Delhi Book Fair: राजधानी दिल्ली में जल्दी ही पुस्तक मेला का अयोजन होने वाला है। इसकी तारीखों का भी एलान कर दिया गया है। इस बार बुक फेयर 10 से 18 फरवरी तक लगेगा। जल्द ही किताबों के शौकीनों को एक बार फिर कई भाषाओं में किताबें पढ़ने का मौका मिलेगा। इस बार पुस्तक मेला का थीम 'बहुभाषी भारत एक जीवंत परंपरा' रखी गई है। हर साल की तरह इस बार भी पुस्तक मेला प्रगति मैदान में ही लगाया जाएगा। इस बार का बुक फेयर हिंदी, इंग्लिश सहित तमाम भारतिय भाषाओं में लगेगा। साथ ही विदेशी साहित्य का भी अयोजन किया जाएगा।
लेकिन क्या आप जानते हैं कि सबसे पहले बुक फेयर कब लगा था। विश्व पुस्तक मेले की शुरूआत पहली बार 18 मार्च से 4 अप्रैल तक सन 1872 में जनपथ के विंडसर में हुआ था। वहीं इसकी नींव राष्ट्रपति वीवी गिरी ने रखी थी। पहले पुस्तक मेले में सिर्फ 4 से 5 देशों के लोग ही शामिल होते थे, लेकिन बाद में इसकी संख्या बढ़कर लगभग 25 हो गई थी।
बच्चों और युवाओं के लिए अलग स्टॉल्स
हर बार की तरह इस बार भी बुक फेयर में बच्चों से लेकर बड़ों तक के लिए अलग-अलग स्टॉल्स लगाए जाएंगे। जहां कई तरह की अनोखी किताबों का संग्रह होगा। वहीं इस बार के थीम इस तरह रखा गया है, जिससे कि बच्चे और युवा एक ही विषय में शिक्षा लेने की बधंन में न बंधे, बल्कि अपनी मातृभाषा में रचनात्मक तरीके से अपने मन के भावों को व्यक्त कर सकें।
इतनी तरह की किताबें होंगी अवेलेबल
इस बार बुक फेयर में लोक साहित्य, बाल साहित्य, कला, अध्यात्म, संस्कृति, विज्ञान, तकनीक सहित तमाम तरह की रोचक किताबों की स्टॉल्स लगाई जाएंगी। अलग-अलग भाषाओं के जरिए लोग अपने विचारों को खुलकर व्यक्त कर सकेंगे। वहीं पाठक अपनी मातृभाषा में किताबें खरीद सकेंगे। बच्चों के लिए तकरीबन 600 से ज्यादा कार्यक्रमों का आयोजन किया जाएगा।
