Monu Manesar: बजरंग दल से जुड़े मोनू मानेसर को नूंह में हिंसा भड़काने के आरोप में हरियाणा पुलिस ने मंगलवार को गिरफ्तार किया था। उसके पास से पुलिस को एक पिस्टल, 3 कारतूस और मोबाइल मिला। इसके बाद उसकी पेशी नूंह की आदालत में की गई। उसके बाद उसे राजस्थान पुलिस ने नूंह से शाम 7 बजे कामां (भरतपुर) लाई। यहां उसे कोर्ट में पेश में किया गया। जज ने मोनू मानेसर को पुलिस की 2 दिन के रिमांड पर भेज दिया।
कौन है मोनू मानेसर?
हलांकि मोनू का असली नाम मोहित यादव है। जब वह बजरंग दल से जुड़ा तो उसका नाम मोनू मानेसर हो गया क्योंकि वह मानेसर का रहने वाला था। वहीं, मोनू बजरंग दल में गोरक्षा दल के प्रमुख के रूप में काम करने लगा। बताया जा रहा है कि वो पिछले लगभग 10 से 12 सालों से बजरंग दल से जुड़ा हुआ है। वहीं, मोनू शादीशुदा है। उसके दो बच्चे भी हैं।
नूंह में हिंसा भड़काने का आरोपी
दरअसल, मोनू मानेसर पर नूंह में हिंसा भड़काने के साथ नासिर-जुनैद हत्याकांड की साजिश रचने का भी आरोप है। नूंह में ब्रजमंडल यात्रा से पहले मोनू ने एक वीडियों जारी किया था, जिसमें उन्होंने यात्रा में शामिल होने की बात कही थी। हालांकि वो इस यात्रा में शामिल नहीं हुआ था। लेकिन हरयाणा के नूंह में 31 जुलाई को जो हिंसा भड़क उठी थी उसमें दो होमगार्ड समेत 6 लोगों की मौत हो गई थी। इसको लेकर हिरयाणा पुलिस मोनू मानेसर की तलाश में जुटी हुई थी।
नासिर-जुनैद हत्याकांड का आरोपी
वहीं, दूसरा आरोप नासिर-जुनैद हत्याकांड को लेकर भी है। 16 फरवरी 2023 को हरियाणा के भिवानी में बोलेरो कार में पुलिस को नासिर और जुनैद की जली हुई लाशें मिली थी। लाश मिलने के बाद पुलिस ने मोनू मानेसर सहित अन्य लोगों पर विभिन्न धाराओं में केस दर्ज किया था। वहीं, मृतकों के परिजनों ने आरोप लगाया कि बजरंग दल के सदस्यों ने उनका अपहरण कर उनके साथ मारपीट की और उसको जिंदा जला दिया। जब से पुलिस मोनू मानेसर सहित अन्य आरोपियों की तलाश कर रही थीं।
