जयपुर के कालाडेरा में मंहगाई राहत कैंप में मुख्यमंत्री अशोक गहलोत की सभा में दो कांग्रेसी नेता आपस में भिड़ गए। ऑल इंडिया प्रोफेशनल कांग्रेस की प्रदेश अध्यक्ष रानी रुक्ष्मणी कुमारी और चौमू से कांग्रेस के पूर्व विधायक भगवान सहाय सैनी कुर्सी को लेकर भिड़ गए। विवाद की वजह बना मंच पर मुख्यमंत्री के साथ कुर्सी पर बैठना।
दरअसल कार्यक्रम के मंच पर रुक्ष्मणी कुमारी की कुर्सी नहीं लगाई। नाराज हो कर रुक्ष्मणी कुमारी मंच के सामने जनता के बीच बैठ गई। गहलोत जब मंच पर पहुंचे तो रुक्ष्मणी को सामने जनता के बीच बैठा देखकर ऊपर बुलाया और कुर्सी लगवाई। उसके बाद रुक्ष्मणी भगवाय सहाय सैनी से उलझ पड़ी। सैनी को कुर्सी नहीं लगाने पर खरी खोटी सुनाई कहा ऐसी हरकतों से कांग्रेस मजबूत नहीं होगी। सैनी ने भी पलटवार किया और कहा कि आप खुद को क्या समझती है। जिस पर विपक्ष ने हमला बोला है।
कुछ ऐसे ही हालात दूसरे कैंपों में बन रहे हैं। जहां कांग्रेस में टिकट के दावेदार कैंपों में श्रेय लेने के लिए टकरा रहे हैं। कोटा में भी बीजेपी विधायक मदन दिलावर ने कैम्प में पहुंचकर उसे बन्द करवा दिया। उनका कहना था कि जनता को बेवजह परेशान किया जा रहा है।
मुख्यमंत्री अशोक गहलोत अगले विधानसभा चुनाव में इन कैंप को गेम चेंजर मानकर पूरी ताकत झौंक रहे हैं। इन कैंप में मुफ्त में घर का राशन समेत कई सुविधाओं के लिए रजिस्ट्रेशन किया जा रहा है। लेकिन विपक्ष हमलावर है और उनके विधायक कुर्सी के लिए लड़ रहे है। ऐसे में गेम चेंज होकर किस तरफ जाएगा यह कहना मुश्किल है। (भंवर पुष्पेंद्र की रिपोर्ट)
