पिछले हफ्ते शेयर बाजार में तेजी रहने से निवेशकों की अच्छी कमाई हुई। अब सभी की नजरें सोमवार से शुरू होने वाले नए सप्ताह पर है। क्या नए सप्ताह में भी तेजी जारी रहेगी? अगर आप निवेशक हैं तो इस सवाल का जवाब जरूर ढूं रहे होंगे। मार्केट एक्सपर्ट का कहना है कि भारतीय शेयर बाजार की दिशा इस सप्ताह कई महत्वपूर्ण कारकों से तय होगी। इनमें कंपनियों के पहली तिमाही के नतीजे, पश्चिम एशिया में बढ़ता भू-राजनीतिक तनाव और कच्चे तेल की कीमतों की दिशा बाजार की चाल को तय करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। इसके अलावा दक्षिण-पश्चिम मानसून की प्रगति, खरीफ फसलों की बुवाई की स्थिति और विदेशी निवेशकों की गतिविधियां भी बाजार के लिए प्रमुख संकेतक रहेंगी।
वैश्विक घटनाक्रम डालेंगे बाजार पर असर
रिलायंस ब्रोकिंग के वरिष्ठ उपाध्यक्ष (शोध) अजित मिश्रा ने कहा कि इस सप्ताह घरेलू कंपनियों के तिमाही परिणाम, घरेलू वृहद आर्थिक आंकड़े और वैश्विक घटनाक्रम बाजार की दिशा तय करने में अहम भूमिका निभाएंगे। उन्होंने कहा कि मानसून और खरीफ बुवाई पर निवेशकों की नजर रहेगी, क्योंकि इनका असर ग्रामीण मांग, खाद्य महंगाई और भारतीय रिजर्व बैंक की भविष्य की नीतियों पर पड़ सकता है।
उन्होंने कहा कि वैश्विक स्तर पर निवेशक पश्चिम एशिया में जारी तनाव और उसके कारण कच्चे तेल की कीमतों तथा जोखिम वाली परिसंपत्तियों पर पड़ने वाले प्रभाव पर करीबी नजर रखेंगे।
इन बड़ी कंपनियों के रिजल्ट आएंगे
इस सप्ताह कई बड़ी कंपनियां अपने तिमाही परिणाम जारी करेंगी। इनमें इन्फोसिस, वन97 कम्युनिकेशंस, अल्ट्राटेक सीमेंट, अदाणी एनर्जी सॉल्यूशंस, बजाज ऑटो, अदाणी ग्रीन एनर्जी, अदाणी पावर, भारत पेट्रोलियम कॉरपोरेशन लि., डॉ. रेड्डीज लैब, इंडसइंड बैंक, जेएसडब्ल्यू एनर्जी, नेस्ले इंडिया, बैंक ऑफ बड़ौदा और एसबीआई लाइफ इंश्योरेंस कंपनी शामिल हैं।
ईरान तनाव कम होने से तेजी संभव
एनरिच मनी के मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) पोनमुडी आर ने कहा कि इस सप्ताह निवेशकों का ध्यान मुख्य रूप से पश्चिम एशिया की स्थिति पर रहेगा। अमेरिका और ईरान के बीच तनाव में कमी आने से बाजार में सकारात्मक माहौल बन सकता है, जबकि सैन्य तनाव बढ़ने या होर्मुज जलडमरूमध्य से आपूर्ति प्रभावित होने की स्थिति में वैश्विक बाजारों में अस्थिरता बढ़ सकती है।
घरेलू बाजार में कंपनियों के नतीजों के साथ अब निवेशकों का ध्यान शेयर आधारित अवसरों पर केंद्रित होने की उम्मीद है। सोमवार को रिलायंस इंडस्ट्रीज, एचडीएफसी बैंक, आईसीआईसीआई बैंक, कोटक महिंद्रा बैंक और एक्सिस बैंक के शेयरों पर सभी की निगाह रहेगी। इन कंपनियों के तिमाही नतीजे पिछले सप्ताह आए हैं।
रिलायंस और एचडीएफसी के रिजल्ट का असर होगा
देश की सबसे मूल्यवान कंपनी रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड (आरआईएल) का चालू वित्त वर्ष की पहली तिमाही में एकीकृत शुद्ध लाभ सालाना आधार पर 22 प्रतिशत घटकर 20,946 करोड़ रुपये रह गया। हालांकि तेल-से-रसायन एवं दूरसंचार कारोबार के अच्छे प्रदर्शन से कंपनी का मुख्य परिचालन लाभ एवं कर पूर्व आय (ईबीआईटीडीए) रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गया।
वहीं एचडीएफसी बैंक का तिमाही का एकल मुनाफा पांच प्रतिशत बढ़कर 19,060 करोड़ रुपये रहा। आईसीआईसीआई बैंक का एकीकृत मुनाफा 13.88 प्रतिशत बढ़कर 15,440 करोड़ रुपये पहुंच गया। कोटक महिंद्रा बैंक ने 22.55 प्रतिशत वृद्धि के साथ 5,480.46 करोड़ रुपये का एकीकृत शुद्ध लाभ दर्ज किया, जबकि निजी क्षेत्र के एक्सिस बैंक का मुनाफा 22.23 प्रतिशत बढ़कर 7,632.31 करोड़ रुपये रहा।
विश्लेषकों का मानना है कि इस सप्ताह बाजार में उतार-चढ़ाव बना रह सकता है और निवेशकों की नजर वैश्विक घटनाक्रमों के साथ-साथ कंपनियों के प्रदर्शन पर रहेगी।
