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अब्बास अंसारी की विधानसभा सदस्यता बहाल, हेट स्पीच केस में सजा निलंबित होने के बाद सचिवालय ने जारी किया आदेश

मुख्तार अंसारी के बेटे अब्बास अंसारी की मऊ सीट से विधानसभा की सदस्यता बहाल हो गई है। इलाहाबाद हाईकोर्ट से हेट स्पीच मामले में सजा निलंबित के बाद विधानसभा सचिवालय ने अब सदस्यता बहाली का आदेश जारी कर दिया है।

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अब्बास अंसारी की सदस्ता बहाल (फोटो- AbbasAnsari00786 & X)

उत्तर प्रदेश के बाहुबली नेता दिवंगत मुख्तार अंसारी के बेटे अब्बास अंसारी की विधायकी बहाल हो गई है। हेट स्पीच केस में अब्बास अंसारी को दो साल की सजा हुई थी, जिसके बाद उनकी विधानसभा की सदस्यता रद्द हो गई थी। इसके बाद अब्बास अंसारी को इलाहाबाद हाईकोर्ट से राहत मिली और उनकी सजा को सस्पेंड कर दिया गया, जिसके बाद अब उत्तर प्रदेश विधानसभा सचिवालय ने आदेश जारी कर कहा है कि अब्बास अंसारी की विधानसभा की सदस्यता बहाल की जाती है।

आदेश जारी

विधानसभा के प्रमुख सचिव प्रदीप कुमार दुबे ने सोमवार को इसकी अधिसूचना जारी कर दी। उन्होंने आदेश में कहा कि उच्च न्यायालय द्वारा अंसारी के दोष सिद्धि को रद्द किए जाने के बाद पूर्व में पारित आदेश निष्प्रभावी माने जायेंगे। इससे पहले विधानसभा के एक वरिष्ठ अधिकारी ने ‘पीटीआई-भाषा’ को बताया था कि अब्बास अंसारी की विधानसभा सदस्यता खत्म कर दी गई थी और मऊ सदर सीट को रिक्त घोषित कर दिया गया था।

इलाहाबाद हाईकोर्ट से मिली थी राहत

इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने 2022 के भड़काऊ भाषण मामले में मुख्तार अंसारी के बेटे अब्बास अंसारी की दोषसिद्धि को 20 अगस्त को रद्द कर दिया था। न्यायमूर्ति समीर जैन ने विशेष सांसद/विधायक (एमपी/एमएलए) अदालत के उस आदेश को खारिज कर दिया जिसमें उन्हें दो साल के कठोर कारावास की सजा सुनाई गई थी।

क्या था मामला

मऊ की विशेष अदालत ने 31 मई को नफरती भाषण मामले में अब्बास को दोषी ठहराया और दो साल की कैद की सजा सुनाई थी। मऊ सदर सीट से सुभासपा के विधायक और पूर्व बाहुबली मुख्तार अंसारी के बेटे अब्बास अंसारी को विशेष एमपी-एमएलए अदालत ने नफरत भरे भाषण के मामले में दोषी करार देते हुए दो साल की सजा सुनायी थी। अभियोजन पक्ष के अनुसार पिछले विधानसभा चुनाव के दौरान मऊ सदर सीट से सुभासपा के प्रत्याशी के तौर पर चुनाव मैदान में उतरे अब्बास अंसारी ने तीन मार्च 2022 को पहाड़पुर मैदान में एक जनसभा के दौरान मऊ प्रशासन को चुनाव के बाद सबक सिखाने की धमकी दी थी। अंसारी की सदस्यता बहाल होने के बाद अब मऊ विधानसभा में उप चुनाव को लेकर शुरू हुई सियासी सरगर्मी पर भी विराम लग गया।

Shishupal Kumar
शिशुपाल कुमारauthor

शिशुपाल कुमार टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल के न्यूज डेस्क में कार्यरत एक अनुभवी पत्रकार हैं, जिन्हें 13 वर्षों का अनुभव हासिल है। राजनीतिक, अंतरराष्ट्रीय और क्राइम रिपोर्टिंग में गहरी रुचि और मजबूत पकड़ के साथ वे समाचारों की बारीकियों को समझने और उन्हें प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत करने के लिए जाने जाते हैं। शिशुपाल ने अपने करियर की शुरुआत एक इन्वेस्टिगेटिव जर्नलिस्ट के रूप में की, जहां उन्होंने प्रोडक्शन से लेकर ग्राउंड रिपोर्टिंग तक पत्रकारिता के कई महत्वपूर्ण पहलुओं में काम किया। फील्ड रिपोर्टिंग और डेस्क दोनों स्तरों पर उनकी दक्षता है। अब तक शिशुपाल कुमार 15,000 से अधिक खबरें प्रकाशित कर चुके हैं। वह ब्रेकिंग न्यूज, रियल-टाइम कवरेज, डेटा-आधारित विश्लेषण और एक्सप्लेनर लिखने में खास महारत रखते हैं। उनकी स्टोरीज तथ्यों की सटीकता और सहज भाषा की वजह से पाठकों पर मजबूत प्रभाव छोड़ती हैं।

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