यूरोप से पैरेट फीवर (Parrot Fever) नामक एक बीमारी सामने आ रही है इसकी चपेट में आने से अबतक यूरोप में 5 लोगों की मौत भी हो चुकी है, बताया जा रहा है कि यह बीमारी काफी घातक है और इसकी चपेट में आने से अबतक यूरोप में पांच लोगों की जान चली गई है, इसके बढ़ते मामलों ने टेंशन बढ़ा दी है विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) ने भी इसकी पुष्टि है।
पैरेट फीवर ने यूरोपीय देशों के लोगों को बुरी तरह से प्रभावित किया है बताते हैं कि यहां इसकी शुरुआत 2023 में हुई थी, पिछले साल जर्मनी में 14 और ऑस्ट्रिया में इसे 14 मामले सामने आए थे, डेनमार्क में इस साल फरवरी तक 23 मामलों की पुष्टि की बात कही जा रही है।
क्या है पैरट फीवर? (What is Parrot Fever)
पैरेट फीवर को सिटाकोसिस भी कहते हैं, पैरैट फीवर एक प्रकार का संक्रमण है, यह सांस के जरिए फैलने वाला संक्रमण है जो पक्षियों के संपर्क में आने से होता है यह फीवर क्लैमाइडिया इंफेक्शन के कारण होता है, जो कई तरह के जंगली पक्षियों जैसे मुर्गे और कुछ पालतू जानवरों में भी पाया जाता है।
दिख सकते हैं ऐसे लक्षण ( Parrot Fever Symptoms)
संक्रमित होने पर आपको बुखार, मांसपेशियों में दर्द, सिरदर्द, ड्राई कफ और ठंड लगने जैसे लक्षण दिख सकते हैं, विशेषज्ञ कहते हैं, पक्षियों के पंखों से भी यह बीमारी फैल सकती है, इसलिए अलर्ट होने की जरूरत है।
WHO ने बताया कैसे बचें पैरेट फीवर से?
ऐसे देशों में WHO पक्षियों को पालने वाले लोगों को अलर्ट कर रहा है उन्हें साफ-सफाई का ध्यान रखने का कहा है. जिन लोगों ने पक्षियों को पाल रखा है वो इन्हें साफ पिंजड़ों में ही रखें साथ ही इन्हें भीड़भाड़ वाली जगहों पर रखने से बचें, पालतू पक्षियों को रखने वाले लोग, मुर्गी पालन करने वाले, पशु चिकित्सक आदि को इसका खतरा ज्यादा है।
