Lal Bahadur Shastri ka Jivan Parichay in hindi: लाल बहादुर शास्त्री का जन्म 2 अक्टूबर को हुआ था, यही कारण है कि इस दिन को लाल बहादुर शास्त्री की जयंती मनाई जाती है। लाल बहादुर शास्त्री के जन्मदिन के अवसर पर इस लेख के माध्यम से इनके जीवन के बारे में जानेंगे। (Lal Bahadur Shastri ka Jivan Kaisa tha) उनका व्यक्तिगत जीवन, राजनीतिक जीवन, उपलब्धियां क्या है। वे देश के कब प्रधानमंत्री बने, गृह मंत्री बने, उनका दिया वो नारा कौन सा है जिसे आज भी स्कूली किताबों में पूछा जाता है इत्यादि
लाल बहादुर शास्त्री कौन थे? Lal Bahadur Shastri Kaun the
लाल बहादुर शास्त्री के बारे में हमें जरूर जानना चाहिए, वे बेहद सम्माननीय व्यक्ति में से एक रहे हैं। वे स्वतंत्र भारत के दूसरे प्रधानमंत्री थे। उन्होंने 1964 से 1966 तक भारत के दूसरे प्रधानमंत्री के रूप में सेवा दी। वे भारतीय राजनीतिज्ञ और राजनेता भी थे। (Lal Bahadur Shastri Biography) इससे पहले, उन्होंने 1961 से 1963 तक भारत के छठे गृह मंत्री के रूप में कार्य किया है। 1965 के भारत-पाक युद्ध के दौरान उनके उत्कृष्ट नेतृत्व ने लोगों के दिल में जगह बनाई।
लाल बहादुर शास्त्री का जीवन, Lal Bahadur Shastri ka Jivan Parichay
लाल बहादुर शास्त्री का जन्म 2 अक्टूबर 1904 को उत्तर प्रदेश के मुगलसराय में हुआ था, जिसे अब 'पंडित दीनदयाल उपाध्याय नगर' के नाम से जाना जाता है। लाल बहादुर शास्त्री के पिता का नाम शारदा प्रसाद श्रीवास्तव था, जो एक शिक्षक थे लेकिन बाद में राजस्व विभाग में क्लर्क के तौर पर काम करने लगे। (Lal Bahadur Shastri ka Jivan Charitra) लाल बहादुर शास्त्री की माता का नाम रामदुलारी देवी था। लाल बहादुर शास्त्री जी जब मात्र डेढ़ वर्ष के थे, तभी उनके पिता का निधन हो गया। इसके बाद उनका पालन-पोषण ननिहाल में हुआ।
पढ़ाई लिखाई और स्वभाव, Lal Bahadur Shastri Education
क्या आप जानते हैं लाल बहादुर शास्त्री जी बचपन से ही बेहद सरल और मेधावी थे। उन्होंने वाराणसी के हरिश्चंद्र हाई स्कूल और काशी विद्यापीठ से शिक्षा प्राप्त की। काशी विद्यापीठ से उन्होंने 'शास्त्री' की डिग्री प्राप्त की, जिसके बाद उनके नाम में 'शास्त्री' लग गया।
लाल बहादुर शास्त्री का राजनीतिक जीवन, Lal Bahadur Shastri Career
लाल बहादुर शास्त्री जी का राजनीतिक जीवन स्वतंत्रता संग्राम से शुरू हुआ। वे महात्मा गांधी से अत्यधिक प्रभावित थे। उन्होंने स्कूल छोड़कर 1921 में असहयोग आंदोलन में भाग लिया। उन्हें कई बार जेल भी जाना पड़ा। बेहद शांत स्वभाव के होने के बावजूद उनके चेहरे पर बिल्कुल डर नहीं रहता था, उनके आत्मबल में कोई कमी नहीं आई।
उपलब्धियां
भारत को स्वतंत्रता मिलने के बाद वे सबसे पहले उत्तर प्रदेश सरकार में मंत्री बने और फिर केंद्र में रेल मंत्री, परिवहन मंत्री, वाणिज्य मंत्री आदि पदों पर कार्य किया। उनके कार्यकाल में उन्होंने कई प्रशासनिक बदलाव और सुधार किए। अपने स्वभाव व काम के लिए वे जनता के बीच लोकप्रिय हो गए।
देश के दूसरे प्रधानमंत्री, Lal Bahadur Shastri as a Prime Minister
स्वतंत्र भारत के पहले प्रधानमंत्री का नाम लगभग सभी को पता है - पंडित जवाहर लाल नेहरू, जबकि दूसरे प्रधानमंत्री का नाम लाल बहादुर शास्त्री था। पंडित जवाहरलाल नेहरू की मृत्यु के बाद 9 जून 1964 को शास्त्री को भारत के दूसरे प्रधानमंत्री के रूप में शपथ दिलाई गई।
लाल बहादुर शास्त्री का प्रसिद्ध नारा, Lal Bahadur Shastri Famous Quotes
ये सवाल तो आज भी एकेडमिक लेवल पर पूछा जाता है। बता दें, लाल बहादुर शास्त्री ने "जय जवान, जय किसान" का नारा दिया था, जो आगे चलकर बहुत प्रसिद्ध हुआ। शास्त्री जी ने राष्ट्र निर्माण और विकास में सैनिकों और किसानों दोनों के महत्व पर जोर दिया। आपने ध्यान दिया होगा कि उन्होंने 1964 से 1966 तक भारत के दूसरे प्रधानमंत्री के रूप में काम किया और 1965 में भारत पाक का युद्ध हुआ था। यानी उस समय देश के प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री थे।
लाल बहादुर शास्त्री का निधन, Lal Bahadur Shastri Death
भारत और पाकिस्तान के बीच एक समय आया जब युद्धविराम हो गया। इसके बाद, ताशकंद समझौते पर हस्ताक्षर करने के लिए वे जनवरी 1966 में ताशकंद (अब उज्बेकिस्तान) गए। वहां 11 जनवरी 1966 को रहस्यमय परिस्थितियों में उनकी मृत्यु हो गई। उनकी मौत पर कारण बहुत स्पष्ट नहीं है।
निष्कर्ष
लाल बहादुर शास्त्री न केवल एक कुशल प्रशासक थे, बल्कि एक आदर्श नागरिक भी। Lal Bahadur Shastri ka jivan parichay आज भी युवाओं को प्रेरणा देता है। उनकी ईमानदारी और सादगी हमारे देश और हमारे लिए किसी धरोहर से कम नहीं।
