डेढ़ लाख के करीब पहुंचा किराया
ट्रैवल पोर्टल्स के डेटा से पता चलता है कि नई दिल्ली और टोरंटो के बीच सीधी फ्लाइट का स्पॉट किराया 1.46 लाख रुपये से अधिक पहुंच गया है।
टोरंटो-दिल्ली रूट पर किराया 1.01 लाख रुपये से अधिक है। नई दिल्ली से मॉन्ट्रियल के लिए किराया 1.55 लाख रुपये से अधिक और मॉन्ट्रियल से नई दिल्ली के लिए एयर फेयर 1.16 लाख रुपये से अधिक हो गया है। नई दिल्ली-वैंकूवर की फ्लाइट में देर से बुकिंग के लिए यात्रियों को लगभग 1.33 लाख रुपये खर्च करने होंगे। जबकि वैंकूवर से दिल्ली आने वालों यात्रियों को लगभग 1.3 लाख रुपये का टिकट बुक कराना होगा।
ऐसे सामान्य दिनों में दिल्ली से टोरंटो के लिए एयर फेयर 65 से 70 हजार रुपये के आसपास रहता है। लेकिन इस वक्त किराया डबल हो चुका है। पेटीएम जैसे बुकिंग ऐप पर टिकटों की कीमत दो लाख रुपये के पार पहुंच गई है।
दोनों देशों के बीच कितनी फ्लाइट?
ट्रैवल पोर्टल्स के अनुसार, बीते दिन आखिरी मिनट में किराये में 25 फीसदी तक की बढ़ोतरी देखने को मिली है। देर से बुकिंग करने वाले लोगों में पर्यटकों के साथ-साथ दोनों देशों में दोस्तों और परिवार से मिलने जाने वाले नागरिक भी शामिल हैं। एयर इंडिया और एयर कनाडा ही दोनों देशों के लिए डायरेक्ट फ्लाइट ऑपरेट करती हैं। दोनों देशों के बीच हर सप्ताह कुल 48 उड़ानें उड़ान भरती हैं। एयर इंडिया प्रतिदिन नई दिल्ली-टोरंटो और नई दिल्ली-वैंकूवर के लिए फ्लाइट ऑपरेट करती है। वहीं, एयर कनाडा नई दिल्ली और टोरंटो के बीच प्रतिदिन उड़ान भरती है। नई दिल्ली और मॉन्ट्रियल के बीच एयर कनाडा सप्ताह में तीन फ्लाइट ऑपरेट करती है।
दोनों देशों के बीच एयर पैसेंजर ट्रैफिक
भारत और कनाडा के बीच एयर ट्रैफिक मार्केट भारत से आने-जाने वाले कुल इंटरनेशनल पैसेंजर ट्रैफिक का 1.2 फीसदी है। वहीं, भारत कनाडा का चौथा सबसे बड़ा अंतरराष्ट्रीय एयर ट्रांसपोर्ट मार्केट है। FY23 में 6,78,614 यात्रियों ने दोनों देशों के बीच यात्रा की थी। भारत और कनाडा ने साल 1982 में अपने पहले एयर ट्रांसपोर्ट समझौते पर हस्ताक्षर किए थे. इस समझौते का विस्तार 2011 में किया गया, जिसके बाद प्रत्येक देश को प्रति सप्ताह 35 उड़ानें संचालित करने की अनुमति मिल गई थी. इसके बाद नवंबर 2022 में इसे और विस्तार दिया गया था।
