न्यूजीलैंड के तेज गेंदबाज ब्लेयर टिकनर को भरोसा है कि भारत के खिलाफ दूसरे वनडे में उनकी टीम जोरदार वापसी करेगी। उन्होंने कहा कि मेजबान टीम सीरीज के पहले मैच में अपने खराब बल्लेबाजी प्रदर्शन को पीछे छोड़कर वेलिंगटन की परिस्थितियों का बेहतर फायदा उठाना चाहती है।
बुधवार को ऑकलैंड में खेले गए पहले वनडे में भारत ने 5 विकेट से जीत दर्ज करके 3 मैचों की सीरीज में 1-0 की बढ़त बना ली है। सीरीज के पहले मैच में 185 रन पर ऑलआउट होने वाली न्यूजीलैंड टीम, शनिवार को वेलिंगटन के हेन्री स्टेडियम में होने वाले मुकाबले में सीरीज बराबर करने की कोशिश करेगी।
शुक्रवार को मैच से पहले हुई प्रेस कॉन्फ्रेंस में टिकनर ने कहा कि न्यूजीलैंड बेहतर बल्लेबाजी करने और अपनी गेंदबाजी से भारत पर दबाव बनाने के लिए पूरी तरह तैयार है।
टिकनर ने कहा, "जाहिर है, हम ज्यादा रन बनाना चाहते हैं और उन पर थोड़ा और दबाव डालना चाहते हैं। लेकिन मुझे लगता है कि हम पिछली बातों को जल्दी भुलाकर आगे बढ़ जाते हैं। हमें पता है कि हम एक अच्छी टीम हैं, इसलिए हम ज्यादा रन बनाने और वेलिंगटन में जीत हासिल करने की उम्मीद कर रहे हैं।"
33 वर्षीय टिकनर ने पहले वनडे में 11वें नंबर पर बल्लेबाजी करते हुए अहम योगदान दिया। उन्होंने सिर्फ 23 गेंदों में 34 रन बनाए, जिसमें 4 छक्के और 1 चौका शामिल था। उनकी इस आक्रामक पारी की मदद से न्यूजीलैंड 185 रन तक पहुंच सका। हालांकि, बारिश के कारण मैच में रुकावट आने के बाद भारत ने 143 रन के संशोधित लक्ष्य को आसानी से हासिल कर लिया।
हालांकि, टिकनर ने बताया कि उन्होंने इस मैच से पहले बल्लेबाजी के लिए कोई खास तैयारी नहीं की थी। उन्होंने कहा, "कुछ खास नहीं। मुझे लगता है कि उस ट्रेनिंग सेशन से पहले मैंने बस एक बार ही बल्लेबाजी का अभ्यास किया था—यानी करीब दो हफ्तों में सिर्फ एक बार—और फिर मैं सीधे मैदान पर उतर गया। लेकिन, सच कहूं तो इसमें काफी मजा आया, इसलिए कोई शिकायत नहीं है।"
न्यूजीलैंड की टीम विराट कोहली को लेकर भी सतर्क रहेगी, जिन्होंने सीरीज के पहले मैच में भी अपना शानदार फॉर्म जारी रखा और 51 गेंदों पर 74 रन बनाए। जब उनसे पूछा गया कि भारतीय बल्लेबाजी के इस दिग्गज खिलाड़ी को रोकने के लिए उनकी गेंदबाजी यूनिट की क्या योजना है, तो टिकनर ने इस चुनौती को स्वीकार किया, लेकिन साथ ही अपनी टीम की उन्हें आउट करने की क्षमता पर भरोसा भी जताया।
उन्होंने कहा, "हां, वह निश्चित रूप से अच्छी फॉर्म में हैं। कम स्कोर होने के बावजूद, उन्होंने मैदान पर आकर हम पर दबाव बनाया। जाहिर है, हम विकेट लेने की कोशिश कर रहे थे, लेकिन उन्होंने बहुत अच्छा खेला। फिर भी, हमें अपनी और अपनी स्किल्स पर पूरा भरोसा है कि हम उन्हें आउट कर सकते हैं। लेकिन हां, उनके खिलाफ खेलना एक शानदार मौका है और उम्मीद है कि हम जल्द ही उन पर हावी हो सकेंगे।"
टिकनर को वेलिंगटन की पिच से भी कुछ मदद मिलने की उम्मीद है, खासकर अतिरिक्त उछाल (बाउंस) और मूवमेंट, जिससे ऑकलैंड के ईडन पार्क की तुलना में यहां बल्लेबाजी करना ज्यादा चुनौतीपूर्ण हो सकता है।
उन्होंने कहा, "हमने पिछले साल इंग्लैंड के खिलाफ भी देखा था कि यहां की पिच से गेंदबाजों को थोड़ी मदद मिलती है। इसलिए, एक गेंदबाज के तौर पर मुझे ऐसी ही उम्मीद है। मैं नहीं चाहूंगा कि मैच ऐसा हो जिसमें 400 रन का पीछा करना पड़े। इसलिए, मुझे थोड़ी अतिरिक्त उछाल और पिच से थोड़ी मूवमेंट मिलने की उम्मीद है। यह एक अच्छा मैच होगा।"
न्यूजीलैंड के इस तेज गेंदबाज ने दोनों मैदानों के आकार (डाइमेंशन्स) में अंतर की ओर भी इशारा किया, जो टीम की गेंदबाजी योजनाओं, खासकर डेथ ओवरों में, असर डाल सकता है।
टिकनर ने कहा, "न्यूजीलैंड में हम जिस भी मैदान पर जाते हैं, वहां का आकार अलग होता है। यहां स्क्वायर बाउंड्री काफी छोटी है, जबकि स्ट्रेट बाउंड्री काफी लंबी है। यह ईडन पार्क से बिल्कुल अलग है। हम अपनी गेंदबाजी योजनाओं में, खासकर डेथ ओवरों में, इस बात का ध्यान रखते हैं। वनडे क्रिकेट में आप शुरुआत में विकेट लेने की कोशिश करते हैं और पारंपरिक तरीके से गेंदबाजी करते हैं, लेकिन डेथ ओवरों में हम निश्चित रूप से अलग योजनाओं पर बात करते हैं।"
