UP MLC Poll Result 2026: उत्तर प्रदेश विधान परिषद के 11 शिक्षक और स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों के चुनाव की मतगणना के बीच अब तक नौ सीट के परिणाम आधिकारिक रूप से घोषित किए गए हैं जिनमें से छह सीट पर भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) और तीन पर समाजवादी पार्टी (सपा) ने जीत हासिल की है। लखनऊ खंड स्नातक निर्वाचन क्षेत्र में भी सपा ने अपनी जीत का जश्न मनाया, हालांकि बुधवार रात 12 बजे तक परिणाम की आधिकारिक घोषणा नहीं हुई थी। सपा के ’एक्स’ पर पोस्ट कर इस सीट पर पार्टी प्रत्याशी कांति सिंह को बधाई दी।
वाराणसी -स्नातक सीट पर सपा उम्मीदवार को बढ़त
- समाजवादी पार्टी के कैंडिडेट आशुतोष सिन्हा की बढ़त बरकरार
- 9 वें राउंड के बाद आशुतोष सिन्हा ने 16990 वोट की बनाई बढ़त
- मंगलवार की रात से चल रही है काउंटिंग
- बीजेपी के हंगामे के बाद पूरी रात काउंटिंग स्थल के बाहर जमा रहे सपा के नेता और कार्यकर्ता
- अखिलेश यादव ने ट्वीट करके सपा कार्यकर्ताओं को काउंटिंग सेंटर पहुंचने की अपील की थी
मेरठ स्नातक सीट से भाजपा विजयी
आधिकारिक परिणामों के अनुसार, मेरठ खंड स्नातक निर्वाचन क्षेत्र से भाजपा के दिनेश कुमार गोयल, लखनऊ खंड शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र से भाजपा के उमेश द्विवेदी, वाराणसी खंड शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र से सपा के लाल बिहारी यादव, आगरा खंड शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र से सपा के डॉ. आकाश अग्रवाल और आगरा खंड स्नातक निर्वाचन क्षेत्र से भाजपा के डॉ. मानवेंद्र प्रताप सिंह विजयी रहे।
इन सीटों पर भाजपा-सपा की जीत
इसके अलावा, इलाहाबाद-झांसी खंड स्नातक निर्वाचन क्षेत्र से सपा के डॉ. मान सिंह यादव, मेरठ खंड शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र से भाजपा के श्रीचंद शर्मा और बरेली-मुरादाबाद खंड शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र से भाजपा के डॉ. हरि सिंह ढिल्लों ने जीत हासिल की। भाजपा ने गोरखपुर-फैजाबाद खंड शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र की सीट पर भी अपना कब्जा बरकरार रखा जहां पार्टी प्रत्याशी ध्रुव कुमार त्रिपाठी ने निर्दलीय उम्मीदवार राजीव यादव को 307 मतों के अंतर से हराया। त्रिपाठी को 14,887, जबकि यादव को 14,580 मत मिले। परिणाम घोषित होने के बाद ध्रुव त्रिपाठी मतगणना केंद्र से विजय का संकेत दिखाते हुए बाहर निकले। हालांकि, राजीव यादव ने आरोप लगाया कि उनकी हार सुनिश्चित करने के लिए चुनाव में हेरफेर किया गया। उन्होंने करीब 1,000 मतों की चोरी का दावा करते हुए कहा कि वह परिणाम को चुनौती देने के लिए निर्वाचन आयोग और अदालत का रुख करेंगे।
वाराणसी में मतगणना को लेकर उठे सवाल
यादव ने मतगणना प्रक्रिया में अनियमितताओं का आरोप लगाते हुए चौथे दौर में गिने गए 1,612 मतों की न्यायिक जांच के बजाय फॉरेंसिक जांच कराने की मांग भी की। वाराणसी खंड शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र में सपा प्रत्याशी लाल बिहारी यादव ने विवाद और आरोप-प्रत्यारोप के बीच जीत हासिल की। उन्होंने परिणाम घोषित होने से पहले ही अपनी जीत का दावा किया और प्रशासन पर आधिकारिक घोषणा में देरी करने का आरोप लगाया। चंदौली से सपा सांसद वीरेंद्र सिंह ने वाराणसी शिक्षक और स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों की मतगणना को लेकर जिला प्रशासन पर सवाल उठाए थे। उन्होंने कहा कि शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र से सपा प्रत्याशी लाल बिहारी यादव चुनाव जीत चुके हैं, लेकिन प्रशासन परिणाम घोषित नहीं कर रहा है, जिससे संदेह पैदा होता है।
मंगलवार सुबह शुरू हुई थी मतगणना
झांसी से सूचना विभाग द्वारा जारी परिणाम के मुताबिक, इलाहाबाद-झांसी खंड स्नातक निर्वाचन क्षेत्र से सपा के डॉ. मान सिंह यादव ने अपने निकटतम प्रतिद्वंद्वी भाजपा के अशोक कुमार राठौर को 27,663 मतों से पराजित किया। वाराणसी खंड स्नातक निर्वाचन क्षेत्र से सपा के आशुतोष सिन्हा और लखनऊ खंड स्नातक निर्वाचन क्षेत्र से पार्टी की कांति सिंह मजबूत बढ़त बनाए हुए थे। शिक्षक और स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों की कुल 11 विधान परिषद सीट के लिए मतगणना मंगलवार सुबह आठ बजे शुरू हुई थी।
अखिलेश यादव ने उठाए सवाल
इससे पहले, सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने X पर एक वीडियो साझा किया था, जिसमें पार्टी प्रत्याशी डॉ. आकाश अग्रवाल फटा हुआ कुर्ता पहने दिखाई दे रहे थे। उनके समर्थकों ने आरोप लगाया था कि अग्रवाल के साथ मारपीट की गई। अखिलेश यादव ने लिखा, 'अब भाजपा खुद ही बताए कि आगरा से जीतते हुए सपा प्रत्याशी डॉ. आकाश अग्रवाल के साथ उसके लोगों द्वारा किया गया यह व्यवहार कितना जायज है।’ उन्होंने निर्वाचन आयोग, उच्चतम न्यायालय और राष्ट्रपति से मामले का तत्काल संज्ञान लेने का अनुरोध किया था। साथ ही, प्रशासन से अग्रवाल को जीत का प्रमाणपत्र तुरंत देने की मांग की।
गोरखपुर-फैजाबाद खंड शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र में मतगणना के दौरान मतों की संख्या में अंतर और प्रक्रिया को लेकर भी विवाद हुआ। मऊ के एक मतदान केंद्र की मतपेटी में दर्ज संख्या से 52 मत अधिक मिलने पर प्रत्याशियों ने आपत्ति जताई। इसके अलावा, एक प्रत्याशी की शिकायत के बाद अयोध्या के अपर आयुक्त अजय सैनी को मतगणना ड्यूटी से हटा दिया गया। हालांकि, प्रशासन ने कहा कि मतगणना नियमानुसार कराई जा रही है।
(एजेंसी इनपुट)
