Agnipath Scheme Protest: बिहार में अब तक 620 लोगों को गिरफ्तार किया गया, 130 FIR दर्ज की गईं
Agnipath Scheme Protest, Agneepath Bharti Yojana 2022, Indian army’s Agnipath Recruitment Scheme Updates: बिहार के अलग अलग हिस्सों में विरोध प्रदर्शन और हिंसक हो चला है। मसौढ़ी में जमकर हिंसा हुई तो तारेगना थाने को लुटने की कोशिश की गई। इसके साथ ही देश के कई हिस्सों में अग्निपथ योजना के खिलाफ प्रदर्शन हो रहे हैं। ये विरोध-प्रदर्शन हिंसक भी हैं, कई जगह ट्रेनों में आग लगा दी गई है, रास्ते जाम किए जा रहे हैं।
Agnipath Scheme Protest, Agneepath Bharti Yojana 2022, Indian army’s Agnipath Recruitment Scheme Live Updates: अग्निपथ स्कीम के विरोध में बिहार बंद के दौरान कई जगहों पर हिंसा हुई। तारेगना पुलिस स्टेशन को लुटने की कोशिश हुई तो बिहार पुलिस ने कहा कि उनके ऊपर सीधे फायरिंग की गई। करीब 100 राउंड गोलियां दागी गईं। पुलिसकर्मी किसी तरह अपनी जान बचा पाए। बिहार के अलावा दूसरे राज्यों से भी हिंसा की खबर आई। इन सबे बीच रक्षा मंत्री, तीनों सेना के प्रमुखों ने इस विषय पर बैठक की। इसके साथ गृहमंत्रालय ने सीएपीएफ और असम रायफल्स में 10 फीसद सीटों को अग्निवीरों के लिए रिजर्व रखने के साथ ही अपर एज लिमिट में भी छूट देने का फैसला किया।
उत्तर प्रदेश से लेकर तेलंगाना और बिहार से लेकर मध्य प्रदेश तक, देश के विभिन्न हिस्सों में युवाओं की भीड़ ने ईंट-पत्थर फेंके। वहीं, राजनाथ सिंह, अमित शाह और थल सेना प्रमुख ने भर्ती योजना को लेकर पैदा चिंताओं को दूर करने की कोशिश की लेकिन थोड़ी ही सफलता मिली। थल सेना प्रमुख जनरल मनोज पांडे ने कहा कि अग्निपथ योजना के तहत 2022 के लिए आयु सीमा को 21 वर्ष से बढ़ाकर 23 वर्ष करने का का निर्णय उन युवाओं को अवसर प्रदान करेगा, जो सेना में भर्ती होने की तैयारी कर रहे हैं, लेकिन पिछले दो साल से कोविड-19 महामारी के कारण ऐसा नहीं कर पाए।
RLP ने अग्निपथ योजना के खिलाफ आंदोलन की घोषणा की
राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी (आरएलपी) ने सशस्त्र बलों में चार साल के लिए संविदा पर युवाओं की भर्ती के लिए केंद्र सरकार द्वारा लाई गई नयी अग्निपथ योजना के खिलाफ आंदोलन करने की घोषणा की है। पार्टी के मुताबिक आंदोलन की शुरुआत वह 27 जून को जोधपुर शहर में विरोध प्रदर्शन से करेगी।
राजस्थान: अग्निपथ योजना को वापस लेने की मांग का प्रस्ताव पास
राजस्थान सरकार ने कहा कि राज्य मंत्रिपरिषद ने सर्वसम्मति से एक प्रस्ताव पारित किया कि व्यापक जनहित और युवाओं की भावनाओं को ध्यान में रखते हुए अग्निपथ योजना को वापस लिया जाना चाहिए।
The State Council of Ministers unanimously passed a resolution that the #AgnipathScheme must be withdrawn keeping in mind the larger public interest and the sentiments of the youths: Rajasthan Govt pic.twitter.com/s52iYRZeXR
— ANI MP/CG/Rajasthan (@ANI_MP_CG_RJ) June 18, 2022
अग्निपथ एक क्रांतिकारी योजना है: नड्डा
कर्नाटक में भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा ने कहा कि मैं अपने युवा मित्रों से अपील करना चाहता हूं कि यह अग्निपथ एक क्रांतिकारी योजना है। मैं जानता हूं कि युवाओं को गुमराह करने की कोशिश की जा रही है...लेकिन मैं उनसे कहना चाहता हूं कि पीएम मोदी पर भरोसा रखें। मैं युवाओं से इस योजना को अच्छी तरह से समझने की अपील करता हूं।
बिहार में 60 से अधिक ट्रेनें रद्द
पूर्व मध्य रेलवे ने कहा कि बिहार में मौजूदा कानून-व्यवस्था की समस्या और रेलवे संपत्ति और यात्रियों को खतरे की आशंका के कारण 60 से अधिक ट्रेनें रद्द की गईं।
Over 60 trains cancelled and two terminated due to prevailing law and order problem and threat perception to railway property and passengers in Bihar: East Central Railway pic.twitter.com/JYyuGsKB89
— ANI (@ANI) June 18, 2022
बिहार में 620 को किया गया गिरफ्तार
अग्निपथ पर बवाल के बाद बिहार पुलिस ने एक्शन लिया है। पुलिस ने अब तक 620 लोगों को गिरफ्तार किया है। बिहार में अब तक 130 FIR दर्ज की गई हैं। आज 140 उपद्रवियों को गिरफ्तार किया गया।
अग्निपथ योजना, युवाओं को ज्यादा मौका मिले इसके लिए है: शाहनवाज हुसैन
रक्षा मंत्रालय में 10% और भारतीय तटरक्षक में 10% नौकरियों पर बिहार सरकार में मंत्री शाहनवाज हुसैन ने कहा कि रक्षा मंत्री जी ने कहा कि डिफेंस के 16 पब्लिक सेक्टरों में 10% आरक्षण अग्निवीरों को मिलेगा। कल भी गृह मंत्री ने कहा कि सेंट्रल पैरामिलिट्री फोर्स में भी अग्निवीरों को स्थान मिलेगा। ये योजना, युवाओं को ज्यादा मौका मिले इसके लिए है और जो लोग गलतफहमी पैदा कर रहे हैं उन्हें अब इसका अवसर नहीं दिया जाएगा। आज जो घोषणा हुई है, तो मुझे लगता है कि इससे युवाओं में बहुत खुशी है।
लुधियाना रेलवे स्टेशन में तोड़फोड़
पंजाब के लुधियाना रेलवे स्टेशन में आंदोलनकारियों ने तोड़फोड़ की। संयुक्त सीपी आरएस बराड़ ने कहा कि पुलिस ने तुरंत कार्रवाई की। करीब 8-10 लोगों को राउंड अप किया गया है। कुछ लोगों ने उन्हें फोन किया और उनका गलत इस्तेमाल किया। हमारे पास वीडियो उपलब्ध हैं और उनकी पहचान कर रहे हैं।
योजना को तत्काल वापस लिया जाना चाहिए: राघव चड्ढा
आप सांसद राघव चड्ढा ने कहा कि अग्निपथ योजना से जवानों की नौकरी की सुरक्षा छीन ली जाती है, जिससे उनके लिए प्रेरित रहना कठिन हो जाता है। यह पर्याप्त प्रशिक्षण की आवश्यकता की भी अनदेखी करता है, क्योंकि यह अग्निवीर को छह महीने का क्रैश कोर्स करने देता है। योजना को तत्काल वापस लिया जाना चाहिए।
सरकार आपकी चिंताओं को गंभीरता से सुन रही: अनुराग ठाकुर
केंद्रीय मंत्री अनुराग ठाकुर ने कहा है कि मैं युवाओं से अपील करता हूं कि हिंसा सही तरीका नहीं है। सरकार आपकी चिंताओं को गंभीरता से सुन रही है। युवा मामले और खेल मंत्रालय भी 4 साल की सेवा के बाद उनके लिए कुछ करने पर विचार कर रहा है। इसमें कुछ क्रैश कोर्स प्रदान करना और जो शारीरिक शिक्षा शिक्षक बनना चाहते हैं उन्हें प्रशिक्षण प्रदान करना शामिल है। विभिन्न राज्यों में 15 लाख शारीरिक शिक्षा शिक्षकों के पद रिक्त हैं। हम इस दिशा में भी सोच रहे हैं।
#BreakingNow: केंद्रीय मंत्री @ianuragthakur का बयान- 'अग्निवीरों की सभी चिंताओं पर सरकार का ध्यान है'@himanshdxt #AgnipathScheme #Agnipath #Agneeveer #Agneepath pic.twitter.com/NnEZaXtmpQ
— Times Now Navbharat (@TNNavbharat) June 18, 2022
व्यापक विचार-विमर्श के बाद अग्निपथ स्कीम लागू
'अग्निपथ' योजना को लेकर तेज होते विरोध प्रदर्शनों के बीच रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने शनिवार को योजना का बचाव करते हुए कहा कि इसे पूर्व सैनिकों के साथ व्यापक विचार-विमर्श के बाद लागू किया गया है। सिंह ने कहा कि योजना के संबंध में राजनीतिक कारणों से भ्रम फैलाया जा रहा है।उन्होंने कहा कि यह योजना सैनिकों की भर्ती प्रक्रिया में क्रांतिकारी बदलाव लाएगी। उन्होंने कहा कि योजना के तहत भर्ती कर्मियों को दिए जाने वाले प्रशिक्षण की गुणवत्ता से कोई समझौता नहीं किया जाएगा। एक सम्मेलन में कहा, ''यह योजना सशस्त्र बलों की भर्ती प्रक्रिया में क्रांतिकारी बदलाव लेकर आएगी। कुछ लोग इसके बारे में गलतफहमी फैला रहे हैं। हो सकता है कि लोगों में कुछ भ्रम हो, क्योंकि यह एक नयी योजना है।''रक्षा मंत्री ने कहा कि इस योजना को पूर्व सैनिकों के साथ लगभग दो साल तक विचार-विमर्श करने के बाद लागू किया गया है और इस संबंध में आम सहमति के आधार पर निर्णय लिया गया है।
हम चाहते हैं कि लोगों में देश के लिए अनुशासन और गर्व की भावना हो।''रक्षा मंत्री ने किसी राजनीतिक दल का नाम लिए बिना कहा कि 'अग्निपथ' योजना के खिलाफ कुछ विरोध प्रदर्शनों के राजनीतिक कारण हो सकते हैं।उन्होंने कहा, ''राजनीति करने के लिए और भी बहुत सारे मुद्दे हैं। लेकिन हम चाहे विपक्ष में रहें या फिर सत्ता में में, जो भी राजनीति करते हैं, वह देश के लिए होती है।''रक्षा मंत्री ने कहा, ''क्या हमें देश के जवानों का मनोबल गिराना चाहिए? यह सही नहीं है।''अग्निपथ योजना के तहत चार साल के लिए अनुबंध के आधार पर जवानों की भर्ती की जाएगी, जिसके बाद उनमें से 75 प्रतिशत को पेंशन के बिना अनिवार्य सेवानिवृत्ति दे दी जाएगी। शेष 25 प्रतिशत को नियमित सेवा के लिए बरकरार रखा जाएगा। इन जवानों का चयन उनके प्रदर्शन के आधार पर किया जाएगा।योजना के खिलाफ देश के विभिन्न हिस्सों में विरोध प्रदर्शन हो रहे हैं।रक्षा मंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि 'अग्निपथ योजना' के तहत भर्ती किए जाने वाले कर्मियों को राज्य सरकारों, निजी उद्योगों, सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों और अर्धसैनिक बलों की विभिन्न नौकरियों में प्राथमिकता दी जाएगी।
यूपी कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष अजय कुमार लल्लू गिरफ्तार
अग्निपथ स्कीम का विरोध कर रहे कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष अजय कुमार लल्लू को यूपी पुलिस ने गिरफ्तार किया है। इसके अलावा प्रदर्शनकारियों ने जौनपुर में बस को आग के हवाले कर दिया।
आप सांसद का खत रक्षा मंत्री के नाम, अग्निपथ स्कीम वापस लेने की मांग
आप के राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा ने रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह को खत लिखकर अग्निपथ स्कीम को वापस लेने का अनुरोध किया है। पहला मुद्दा सैनिकों के लिए "मन की शांति और नौकरी की सुरक्षा" की आवश्यकता थी। उन्होंने कहा, "एक जवान जो करियर बनाने पर विचार कर रहा है या सोच रहा है कि चार साल का कार्यकाल खत्म होने के बाद उसका परिवार कैसे चलेगा, उसके लिए हमारे देश की सेवा करना मुश्किल होगा।दूसरा मुद्दा यह था कि इस योजना ने अपर्याप्त कौशल के मामले की अनदेखी की है। उन्होंने कहा कि प्रशिक्षण की असामान्य रूप से छोटी अवधि का सेवा की गुणवत्ता पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ेगा।
विरोध के नाम पर गुंडई
बिहार पुलिस का कहना है कि उपद्रवी सीधे गोली चला रहे थे। हम लोग जैसे तैसे जिंदा बच पाए। उपद्रवियों ने करीब 100 राउंड फायरिंग की। इसके साथ ही थाना लूटने की कोशिश भी की। मसौढ़ी और जहानाबाद में जमकर हिंसा हुई है।
बिहार में हिंसक प्रदर्शन
Jamui में प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच हुए झड़प, पुलिसकर्मी हुए घायल
Patna के तरेगना स्टेशन पर हिंसक प्रदर्शन, करीब एक दर्जन गाड़ियां जलाई
Danapur में उग्र प्रदर्शन के बाद जानिए कैसे हैं हालात
Agneepath' पर विरोध-प्रदर्शन के साइड इफेक्ट, कई ट्रेन रद्द, Delhi से Bihar जाने वाले यात्री परेशान
Jaunpur में प्रदर्शनकारियों ने बस को किया आग के हवाले
तोड़फोड़, आगजनी से करोड़ों का नुकसान
प्रभात कुमार, डीआरएम, दानापुर रेल मंडल ने कहा कि रेलवे परिसर में तोड़फोड़ की घटनाओं में 200 करोड़ रुपये से अधिक का नुकसान हुआ है, 50 कोच और 5 इंजन पूरी तरह से जल गए और सेवा से बाहर हो गए। प्लेटफार्म, कंप्यूटर और विभिन्न तकनीकी पुर्जे क्षतिग्रस्त हो गए। कुछ ट्रेनें रद्द की गई हैं।
राहुल गांधी ने साधा निशाना
अग्निपथ स्कीम के बारे में कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने एक बार फिर मोदी सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि माफीवीर बनकर देश के युवाओं की बात माननी होगी और इस योजना को वापस लेना ही पड़ेगा।
पटना में सुरक्षा की पुख्ता व्यवस्था
सेना की नई अग्निपथ योजना के खिलाफ बिहार के छात्र-युवा संगठन आईसा-इनौस, रोजगार संघर्ष संयुक्त मोर्चा और सेना भर्ती जवान मोर्चा ने शनिवार को बिहार बंद की घोषणा की है। बंद को लेकर सुरक्षा के पुख्ता प्रबंध के दावा किए गए हैं।इधर, बंद की सुबह ही शरारती तत्व सक्रिय हो गए और जहानाबद जिले में एक खड़ी बस और ट्रक में आग लगा दिया।पुलिस के एक अधिकारी ने बताया कि टेहटा सहायक थाना क्षेत्र में असमाजिक तत्वों ने खड़ी एक बस में आग लगा दी। जहां आग लगाई गई वहीं एक ट्रक भी खड़ी थी, जिससे वह भी जल गई। इस बंद को कई दलों का नैतिक समर्थन भी दिया है।
इधर, बिहार बंद को लेकर प्रशसन और पुलिस सख्त नजर आ रही है। पटना में भी सुरक्षा के पुख्ता प्रबंध किए गए हैं। पटना में सुबह से ही जिलाधिकारी और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक सडकों पर घूम-घूमकर सुरक्षा जायजा ले रहे हैं।पटना के जिलाधिकारी चंद्रशेखर सिंह ने बताया कि पटना में सुरक्षा के पुख्ता प्रबंध किए गए हैं। सभी संदिग्ध इलाकों में पुलिस बलों की प्रतिनियुक्ति की गई है। उन्होंने कहा कि शुक्रवार को हुई अप्रिय घटनाओं में 170 लोगों की पहचान कर ली गई है, जिसमें से 46 लोगों को गिरफ्तार किया गया है। उन्होंने छात्रों से शांतिपूर्वक विरोध करने का आग्रह किया है।गृह विभाग के अपर मुख्य सचिव ने उपद्रवियों से सख्ती से निपटने के आदेश दिए हैं। इस बीच राज्य के 15 जिलों में अगले 48 घंटे के लिए इंटरनेट सेवा बंद कर दी गई है। इसके तहत सोशल नेटवर्किं ग साइट पर पाबंदी लगा दी गई है।
प्रदर्शन की वजह से विजाग रेलवे स्टेशन बंद
केंद्र सरकार की अग्निपथ सैन्य भर्ती योजना के खिलाफ विरोध प्रदर्शनों को रोकने के लिए रेलवे अधिकारियों ने शनिवार को विशाखापत्तनम रेलवे स्टेशन को बंद कर दिया। साथ ही आंध्र प्रदेश के अन्य सभी प्रमुख स्टेशनों पर सुरक्षा कड़ी कर दी।बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन की बन रही योजना की खूफिया सूचना मिलने पर अधिकारियों ने स्टेशन को बंद कर दिया और सुबह 7 बजे ट्रेनों को रोक दिया।अधिकारियों ने कहा कि स्टेशन दोपहर तक बंद रहेगा।
यात्रियों को गहन जांच के बाद सुबह सात बजे तक स्टेशन में जाने दिया गया। बाद में, अधिकारियों ने घोषणा की कि स्टेशन सभी के लिए बंद रहेगा। विजयवाड़ा और हावड़ा से आने वाली सभी ट्रेनों को डायवर्ट किया जा रहा है।इस बीच, गुंटूर रेलवे स्टेशन पर हाई अलर्ट जारी कर दिया गया है कि सेना में शामिल होने के इच्छुक युवा एक बड़े विरोध प्रदर्शन की योजना बना रहे हैं।अधिकारियों ने सुरक्षा कड़ी कर दी है। यात्रियों के टिकट चेक करने के बाद ही उन्हें परिसर में प्रवेश करने दिया जा रहा है।गुंटूर स्टेशन की ओर जा रहे कम से कम 20 युवकों को पुलिस ने कोठापेट से गिरफ्तार किया।हिंसक विरोध प्रदर्शन के मद्देनजर एहतियात के तौर पर आंध्र प्रदेश के विजयवाड़ा, कुरनूल, तिरुपति और अन्य प्रमुख
विरोध के बीच गृहमंत्रालय का बड़ा फैसला
बिहार के हालात पर नजर
ग्निपथ योजना के खिलाफ चल रहे विरोध प्रदर्शन में बिहार में भारी हिंसा और आगजनी हुई है। शुक्रवार को बिहार की उपमुख्यमंत्री रेणु देवी और बिहार भाजपा अध्यक्ष व पश्चिम चंपारण के सांसद संजय जायसवाल के घरों पर हमला बोला गया। पिछले कुछ दिनों में मुजफ्फरपुर, बेगूसराय, बक्सर में विरोध प्रदर्शन के बाद बिहार में रेल यातायात अवरुद्ध कर दिया गया और ट्रेन के डिब्बों में आग लगा दी गई।
बिहार बंद को कई दलों का समर्थन
राजद, हम और वीआईपी जैसे विभिन्न दलों ने शुक्रवार को राज्य के विभिन्न युवा संगठनों द्वारा शनिवार को बुलाए गए बिहार बंद को अपना समर्थन दिया।बिहार में पिछले तीन दिनों से जारी हिंसा और शुक्रवार को भी कई रेलवे संपत्तियों पर हमले और तोड़फोड़ के बीच बंद का आह्वान किया गया है।पटना जिले के दानापुर रेलवे स्टेशन के एक हिस्से में भीड़ ने आग लगा दी। उन्होंने पेट्रोल पंप के पास खड़ी एक कार में आग लगा दी है।इस बीच राजद के राष्ट्रीय अध्यक्ष लालू प्रसाद ने केंद्र की भाजपा सरकार पर निशाना साधा।उन्होंने कहा, "नरेंद्र मोदी की पूंजीवादी सरकार युवा विरोधी नीतियों के जरिए बेरोजगारी बढ़ा रही है। क्या यह सरकार (नरेंद्र मोदी सरकार) ठेकेदारों द्वारा बनाई गई है जो अनुबंध पर नौकरी की पेशकश कर रहे हैं। केंद्र को अग्निपथ योजना को तुरंत वापस लेना चाहिए।उन्होंने युवाओं से शांतिपूर्ण और लोकतांत्रिक तरीके से विरोध करने की भी अपील की।
उनके बेटे और विधानसभा में विपक्ष के नेता तेजस्वी यादव ने कहा, "अगर केंद्र के पास अग्निपथ का औचित्य है तो वे अनुबंध के आधार पर अधिकारियों की भर्ती क्यों नहीं कर रहे हैं और केवल कावां क्यों? केंद्र को स्पष्ट करना चाहिए कि क्या 90 दिनों की छुट्टी है जो एक नियमित सेना के जवान के हकदार हैं। अग्निवीरों पर लागू है या नहीं।"हिंदुस्तानी आवाम मोर्चा और पूर्व मुख्यमंत्री जीतन राम मांझी ने भी बिहार बंद को समर्थन देने की घोषणा की।उन्होंने कहा, "हम देश के उन युवाओं के साथ हैं जो अग्निपथ योजना का विरोध कर रहे हैं। हम किसी भी तरह की हिंसा में विश्वास नहीं करते हैं। हम वैचारिक रूप से युवाओं और देश के हित में 18 जून को बिहार बंद का समर्थन कर रहे हैं।"विकासशील इंसान पार्टी (वीआईपी) के अध्यक्ष और पूर्व मंत्री मुकेश साहनी ने कहा, '"हमने 18 जून को बिहार बंद के लिए युवाओं को नैतिक और वैचारिक समर्थन दिया है। अग्निपथ योजना और नरेंद्र मोदी सरकार के खिलाफ देश के युवाओं में भारी रोष है। यही कारण है कि देश में लाखों युवा सड़कों पर उतर आए हैं। केंद्र सरकार पीछे नहीं हट रही है जो देश के लिए बड़ी चिंता का विषय है। यह बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है।"
कई राज्यों में हिंसक प्रदर्शन
सेना में भर्ती के लिए ‘अग्निपथ’ योजना के खिलाफ देश के विभिन्न हिस्सों में लगातार तीसरे दिन शुक्रवार को विरोध प्रदर्शन के तहत तेलंगाना के सिकंदराबाद में पुलिस की गोलीबारी में एक व्यक्ति की मौत हो गई। आक्रोशित युवाओं के प्रदर्शन के दौरान कई ट्रेनों में आग लगा दी गई, निजी, सार्वजनिक वाहनों, रेलवे स्टेशन में तोड़फोड़ की गई और राजमार्गों तथा रेलवे लाइन को अवरूद्ध कर दिया गया।
शुक्रवार को जान गंवाने वाले युवक की पहचान वारंगल जिले के दबीरपेट गांव के रहने वाले 24 वर्षीय राकेश के रूप में हुई है। बुधवार से शुरू हुए हिंसक प्रदर्शन के बाद मौत का यह पहला मामला सामने आया है।
पड़ोसी राज्य बिहार और पश्चिम बंगाल के कुछ भागों में अग्निपथ योजना के खिलाफ विरोध-प्रदर्शन के मद्देनजर राज्य सरकार ने शुक्रवार को सभी जिला प्रशासनों को एहतियाती कदम उठाने को कहा ताकि कहीं भी कानून-व्यवस्था की स्थिति खराब न हो।
पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी ने ‘पीटीआई-भाषा’ से कहा कि किसी भी अप्रिय घटना से बचने के लिए शहर और जिलों के सभी पुलिस थानों को अपने अंतर्गत आने वाले क्षेत्रों पर कड़ी निगरानी रखने के लिए सतर्क कर दिया गया है।
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और थल सेना प्रमुख जनरल मनोज पांडे ने भर्ती योजना को लेकर पैदा चिंताओं को दूर करने की कोशिश की लेकिन आक्रोशित युवाओं ने ईंट-पत्थर, लाठियां लिए हुए कई जगह रेलवे परिसर में बवाल मचाया और विभिन्न शहरों, कस्बों में राजमार्गों को अवरूद्ध कर दिया।
रेलवे अधिकारियों ने कहा कि 340 ट्रेन का परिचालन प्रभावित हुआ और अब तक 234 ट्रेन रद्द की जा चुकी हैं। अधिकारियों ने कहा कि प्रदर्शनकारी अब तक सात ट्रेनों के डिब्बों को आग लगा चुके हैं। प्रदर्शनकारियों ने पूर्व मध्य रेलवे (ईसीआर) जोन में तीन चलती ट्रेनों के डिब्बों और उसी जोन के कुल्हरिया में एक खाली बोगी को क्षतिग्रस्त कर दिया। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश के बलिया में धुलाई के लिये कतार में खड़ी एक ट्रेन की एक बोगी को भी नुकसान पहुंचाया गया। ईसीआर जोन में अब तक 64 ट्रेन को गंतव्य से पहले ही रोक दिया गया है।
यूपी में 260 गिरफ्तार
सशस्त्र बलों में भर्ती की केन्द्र की नयी 'अग्निपथ' योजना के खिलाफ उत्तर प्रदेश के कई स्थानों पर प्रदर्शनकारियों ने शुक्रवार को लगातार दूसरे दिन भी हिंसक प्रदर्शन किया। बलिया में प्रदर्शनकारियों ने एक ट्रेन के खाली डिब्बे को आग के हवाले कर दिया और अलीगढ़ में एक पुलिस चौकी फूंक दी गयी।
हिंसक प्रदर्शन के मामले में प्रदेश में अब तक 260 लोगों को गिरफ्तार किया गया है।
अपर पुलिस महानिदेशक (कानून-व्यवस्था) प्रशांत कुमार ने बताया कि अलीगढ़ के टप्पल क्षेत्र में कुछ नौजवानों के एक समूह ने अलीगढ़-पलवल राज्यमार्ग पर स्थित जट्टारी पुलिस चौकी में आग लगा दी। इसके अलावा उन्होंने पुलिस के एक वाहन को भी आग के हवाले कर दिया।
उन्होंने बताया कि प्रदर्शनकारियों ने अलीगढ़ और टप्पल के बीच फंसे कुछ निजी वाहनों पर पथराव भी किया। हिंसक प्रदर्शन के दौरान खैर के पुलिस क्षेत्राधिकारी इंदु सिद्धार्थ घायल भी हो गये। हालांकि उन्हें मामूली चोटें आयी हैं।
कुमार ने बताया कि प्रदेश में 17 जगहों से धरना प्रदर्शन की सूचना आई हैं। हिंसक घटनाओं के मामले में वाराणसी में तीन तथा फिरोजाबाद, अलीगढ़ और गौतम बुद्ध नगर जिलों में एक-एक मुकदमा दर्ज किया गया है। वारदात ग्रस्त पांच जिलों में कुल 260 लोगों को गिरफ्तार किया गया है।
उन्होंने बताया कि सबसे ज्यादा 109 गिरफ्तारियां बलिया में की गई हैं। इसके अलावा मथुरा में 70, अलीगढ़ में 31, वाराणसी में 27 तथा गौतम बुद्ध नगर में 15 लोगों को गिरफ्तार किया गया है।
अलीगढ़ के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक कलानिधि नैथानी ने बताया कि जिले में हिंसा के मामले में 30 लोगों को हिरासत में लिया गया। हिंसाग्रस्त टप्पल इलाके में बल ने फ्लैग मार्च किया। उन्होंने बताया कि घटना के बाद पुलिस की साइबर सेल के माध्यम से सोशल मीडिया पर पैनी निगाह रखी जा रही है।
बलिया में ‘अग्निपथ’ योजना के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे कुछ नौजवानों ने बलिया रेलवे स्टेशन पर एक ट्रेन के खाली डिब्बे में आग लगा दी और कुछ बसों में तोड़फोड़ की। इसके बाद पुलिस को लाठीचार्ज करना पड़ा।
केंद्र सरकार स्लोगनवीर है
अग्निपथ’ योजना के तहत सेना में ‘अग्निवीरों’ की भर्ती की हाल में की गई घोषणा और उसके खिलाफ देश के कई हिस्सों में हो रहे हिंसक प्रदर्शनों के बीच झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने केंद्र पर निशाना साधा है।उन्होंने शुक्रवार को कटाक्ष करते कहा कि इस ‘स्लोगनवीर’ सरकार से और उम्मीद भी क्या की जा सकती है।
इसपर तुरंत पलटवार करते हुए भाजपा ने उन्हें ‘घोषणावीर’ बता दिया।
सोरेन ने ‘अग्निपथ’ योजना पर कटाक्ष करते हुए शुक्रवार को ट्वीट किया, ‘‘बहाली अनुबंध पर एवं नाम अग्निवीर!’’
उन्होंने आगे कहा, ‘‘इस स्लोगनवीर सरकार से और उम्मीद भी क्या की जा सकती है ? !!! जागो भविष्य के कर्णधारों जागो !!!’’
इसपर पलटवार करते हुए भारतीय जनता पार्टी(भाजपा) के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष और राज्य के पूर्व मुख्यमंत्री रघुवर दास ने हेमंत सोरेन एवं उनकी सरकार को ‘घोषणावीर’ बताया और उनके द्वारा राज्य की जनता से किये गये वादों की याद दिलायी।
रघुवर दास ने जवाबी ट्वीट किया, ‘‘घोषणावीर व्यक्ति को यह उपदेश शोभा नहीं देता।’’
दास ने कहा, ‘‘एक साल में पांच लाख नौकरी का वादा कर लोगों का रोजगार छीनने वाले और बेरोजगारी भत्ता देने का झूठा वादा करने वाले आज युवाओं के हितैषी बनने का ढोंग कर रहे हैं।’’
दास ने कहा, ‘‘भविष्य के कर्णधार आपको इसका माकूल जवाब देंगे घोषणावीर मुख्यमंत्री जी!’’
सत्ताधारी झारखंड मुक्ति मोर्चा के प्रवक्ता सुप्रियो भट्टाचार्य ने भी शुक्रवार शाम एक संवाददाता सम्मेलन में ‘अग्निपथ’ योजना की आलोचना की। उन्होंने सवाल किया कि ‘‘कहीं सेना में ठेका प्रथा होती है क्या?’’

