Basant Panchami 2024 Daan: बसंत पंचमी विद्या की देवी माता सरस्वती की पूजा का महापर्व है। सरस्वती वीणाधारिणी हैं। माता ज्ञान की देवी हैं। बिना उनकी उपासना के सभी पूजाएं पूर्णतया प्रभावी नहीं होतीं। वो विवेक, बुद्धि व प्रतिष्ठा प्रदान करती हैं। हर साल माघ माह शुक्ल पक्ष की पंचमी को सरस्वती पूजा के रूप में मनाया जाता है। जिसे बसंत पंचमी भी कहते हैं। इस दिन मां सरस्वती की विधि विधान पूजा की जाती है और भक्त उन्हें प्रसन्न करने के लिए तरह-तरह के उपाय करते हैं। यहां जानिए बसंत पंचमी पर मां सरस्वती को प्रसन्न करने के लिए राशि अनुसार क्या दान करना चाहिए।
Basant Panchami Daan (बसंत पंचमी दान)
मेष
इस राशि का स्वामी मंगल है। सरस्वती जी को लाल पुष्प अर्पित करें तथा अनार चढ़ाएं। मंगल के पदार्थ गेहूं व गुड़ का दान करें।
वृष
इस राशि का स्वामीग्रह शुक्र है। सफेद पुष्प चढ़ाएं। शुक्र मतलब सुगंध। सुगंधित धूप बत्ती जलाएं। सरस्वती पूजन के साथ लक्ष्मी पूजन भी करें। चावल दान करें।
मिथुन
इस राशि का स्वामीग्रह बुध है। सरस्वती कवच पढ़ें। गणेश उपासना भी करें। मसूर की दाल का दान करें।
कर्क
इस राशि का स्वामीग्रह चंद्रमा है। सरस्वती यंत्र धारण करें। शिव उपासना भी करें। सफेद ऊनी वस्त्रों का दान करें।
सिंह
इस राशि का स्वामीग्रह सूर्य है। सरस्वती कवच पढ़ें। गायत्री मंत्र का जप करें। गुड़ का दान करें।
कन्या
इस राशि का स्वामीग्रह बुध है। सरस्वती माता को अपराजिता का फूल अर्पित करें। गणेश उपासना भी करें। हरे वस्त्रों का दान करें।
तुला
इस राशि का स्वामीग्रह शुक्र है। सरस्वती जी को सफेद चंदन व पुष्प अर्पित करें। श्री सूक्त भी पढ़ें। चावल व चीनी का दान करें।
वृश्चिक
इस राशि का स्वामीग्रह मंगल है। माता को लाल पुष्प अर्पित करें। विद्यावान हनुमान जी की पूजा भी करें। गेहूं का दान करें।
धनु
इस राशि का स्वामीग्रह गुरु है। माता को पीले पुष्प अर्पित कर सरस्वती यन्त्र धारण करें। पीले वस्त्र व चने की दाल का दान करें।
मकर
इस राशि का स्वामीग्रह शनि है। नीले व सफेद पुष्प माता को अर्पित करें। तिल का दान करें।
कुम्भ
इस राशि का स्वामीग्रह शनि है। अपराजिता व गेंदा के पुष्प माता की चढ़ाएं। गरीब जनों में कम्बल का दान करें।
मीन
इस राशि का स्वामीग्रह गुरु है। माता सरस्वती की उपासना के साथ साथ लक्ष्मी विष्णु उपासना भी करें। अन्न दान करें।
