उत्तर प्रदेश के बरेली के थाना सुभाषनगर के सनईया धनसिंह निवासी तेजराम की 35 वर्षीय बेटी रानी का विवाह रुद्रपुर के शिव नगर निवासी अलकेश से 20 साल पहले हुआ था। वह पांच भाई-बहनों में सबसे बड़ी थी। बहनों की शादी होने के बाद वह मायके चली गई। भाई रामू और लखन घर पर रह गए। रामू की भी शादी हो गई चुकी है।
अब से कुछ साल पहले टेंपो खरीदने के लिए भाई रामू ने उससे 51 हजार रुपये उधार लिए थे। रानी की बड़ी बेटी शिवानी का विवाह था। वह 15 मार्च को भाई रामू से अपने रुपये लेने आई थी। रामू ने रुपये मांगने पर अपनी बहन की गला दबाकर हत्या कर दी। उसके बाद उसने घर में ही चार फिट गहरा गड्डा खोदकर बहन के शव को दफना दिया, उसके कुछ दिन बाद उस पर फर्श पड़वा दिया।
आरोपी रामू की निशानदेही पर रानी के शव को बरामद कर लिया गया
इस दौरान भाई लखन ने बहन का पर्स चारपाई पर पड़ा देखा। उसने बहन के ना मिलने पर 17 मार्च को थाना सुभाषनगर में गुमशुदगी दर्ज कराई थी। तब से वह लापता चल रही थी। इस दौरान लखन ने देखा कि जिस चारपाई पर उसका भाई बैठता है वहां नया पर्स पड़ा है। उसने इसकी सूचना पुलिस को दी। पुलिस ने आरोपी रामू की निशानदेही पर रानी के शव को बरामद कर लिया। शव का पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
कॉलगर्ल की भी कर चुका था हत्या
रामू अपराधी किस्म का था। उसने बहन से 51 हजार रुपये टेंपो खरीदने को लिए थे। टेंपो लेने के बाद उसने सीबीगंज निवासी कॉल गर्ल का अपने साथी मोनू यादव के साथ मिलकर मर्डर कर दिया। वह उसके शव को दो दिन तक टेंपो से लेकर घुमता रहा। इस मामले में वह जेल भी गया था वहीं इस मामले में क्षेत्राधिकारी प्रथम पंकज श्रीवास्तव का कहना है आरोपी ने बताया उसकी बहन दारू पीती थी जिससे वह दुखी था उसने उसकी गला घोट कर हत्या कर दी
