How to Apply for FASTag Online: देशभर में राष्ट्रीय राजमार्गों और एक्सप्रेसवे पर टोल भुगतान को आसान बनाने के लिए फास्टैग (FASTag) का इस्तेमाल अनिवार्य हो चुका है। फास्टैग एक इलेक्ट्रॉनिक टोल कलेक्शन सिस्टम है, जो रेडियो फ्रीक्वेंसी आइडेंटिफिकेशन (RFID) तकनीक पर काम करता है। इसे गाड़ी की विंडस्क्रीन पर लगाया जाता है और टोल प्लाजा से गुजरते समय टोल शुल्क अपने आप लिंक्ड खाते या वॉलेट से कट जाता है। इससे न केवल समय की बचत होती है बल्कि लंबी कतारों से भी छुटकारा मिलता है। अगर आपकी गाड़ी पर अभी तक फास्टैग नहीं है, तो आप इसे बेहद आसानी से ऑनलाइन बनवा सकते हैं।
FASTag ऑनलाइन बनवाने के लिए क्या-क्या चाहिए?
FASTag के लिए आवेदन करने से पहले कुछ जरूरी डॉक्यूमेंट्स का होना जरूरी है-
- वाहन का रजिस्ट्रेशन सर्टिफिकेट (RC)
- वाहन मालिक का आधार कार्ड, पैन कार्ड या दूसरा वैलिड पहचान पत्र
- पासपोर्ट साइज फोटो
- मोबाइल नंबर
- गाड़ी की डिटेल्ट
इन डॉक्यूमेंट्स की डिजिटल कॉपी आपके पास होनी चाहिए ताकि आवेदन प्रक्रिया आसानी से पूरी हो सके।
ऑनलाइन फास्टैग बनवाने का तरीका
- कई बैंक और अधिकृत प्लेटफॉर्म फास्टैग जारी करते हैं। आप बैंक की वेबसाइट, मोबाइल ऐप या अन्य अधिकृत डिजिटल प्लेटफॉर्म के जरिए आवेदन कर सकते हैं।
- सबसे पहले किसी अधिकृत फास्टैग प्रोवाइडर की वेबसाइट या मोबाइल ऐप खोलें। वहां FASTag के लिए आवेदन करने का विकल्प चुनें।
- अब अपना नाम, मोबाइल नंबर, वाहन नंबर और अन्य आवश्यक जानकारी दर्ज करें। आवेदन करते समय सही जानकारी देना बेहद जरूरी है क्योंकि गलत जानकारी के कारण आवेदन अस्वीकार हो सकता है।
- इसके बाद RC और पहचान पत्र की स्कैन कॉपी अपलोड करें। कई प्लेटफॉर्म पर दस्तावेजों का सत्यापन ऑनलाइन ही हो जाता है।
- फास्टैग जारी करने के लिए एक निश्चित शुल्क, सिक्योरिटी डिपॉजिट और प्रारंभिक रिचार्ज राशि जमा करनी पड़ सकती है। ऑनलाइन भुगतान के लिए UPI, नेट बैंकिंग, डेबिट कार्ड या क्रेडिट कार्ड का इस्तेमाल किया जा सकता है।
- आवेदन और भुगतान सफल होने के बाद फास्टैग आपके रजिस्टर्ड एड्रेस पर कुरियर के माध्यम से भेज दिया जाता है। कुछ मामलों में डिजिटल एक्टिवेशन तुरंत हो जाता है और टैग प्राप्त होते ही उसका इस्तेमाल शुरू किया जा सकता है।
FASTag को एक्टिवेट कैसे करें?
फास्टैग मिलने के बाद उसे गाड़ी की फ्रंट विंडस्क्रीन पर सही जगह पर चिपकाएं। इसके बाद संबंधित बैंक या ऐप के माध्यम से टैग को एक्टिव करें। कई बार टैग पहले से ही एक्टिव होकर आता है।
