Shravasti Lok Sabha: उत्तर प्रदेश की श्रावस्ती लोकसभा सीट पर देर रात अचानक इंडिया गठबंधन की तरफ से समाजवादी पार्टी के प्रत्याशी राम शिरोमणि वर्मा का टिकट काट दिया गया, उनकी जगह पर बलरामपुर के रहने वाले धीरेंद्र प्रताप सिंह उर्फ धीरु भैया को नया प्रत्याशी घोषित किया गया है। इसका मुख्य कारण बताया जा रहा है कि श्रावस्ती लोकसभा में स्थानीय बनाम बाहरी का विरोध काफी चल रहा था, जिसको देखते हुए समाजवादी पार्टी के मुखिया अखिलेश यादव ने यह फैसला लिया है। हालांकि, अभी तक अखिलेश यादव की तरफ से कोई आधिकारिक घोषणा नहीं की गई है, लेकिन लखनऊ से लौटे धीरेंद्र प्रताप सिंह धीरू का श्रावस्ती लोकसभा में जोरदार स्वागत किया गया। उन्होंने कहा कि हमको राष्ट्रीय अध्यक्ष ने प्रत्याशी घोषित किया है और हम नामांकन भी करायेंगे।
सपा के राम शिरोमणि वर्मा पहले ही कर चुके हैं नामांकन
बता दें कि श्रावस्ती सीट पर होने वाले लोकसभा चुनाव के लिए की चार मई को राम शिरोमणि वर्मा ने समाजवादी पार्टी के प्रत्याशी के रूप में नामांकन कराया था और 5 मई को उनका देर शाम टिकट काट दिया गया। उनकी जगह धीरेंद्र प्रताप सिंह उर्फ धीरु भैया को यहां का नया प्रत्याशी बनाया गया है, जिसके बाद श्रावस्ती की सियासत में हड़कंप मचा हुआ है।
मौजूदा सांसद हैं राम शिरोमणि
राम शिरोमणि वर्मा श्रावस्ती के मौजूदा सांसद हैं और 2019 में बसपा की तरफ से सांसद चुने गए थे। हालांकि, राम शिरोमणि वर्मा को बसपा ने किन्हीं कारणों से पार्टी से निष्कासित कर दिया, जिसके बाद समाजवादी पार्टी ने इंडिया गठबंधन की तरफ से उन्हें अपना प्रत्याशी घोषित कर दिया। हालांकि, श्रावस्ती में राम शिरोमणि का काफी विरोध हो रहा था और जगह-जगह सपा कैंडिडेट के खिलाफ विरोध प्रदर्शन भी हो रहा था। जिसको लेकर अखिलेश यादव ने नामांकन के अंतिम दिन ये बड़ा फैसला लिया और राम शिरूमणि वर्मा का टिकट काटकर धीरेंद्र प्रताप सिंह उर्फ धीरू को यहां का नया प्रत्याशी घोषित किया है।
