म्युचुअल फंड (Mutual Fund) में निवेश करने वाले ज्यादातर लोग सिस्टेमैटिक इन्वेस्टमेंट प्लान यानी SIP को सबसे सुरक्षित और आसान रास्ता मानते हैं। हम अक्सर सोचते हैं कि अगर किसी महीने बैंक खाते में पैसा न होने की वजह से 10,000 रुपये की एक किस्त (Installment) मिस हो गई, तो क्या फर्क पड़ेगा? अगले महीने दे देंगे! लेकिन असलियत इससे कहीं ज्यादा कड़वी है। मैंने भी यही सोचा था, लेकिन जब मैंने इसके तकनीकी और आर्थिक परिणामों को देखा, तो समझ आया कि एक छोटी सी लापरवाही आपके लॉन्ग टर्म वेल्थ क्रिएशन के सपने को कैसे चोट पहुंचा सकती है।
बैंक की पेनल्टी का झटका
जैसे ही आपकी SIP की तारीख आती है और आपके बैंक खाते में पर्याप्त बैलेंस नहीं होता, तो सबसे पहला झटका आपका बैंक देता है। इसे 'ईसीएस रिटर्न' (ECS Return) या 'चेक बाउंस' की तरह देखा जाता है। बैंक इस गलती के लिए आपसे भारी जुर्माना वसूलते हैं, जो ₹250 से लेकर ₹750 तक हो सकता है। ध्यान देने वाली बात यह है कि यह पेनल्टी म्युचुअल फंड कंपनी (AMC) नहीं, बल्कि आपका अपना बैंक काटता है। यानी निवेश तो हुआ नहीं, ऊपर से जेब से फालतू पैसे भी निकल गए।
कंपाउंडिंग का जादू रुक जाता है
SIP की ताकत 'कंपाउंडिंग' (चक्रवृद्धि ब्याज) में छिपी होती है। जब आप एक किस्त मिस करते हैं, तो आप न केवल उस महीने का निवेश खोते हैं, बल्कि उस ₹10,000 पर अगले 10-20 सालों में मिलने वाले लाखों रुपये के मुनाफे को भी खो देते हैं। लंबे समय में, एक भी मिस्ड किस्त आपके फाइनल कॉर्पस (कुल फंड) को लाखों रुपये से कम कर सकती है। यह बिल्कुल वैसा ही है जैसे एक चलती ट्रेन को बीच में रोकना; उसे वापस उसी रफ्तार पर आने में समय और ऊर्जा लगती है।
क्या आपका फोलियो बंद हो जाएगा?
कई निवेशकों को डर होता है कि एक बार पैसा न कटने पर उनकी SIP बंद हो जाएगी। नियम के मुताबिक, अगर आप लगातार तीन बार SIP की किस्त मिस करते हैं, तो म्युचुअल फंड कंपनी आपकी SIP को रद्द (Cancel) कर देती है। हालांकि, एक या दो बार किस्त मिस होने पर फोलियो बंद नहीं होता, लेकिन आपके निवेश का अनुशासन टूट जाता है। अगर SIP कैंसिल हो गई, तो आपको फिर से पूरी प्रक्रिया (Mandate) शुरू करनी पड़ती है, जो काफी सिरदर्द भरा काम हो सकता है।
हालांकि म्युचुअल फंड की किस्त मिस होना सीधे तौर पर आपके सिबिल (CIBIL) स्कोर को वैसे प्रभावित नहीं करता जैसे लोन की ईएमआई करती है, लेकिन बार-बार बैंक चार्ज कटना और 'इनसफिशिएंट बैलेंस' के कारण ट्रांजेक्शन फेल होना आपके बैंक रिकॉर्ड के लिए अच्छा नहीं माना जाता। भविष्य में जब आप लोन के लिए आवेदन करते हैं, तो बैंक स्टेटमेंट में ये फेल ट्रांजेक्शन आपकी वित्तीय छवि को कमजोर दिखाते हैं।
अगर आपको पता है कि अगले महीने आपके पास फंड की कमी होने वाली है, तो 'मिस' करने के बजाय 'पॉज' (Pause) का विकल्प चुनें। आजकल लगभग सभी म्युचुअल फंड ऐप्स आपको 1 से 3 महीने के लिए SIP रोकने की सुविधा देते हैं। इससे न तो बैंक पेनल्टी लगती है और न ही आपकी SIP कैंसिल होती है। साथ ही, हमेशा कोशिश करें कि SIP की तारीख महीने की उसी तारीख को रखें जब आपकी सैलरी आती हो।
