राइट्स इश्यू में भागीदारी के लिए नाराज निवेशकों से भी बातचीत कर रही है। सूत्रों का कहना है कि कंपनी को उम्मीद है कि वे भी निवेश करेंगे नहीं तो उनकी हिस्सेदारी करीब 50 प्रतिशत कम हो जाएगी। कंपनी को उम्मीद है कि इस तिमाही में वित्त वर्ष 2023 का वित्तीय परिणाम आ जाएगा, जिससे स्टार्टअप पूरी तरह से नियमों के अनुरूप हो जाएगा। इसके बाद Byju's अपने बोर्ड में दो स्वतंत्र निदेशकों की नियुक्ति पर विचार करेगा। कंपनी का यह कदमनाराज निवेशकों के साथ चल रही चर्चा का हिस्सा है। इन निवेशकों ने 23 फरवरी को EGM (असाधारण आम बैठक) बुलाई है। कहा जा रहा है कि ईजीएम नोटिस को जनरल अटलांटिक, पीक एक्सवी, सोफिना, चैन जुकरबर्ग, आउल और सैंड्स का सपोर्ट प्राप्त है। इनकी बायजू में संयुक्त रूप से लगभग 30 प्रतिशत हिस्सेदारी है।
रोनी स्क्रूवाला ने बताया सड़ा हुआ सेब
इस बीच रोनी स्क्रूवला ने Byju's के फाउंडर और सीईओ रवींद्रन और लगभग 51 निवेशक पर सवाल उठाए हैं। गुरुग्राम में एक समिट में स्क्रूवाला ने कहा कि निवेशकों को बोर्ड मीटिंग्स में यह पूछना अधिक महत्वपूर्ण लगा कि आपका अगला सेकंडरी कब है, न कि यह कि मुझे कोई सीएफओ नहीं दिख रहा है। उन्होंने कहा कि एक सड़ा हुआ सेब पूरे सेक्टर पर असर नहीं डाल सकता है।
