LPG Crisis: अमेरिका-इजरायल और ईरान के बीच चल रहे युद्ध का आज 11वां दिन है। इस लड़ाई का असर अब भारत में रसोई के अंदर तक दिखने लगा है। देश के अलग-अलग शहरों से LPG सिलेंडर की किल्लत की खबरें आने लगी हैं। ऐसी ही खबरें उत्तर प्रदेश के प्रमुख शहरों से भी सामने आ रही हैं। इनमें राजधानी लखनऊ के साथ ही प्रयागराज और गोरखपुर सहित तमाम छोटे-बड़े शहर शामिल हैं।
LPG Crisis को लेकर लोगों की चिंता लगातार बढ़ती नजर आ रही है। लखनऊ, प्रयागराज, गोरखपुर सहित यूपी के कई शहरों में उपभोक्ताओं को गैस सिलेंडर के लिए काफी लंबा इंतजार करना पड़ रहा है। कई शहरों और कस्बों में तो बुकिंग के 4 से 5 दिन बाद भी सिलेंडर की डिलीवरी नहीं हो पा रही है, जिसके कारण गैस एजेंसियों के बाहर लंबी-लंबी कतारें देखने को मिल रही हैं।
नवाबों की नगरी लखनऊ के लालबाग में एक गैस एजेंसी पर मंगलवार को उस समय हंगामा हो गया, जब एक ग्राहक की पासबुक फाड़े जाने का आरोप लगाया गया। राजधानी लखनऊ में इस घटना के बाद वहां काफी देर तक एजेंसी के बाहर हंगामे की स्थिति बनी रही। स्थानीय लोगों के अनुसार कई उपभोक्ता एक साथ 2-3 सिलेंडर लेकर गैस एजेंसी पहुंच रहे हैं, जिससे हालात और बिगड़ते चले जा रहे हैं।
मुख्यमंत्री योगी के गृहनगर गोरखपुर में भी गैस एजेंसियों के बाहर LPG सिलेंडर लेने के लिए लंबी कतारें देखने को मिल रही हैं। कई लोग तो दो-तीन दिन से अपनी बारी का इंतजार कर रहे हैं। इसके बावजूद लोगों को सिलेंडर मिलना मुश्किल हो रहा है। अब तो लोगों को आज से 15-20 साल पुराने दिन याद आने लगे हैं, जब LPG सिलेंडर के लिए महीने-महीने भर इंतजार करना पड़ता था।
प्रशासन का कहना है कि LPG Crisis को लेकर घबराने की कोई जरूरत नहीं है। असल में अधिकारियों के अनुसार LPG Crisis जैसे हालात नहीं हैं। लखनऊ के जिला पूर्ति अधिकारी विजय प्रताप सिंह ने बताया कि जिले में फिलहाल पर्याप्त मात्रा में गैस उपलब्ध है और लगभग 25 दिनों का स्टॉक उपलब्ध है। उन्होंने कहा कि कुछ जगहों पर अचानक मांग बढ़ने से वितरण में थोड़ी परेशानी जरूर आई है, लेकिन हालात फिलहाल नियंत्रण में है।
इधर तेल कंपनियों ने भी गैस की किल्लत की खबरों को भ्रामक करार दिया है। कंपनियों ने उपभोक्ताओं को मैसेज भेजकर कहा है कि देश में ईंधन का पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध है और किसी को भी घबराने की जरूरत नहीं है। हालांकि, दूसरी ओर यह भी सामने आया है कि तेल कंपनियों ने कॉमर्शियल गैस सिलेंडरों की सप्लाई फिलहाल कम कर दी है। तेल कंपनियों की तरफ से एजेंसियों को घरेलू सिलेंडरों की आपूर्ति को प्राथमिकता देने के निर्देश दिया गया है। लेकिन इसका असर होटल, रेस्त्रां और ढाबा संचालकों पर पड़ रहा है, जिन्हें कॉमर्शियल सिलेंडर मिलने में दिक्कत हो रही है और वह अपना व्यवसाय ठीक से चलाने में परेशानी महसूस कर रहे हैं।
उत्तर प्रदेश में इस समय लगभग 4.26 करोड़ घरेलू LPG कनेक्शन हैं, जिनमें से लगभग 1.87 करोड़ कनेक्शन उज्ज्वला योजना के तहत दिए गए हैं। हर दिन औसतन 5 से 6 लाख सिलेंडरों की खपत पूरे राज्य में होती है। इधर प्रशासन ने गैस बुकिंग की प्रक्रिया को भी सख्त किया है। अब 80 प्रतिशत बुकिंग OTP के जरिए की जाएगी। जिन उपभोक्ताओं को OTP नहीं मिल रहा है, उन्हें KYC कराने और मोबाइल नंबर अपडेट कराने की सलाह दी गई है। यही नहीं सिलेंडर बुकिंग के बीच का समय 21 दिन से बढ़ाकर 25 दिन कर दिया गया है, ताकि सप्लाई को बेहतर तरीके से मैनेज किया जा सके।
