Falgun Amavasya 2024 Shubh Sanyog: हिंदू धर्म में अमावस्या की तिथि का बहुत महत्व है। अमावस्या महीने में एक बार मनाई जाती है। यह पितरों की पूजा के लिए समर्पित है। शास्त्रों में इस दिन पवित्र नदी में स्नान करने और तर्पण करने का प्रावधान है। इस दिन व्रत करने से व्यक्ति को सुख, समृद्धि और खुशहाली प्राप्त होती है। अमावस्या की तिथि पितरों को समर्पित होती है। इस अमावस्या के दिन चींटियों को आटा खिलाएं। अपने पितरों को प्रसन्न करने के लिए पिंडदान और तर्पण करें। इस दिन इन शुभ योग का निर्माण हो रहा है।
कब है फाल्गनु अमावस्या (Falgun Amavasya 2024 )
हिंदू कैलेंडर के अनुसार, फाल्गुन माह में कृष्ण पक्ष की अमावस्या तिथि 9 मार्च को शाम 6:17 बजे शुरू होगी और 10 मार्च को दोपहर 2 बजे होगा। उदयातिथि के अनुसार अमावस्या व्रत 10 मार्च को होगा।अमावस्या शुभ योग (Falgun Amavasya Shubh Sanyog 2024)
फाल्गुन अमावस्या के दिन पूर्वा भाद्रपद नक्षत्र के साथ सर्वार्थ सिद्धि योग, साध्य योग और शुभ योग का शुभ संयोग बन रहा है। 11 मार्च को सुबह 1:55 से 6:35 तक सर्वार्थ सिद्धि योग रहेगा। अमावस्या में साध्य योग सुबह शुरू होकर शाम 16:14 तक रहेगा। तब शुभ योग बनता है। पूर्वा भाद्रपद नक्षत्र देर रात 01 बजकर 55 मिनट तक रहेगा। इसके अलावा शिववास का भी शुभ संयोग बन रहा है। माता पार्वती के साथ शिववास सूर्योदय से 14:29 बजे तक रहेगा।
