Lok Sabha Election 2024: उत्तर प्रदेश की अमेठी व रायबरेली लोकसभा सीट पर सस्पेंस बरकरार है। इन दोनों सीटों पर नामांकन दाखिल करने की अंतिम तारीख 3 मई है, लेकिन कांग्रेस पार्टी ने अब तक अपने पत्ते नहीं खोले हैं। इसके पीछे बड़ा कारण राहुल गांधी व प्रियंक गांधी की ओर से सहमति नहीं मिलना है। कांग्रेस के सूत्रों के मुताबिक, गांधी परिवार के दोनों सदस्य इन सीटों पर चुनाव लड़ने को लेकर पशोपेश में हैं।
सूत्रों का कहना है कि राहुल गांधी वायनाड छोड़ने को तैयार नहीं हैं। उन्होंने कहा है कि वह अमेठी से चुनाव तो लड़ लेंगे, लेकिन शर्त ये है कि जीतने पर भी वायनाड नहीं छोड़ेंगे। वहीं, प्रियंका गांधी नहीं चाहती कि गांधी परिवार के तीनों सदस्य सांसद बनें और प्रधानमंत्री मोदी को वंशवाद की राजनीति पर हमला करने का एक और मौका मिला जाए।
अब सोनिया करेंगी दखल
गांधी परिवार का मजबूत गढ़ कही जाने वाली दोनों सीटों पर अब तक प्रत्याशियों का ऐलान होने के बाद अब सोनिया गांधी खुद दखल करेंगी। कांग्रेस सूत्रों का कहना है कि पार्टी अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने सोनिया गांधी से राहुल व प्रियंका गांधी को मनाने के लिए हस्तक्षेप की अपील की है। खरगे ने सोनिया गांधी से कहा है कि अमेठी-रायबरेली गांधी परिवार नहीं लड़ेगा तो पूरे उत्तर भारत मे खराब संदेश जाएगा। उन्होंने कहा है कि दोनों को लड़ना होगा, वरना कम से कम कोई एक लड़े। माना जा रहा है कि सोनिया गांधी के दखल के बाद गांधी परिवार का कोई एक शख्स चुनाव जरूर लड़ सकता है।
24 से 30 घंटे में सामने आ सकता है नाम
अमेठी और रायबरेली लोकसभा सीट पर कांग्रेस उम्मीदवारों को लेकर संशय के बीच कांग्रेस महासचिव जयराम रमेश ने कहा कि कोई भयभीत नहीं है और इस बारे में फैसले की घोषणा अगले 24-30 घंटे में की जाएगी। उन्होंने कहा कि पार्टी की केंद्रीय चुनाव समिति (सीईसी) ने कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे को अमेठी और रायबरेली संसदीय सीटों पर उम्मीदवारों के नाम को अंतिम रूप देने के लिए अधिकृत किया है। मुझे उम्मीद है कि अगले 24-30 घंटे में कांग्रेस अध्यक्ष निर्णय लेंगे और उनके निर्णय की घोषणा की जाएगी।
(इनपुट - गौरव श्रीवास्तव)
