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फाफ डुप्लेसी भी निकले धोनी के फैन, बोले-उनकी तरह रणनीतिकार मैंने नहीं देखा

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  • Updated Mar 1, 2023, 12:45 PM IST

रॉयल चैलेंजर्स बैंगलोर के कप्तान फाफ डुप्लेसी ने चेन्नई के कप्तान एमएस धोनी की तारीफ की है। उन्होंने कहा धोनी की लीडरशिप में हमने आईपीएल के दौरान काफी कुछ सीखा है। हमने उनकी तरह रणनीतिकार नहीं देखा है। यह पहली बार नहीं हुआ है कि किसी क्रिकेटर ने धोनी की कप्तानी की तारीफ की है।

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एमएस धोनी और फाफ डुप्लेसी

Photo : Twitter

दक्षिण अफ्रीका के पूर्व कप्तान फाफ डुप्लेसी का मानना है कि महेंद्र सिंह धोनी उन लोगों में शामिल हैं जिन्होंने उन्हें एक नेतृत्वकर्ता के रूप में परिपक्व होने में मदद की। उन्होंने साथ ही पूर्व भारतीय कप्तान को सर्वश्रेष्ठ रणनीतिकारों में से एक करार दिया। डुप्लेसी आईपीएल टीम चेन्नई सुपर किंग्स का दो बार 2011 से 2015 और फिर 2018 से 2021 तक हिस्सा रहे। वह पिछले सत्र में कप्तान के रूप में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलोर (आरसीबी) से जुड़े।

डुप्लेसी ने कहा कि जब उन्होंने महसूस किया कि वह दक्षिण अफ्रीका के पूर्व कप्तान ग्रीम स्मिथ या धोनी जैसे कप्तान नहीं बन सकते तो उन्होंने खुद जैसा बनने का फैसला किया। डुप्लेसी ने आरसीबी के पोडकास्ट में कहा, ‘‘मुझे लगता है कि मेरे लिए (उनके करियर के दौरान) जो वास्तव में अच्छा था, वह यह पता चलना था कि मैं एक कप्तान के रूप में ग्रीम स्मिथ नहीं बनने जा रहा हूं, मैं एक कप्तान के रूप में स्टीफन फ्लेमिंग नहीं बनने जा रहा हूं, मैं कप्तान के रूप में महेंद्र सिंह धोनी नहीं बनने जा रहा।’’

उन्होंने कहा, ‘‘एक व्यक्ति के रूप में मैं जो हूं उसके प्रति सच्चा होने के लिए, मुझे मेरे जैसा होने की आवश्यकता है। क्योंकि यदि आप अपने जैसे नहीं हैं, तो लोग इस पर निशाना साधेंगे, शायद तब नहीं जब आप अच्छा कर रहे हों लेकिन निश्चित रूप से तब जब आप दबाव में होंगे या उम्मीद के मुताबिक प्रदर्शन नहीं कर रहे होंगे।’’

डुप्लेसी ने कहा कि सीएसके के साथ अपने पदार्पण सत्र के दौरान वह न्यूजीलैंड के पूर्व कप्तान और चेन्नई टीम के मुख्य कोच स्टीफन फ्लेमिंग के साथ काफी समय बिताते थे और बस कप्तानी को लेकर उनके दिमाग को पढ़ने की कोशिश करते थे और नेतृत्वक्षमता की बारीकियों को आत्मसात करने का प्रयास करते थे।

उन्होंने कहा, ‘मेरे पास हमेशा दिग्गज नेतृत्वकर्ताओं से सीखने का यह दृष्टिकोण था, यह (नेतृत्व) हमेशा कुछ ऐसा था जिसके बारे में मैं रोमांचित था। जब मैं शुरू में दक्षिण अफ्रीकी की टीम में आया था तो ग्रीम स्मिथ कप्तान थे। मैं ऐसा था, वाह, यह आदमी जब बोलता है तो उसकी एक अद्भुत उपस्थिति होती है और वह बोलते हुए कमरे में हावी हो जाता है।’

आईपीएल में बहुत कुछ सीखा

डुप्लेसी ने कहा, ‘‘अपने करियर की शुरुआत में ही मुझे चेन्नई (सीएसके) जाने का मौका मिला। स्टीफन फ्लेमिंग खेल के महान नेतृत्वकर्ताओं में से एक हैं, जाहिर है, न्यूजीलैंड क्रिकेट के लिए भी। अलग पहलू यह था कि वह मानव प्रबंधक थे, एक व्यक्ति जो रिश्तों पर काम करता है।’’

उन्होंने कहा, ‘‘सीएसके में अपने पहले सत्र के दौरान मैं उनके (फ्लेमिंग) बगल में बैठा था और उनसे सिर्फ कप्तानी और नेतृत्व के बारे में सवाल पूछे, बस जितना हो सके उतना सीखने के लिए। और फिर उससे ऊपर महेंद्र सिंह धोनी, आप जानते हैं वह खेल को रणनीतिक रूप से कितना अच्छी तरह पढ़ता है। और आप कहते हैं कि वह प्रभावशाली कप्तान है।’’

दक्षिण अफ्रीका के इस दिग्गज खिलाड़ी ने कहा कि 2016 की श्रृंखला के दौरान होबार्ट में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ दूसरे टेस्ट में गेंद को चमकाने के लिए ‘अनुचित’ आलोचना की जा रही थी, जिससे वह घरेलू टीम को जवाब देने के लिए और अधिक प्रतिबद्ध हो गए थे। दक्षिण अफ्रीका ने दूसरा टेस्ट पारी और 80 रन से जीता था। टीम की कप्तानी कर रहे डुप्लेसी ने कथित तौर पर मुंह में टॉफी रखकर गेंद पर लार लगाई थी। उन पर मैच फीस का शत प्रतिशत जुर्माना लगाया गया था लेकिन उन्हें एडीलेड में अगला टेस्ट खेलने की मंजूरी दे दी गई थी।

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