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फरीदाबाद में 'फर्जी' विजिलेंस अफसर गिरफ्तार, एंबुलेंस घोटाले का डर दिखाकर CMO को नौकरी से निकलवाने की दे रहा था धमकी

हरियाणा के फरीदाबाद में खुद को राष्ट्रपति भवन का विजिलेंस अधिकारी बताकर सीएमओ को धमकाने वाले राजबीर सिंह तेवतिया नामक फर्जी अफसर को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है।

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खुद को राष्ट्रपति भवन का विजिलेंस अफसर बता रहा था आरोपी (सांकेतिक चित्र)

Faridabad News: हरियाणा के फरीदाबाद जिले से एक हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है। यहां सरकारी एंबुलेंस के ईंधन (डीजल), रखरखाव और टायर बदलने के नाम पर हुए कथित 50 लाख रुपये के घोटाले की 'जांच' करने पहुंचे एक फर्जी विजिलेंस अधिकारी को पुलिस ने रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया है। पकड़े गए जालसाज की पहचान राजबीर सिंह तेवतिया के रूप में हुई है। आरोपी खुद को राष्ट्रपति भवन से संबद्ध विजिलेंस अधिकारी बताकर स्वास्थ्य विभाग के उच्च अधिकारियों पर रौब जमा रहा था।

राष्ट्रपति भवन का नाम लेकर CMO और डिप्टी CMO को धमकाया

मिली जानकारी के अनुसार, आरोपी राजबीर सिंह तेवतिया अचानक फरीदाबाद के मुख्य चिकित्सा अधिकारी (CMO) और डिप्टी CMO के कार्यालय में दाखिल हुआ। उसने बेहद आक्रामक और रौबदार अंदाज में अधिकारियों से बातचीत शुरू की। आरोपी ने दावा किया कि वह राष्ट्रपति भवन से भेजा गया विजिलेंस अफसर है और जिले में एम्बुलेंस रख-रखाव तथा ईंधन के नाम पर 1 करोड़ रुपये का बड़ा घोटाला हुआ है। अधिकारियों को डराने के लिए आरोपी ने सीएमओ को सीधी धमकी दी कि वह उनकी नौकरी तक छिनवा देगा।

आईडी कार्ड मांगने पर खुला भेद, पुलिस ने की गिरफ्तारी

आरोपी के अति-आक्रामक व्यवहार और असामान्य रवैये को देखकर सीएमओ को उस पर शक हुआ। अधिकारियों ने जब उससे आधिकारिक पहचान पत्र दिखाने की मांग की, तो आरोपी टालमटोल करने लगा और कोई पहचान पत्र प्रस्तुत नहीं कर सका। पोल खुलते ही सीएमओ ने बिना देर किए स्थानीय पुलिस को सूचना दी और फर्जी अधिकारी को कमरे में ही रोककर पुलिस के हवाले कर दिया। पुलिस हिरासत में पूछताछ के दौरान आरोपी की पहचान पूरी तरह फर्जी पाई गई। फरीदाबाद पुलिस ने राजबीर सिंह तेवतिया के खिलाफ संबंधित धाराओं के तहत प्राथमिकी दर्ज कर उसे औपचारिक रूप से गिरफ्तार कर लिया है और मामले की आगे की जांच शुरू कर दी है।

Nishant Tiwari
निशांत तिवारीauthor

निशांत तिवारी टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल की सिटी टीम में कॉपी एडिटर हैं। शहरों से जुड़ी खबरों, स्थानीय मुद्दों और नागरिक सरोकार को समझने की उनकी गहरी दृष्टि उन्हें इस बीट का एक भरोसेमंद और प्रभावी कंटेंट राइटर बनाती है। वे जटिल लोकल इश्यूज को सहज, स्पष्ट और असरदार अंदाज में पेश करने में दक्ष हैं और अबतक 2,000 से अधिक न्यूज रिपोर्ट लिख चुके हैं। उनकी लेखन शैली शहर की नब्ज पकड़ते हुए ऐसे कंटेंट पर केंद्रित रहती है, जो सीधे पाठकों के जीवन और उनकी रोजमर्रा की चिंताओं से जुड़ा होता है।

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