Budget 2024: मोदी सरकार के तीसरे कार्यकाल के पहले बजट में युवाओं का खास ध्यान रखा गया है। युवाओं को रोजगार के अवसर देने के लिए वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण ने बजट में कई प्रावधान किए हैं। इनमें टॉप 500 कंपनियों में इंटर्नशिप, पहली नौकरी पर ईपीएफओ में 15000 रुपये से लेकर कई घोषणाएं शामिल हैं। हालांकि, नए रोजगार पैदा करने में प्राइवेट कंपनियों पर ज्यादा बोझ न पड़े, सरकार ने इसका भी ख्याल रखा है।
बजट में किए गए प्रावधान के मुताबिक, सरकार 1 लाख से कम सैलरी वाले अतिरिक्त कर्मचारी रखने पर कंपनियों को ईपीएफओ में 3000 रुपये का अंशदान देगी। यानी कर्मचारी के पीएफ खाते में पैसा तो जमा होगा, लेकिन कंपनियों पर अतिरिक्त बोझ भी नहीं पड़ेगा। इससे कंपनियां अतिरिक्त जॉब क्रिएट कर पाएंगी।
50 लाख अतिरिक्त रोजगार का टारगेट
बजट की घोषणा के मुताबिक, सभी क्षेत्रों में अतिरिक्त रोजगार को शामिल किया जाएगा। 1 लाख रुपये प्रतिमाह के वेतन से अंदर के सभी अतिरिक्त रोजगारों की गणना की जाएगी। सरकार, प्रत्येक अतिरिक्त कर्मचारी के संबंध में नियोक्ताओं के ईपीएफओ अंशदान के लिए उन्हें 2 वर्षों तक 3000 रुपये प्रतिमाह की प्रतिपूर्ति करेगी। इस योजना से 50 लाख व्यक्तियों को अतिरिक्त रोजगार प्रोत्साहन मिलने की संभावना है।
पहली नौकरी पर सरकार की तरफ से गिफ्ट
सरकार ने पहली बार नौकरी पाने वाले युवाओं को तोहफा देने की भी योजना बनाई है। इसके तहत संगठित क्षेत्र में पहली बार नौकरी की शुरुआत करने वालों को एक महीने का वेतन दिया जाएगा। यह वेतन तीन किस्तों में जारी होगा। इसकी अधिकतम राशि 15 हजार रुपये होगी। यानी ईपीएफओ में पहली बार पंजीकृत होने वाले युवाओं को सरकार की तरफ से तीन किश्तों में 15 हजार रुपये रिए जाएंगे। यह रुपये उन कर्मचारियों को मिलेंगे, जिनकी सैलरी 1 लाख रुपये से कम होगी। इससे 2.10 करोड़ युवाओं को फायदा होगा।
