राजस्थान में आज का मौसम (26 Jan 2026): उत्तर भारत से आ रही सर्द हवाओं ने राजस्थान में ठंड का असर और तीखा कर दिया है। हालात ऐसे हैं कि कई जिलों में सुबह के वक्त खेतों, वाहनों और खुले इलाकों में बर्फ की परत जमती दिखी। नागौर और सीकर के फतेहपुर जैसे इलाकों में तापमान शून्य से नीचे चला गया, जिससे जनजीवन के साथ-साथ फसलों पर भी संकट गहराने लगा है। हालांकि दिन में धूप निकली, लेकिन हवाओं की ठंडक ने राहत महसूस नहीं होने दी।
दिन में धूप, लेकिन ठिठुरन बरकरार
पिछले 24 घंटों के दौरान प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में आसमान साफ रहा और तेज धूप भी खिली, मगर सर्द हवाओं ने धूप में भी कंपकंपी बनाए रखी। हालात यह रहे कि राज्य के किसी भी शहर में अधिकतम तापमान 23 डिग्री सेल्सियस तक नहीं पहुंच पाया। जयपुर, अजमेर, जोधपुर, उदयपुर जैसे बड़े शहरों में भी दिन का तापमान सामान्य से नीचे दर्ज किया गया, जिससे सर्दी का असर दिनभर महसूस होता रहा।
माइनस तापमान और पाले से बढ़ी चिंता
राज्य के शेखावाटी और आसपास के इलाकों में ठंड सबसे ज्यादा असर दिखा। नागौर में न्यूनतम तापमान माइनस 1 डिग्री से नीचे चला गया, जबकि फतेहपुर में भी पारा शून्य के आसपास दर्ज हुआ। झुंझुनूं, चूरू, हनुमानगढ़ और सीकर जैसे जिलों में पाले की वजह से किसानों की चिंता बढ़ गई है, क्योंकि फसलों को नुकसान की आशंका जताई जा रही है। सुबह के समय घनी ठंड और कम विजिबिलिटी ने लोगों की दिनचर्या भी प्रभावित की।
पश्चिमी विक्षोभ से बदलेगा मौसम का मिजाज
मौसम विभाग के अनुसार 26 और 27 जनवरी के बीच एक नया पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने वाला है। इसके असर से पश्चिमी और उत्तरी राजस्थान के कई जिलों में मौसम करवट ले सकता है। 27 जनवरी को बीकानेर, जयपुर, भरतपुर, कोटा और अजमेर संभाग के कुछ हिस्सों में बादल गरजने, तेज हवाएं चलने और हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है। कुछ इलाकों में ओलावृष्टि भी हो सकती है, जिसके लिए सतर्क रहने की सलाह दी गई है।
शीतलहर से मिलेगी राहत
पश्चिमी विक्षोभ के असर से अगले 48 घंटों में तापमान में 2 से 4 डिग्री सेल्सियस तक की बढ़ोतरी होने की संभावना है। इससे मौजूदा शीतलहर से कुछ राहत मिल सकती है। हालांकि बारिश और बादलों के बाद जब मौसम साफ होगा, तब एक बार फिर कोहरा और हल्की ठंड लौटने के आसार बने रहेंगे। मौसम विभाग ने लोगों को खराब मौसम के दौरान सावधानी बरतने और खुले इलाकों से बचने की सलाह दी है।
