अध्यात्म

इस राशि वालों के लिए अगले ढाई साल रहेंगे भारी, 2025 में शुरू हो रहा है साढ़ेसाती का सबसे कष्टदायी चरण

Shani Sade Sati On Meen Rashi 2025: 2025 में शनि अपनी राशि बदलने जा रहे हैं। शनि के राशि परिवर्तन के साथ ही एक राशि पर साढ़ेसाती का सबसे कष्टदायी चरण शुरू हो जाएगा। जानिए ये कौन सी राशि है।

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Shani Sade Sati On Meen Rashi 2025

Shani Sade Sati On Meen Rashi 2025: 2025 में शनि ढाई साल बाद अपनी राशि बदलने जा रहे हैं। इस दौरान कर्मफल दाता शनि देव देवताओं के गुरु बृहस्पति की राशि मीन में प्रवेश करेंगे। मीन राशि में शनि के प्रवेश करते ही एक राशि पर शनि साढ़े साती का सबसे कष्टदायी चरण शुरू हो जाएगा। जिस वजह से इस राशि के लोगों को अगले ढाई साल तक बेहद संभलकर रहना होगा। जानिए ये कौन सी राशि है।

2025 में इस राशि पर शुरू होने जा रहा है साढ़ेसाती का कष्टदायी चरण

2025 में मीन राशि पर शनि साढ़े साती का सबसे कष्टदायी चरण शुरू होने जा रहा है। बता दें शनि साढ़े साती के तीन चरण होते हैं जिसमें इसका दूसरा चरण सबसे ज्यादा कष्टदायी माना जाता है जो मीन राशि वालों पर शुरू होने जा रहा है। अगले ढाई साल तक इस राशि पर ये चरण रहेगा। ऐसे में मीन राशि के उन लोगों को सतर्क रहना होगा जिनकी कुंडली में शनि की स्थिति अच्छी नहीं है।

कैसा होता है शनि साढ़े साती का दूसरा चरण

शनि साढ़े साती का दूसरा चरण सबसे कष्टदायी माना जाता है क्योंकि इस दौरान साढ़ेसाती अपने चरम पर होती है। अगर कुंडली में शनि की स्थिति खराब है तो साढ़ेसाती का ये चरण बेहद कष्ट देता है। इस दौरान मानसिक, आर्थिक और शारीरिक परेशानियों का सामना करना पड़ता है। पेट, हार्ट, किडनी से जुड़े रोग होने की संभावना रहती है। रिश्तों में दरार आने लगती है। इस चरण में किसी भी कार्य में सफलता पाने के लिए कड़ी मेहनत करनी पड़ती है। लेकिन जिन लोगों की कुंडली में शनि की स्थिति मजबूत होती है उनके लिए ये चरण भाग्यशाली साबित होता है।

Laveena Sharma
लवीना शर्माauthor

धरती का स्वर्ग कहे जाने वाले जम्मू-कश्मीर की रहने वाली हूं। पत्रकारिता में पोस्ट ग्रेजुएट हूं। 10 साल से मीडिया में काम कर रही हूं। पत्रकारिता में करियर की शुरुआत न्यूज 24 से हुई। इसके बाद तमाम चैनलों में काम किया। जहां स्क्रिप्ट राइटिंग, एडिटिंग और एंकरिंग का अनुभव हासिल हुआ। रफ्तार यहीं नहीं रूकी अब चाह थी कुछ नया करने की जिसके लिए मैंने डिजिटल मीडिया में स्विच किया और मैं जनसत्ता से जुड़ गई। जनसत्ता में मैंने अध्यात्म सेक्शन लीड किया। इसके बाद पत्रिका में सेवाएं दी और अब timesnowhindi.com से जु़ड़ी हूं। यहां भी मैं अध्यात्म सेक्शन में कार्यरत हूं। भारतीय संस्कृति, अध्यात्म और ज्योतिष शास्त्र में मेरा शुरू से ही लगाव रहा है। मेरी कोशिश रहती है कि मैं ऐसा कंटेट लिखूं जिससे बड़े बुजुर्ग ही नहीं बल्कि आज के युवा भी कनेक्ट कर सकें।

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