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तीन दिन से हड़ताल पर Blinkit के डिलिवरी पार्टनर,कमाई आधी होने का डर

  • Authored by: टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल
  • Updated Apr 14, 2023, 11:43 AM IST

Blinkit delivery partner strike: कंपनी के डिलिवरी पार्टनर बनने के लिए राइडर के पास एक बाइक, स्मार्टफोन और इंटरनेट कनेक्शन होना चाहिए। डिलिवरी पार्टनर का दावा है कि सैलरी स्ट्रक्चर में बदलाव के कारण कमाई आधा हो जाएगी।

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पेमेंट स्ट्रक्चर में बदलाव का विरोध

Blinkit delivery partner strike: Zomato की मालिकाना हक वाली Blinkit के डिलिवरी पार्टनर 3 दिन से हड़ताल पर है। दिल्ली में जारी इस हड़ताल से ग्राहकों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। कंपनी के डिलिवरी पार्टनर Blinkit के सैलरी स्ट्रक्चर में बदलाव के विरोध में हड़ताल पर हैं। इसका असर यह हुआ है कि दिल्ली-एनसीआर (Delhi-NCR)के कई इलाकों में कंपनी के सेवाएं अस्थायी रुप से बंद हो गई है।

कमाई आधी होने का डर

असल में कंपनी ने जिस तरह डिलिवरी पार्टनर के सैलरी स्ट्रक्चर में बदलाव किया है, उसकी वजह से कमाई आधा होने की आशंका है। इंडियन एक्सप्रेस ने गुड़गांव के एक डिलिवरी पार्टनर आनंद कुमार से बात की है। उनका कहना है कि एक साल पहले मुझे करीब 50 ऑर्डर मिल जाते थे। जो कि अब घटकर 25 हो गए हैं। और कुछ दिन पहले यह घटकर 12-15 पर आ गया है। एक साल पहले मैं करीब 30 हजार रुपये की कमाई करता था। वह अब घटकर 15 हजार पर आ जाएगी। डिलिवरी पार्टनर को ऑर्डर के आधार पर पेमेंट होता है। जिसमें इंसेंटिव अधिक डिलिवरी पर इंसेंटिव भी शामिल होता है।

इकोनॉमिक्स टाइम्स की 13 अप्रैल 2023 की रिपोर्ट के अनुसार इस हड़ताल का Blinkit के डार्क स्टोर पर बुरा असर हुआ है। आधे से ज्यादा डार्क स्टोर बंद हो गए हैं। कंपनी के दिल्ली-एनसीआर में 200 के करीब डार्क स्टोर हैं। रिपोर्ट के अनुसार कंपनी पहले प्रति ऑर्डर पर 50 रुपये का पेमेंट करती थी। जिसे फिर 25 रुपये कर दिया गया। और अब 15 रुपये के साथ दूसरी के आधार पर फीस तय कर दी गई है।

कैसे बनते हैं डिलिवरी पार्टनर

कंपनी के डिलिवरी पार्टनर बनने के लिए राइडर के पास एक बाइक, स्मार्टफोन और इंटरनेट कनेक्शन होना चाहिए। कंपनी की वेबसाइट पर दी गई जानकारी के अनुसार एक डिलिवरी पार्टनर इंसेंटिव आदि के जरिए महीने में 40 हजार रुपये की कमाई कर सकता है। इसके अलावा पार्टनर को हफ्ते के आधार पर पेमेंट किया जाता है। और वह 4,8 और 10 घंटे की शिफ्ट भी कर सकता है। साथ ही कंपनी पार्टनर इंश्योरेंस कवरेज की सुविधा देती है।

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