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रिटायरमेंट के 3 साल बाद तक PF अकाउंट पर मिलता है ब्याज, EPFO ने ट्वीट कर दी जानकारी

अगर आप 58 साल की उम्र में रिटायर होते हैं लेकिन आपने अपनी एम्प्लॉइज प्रोविडेंट फंड (EPF) की बचत नहीं निकाली है, तो आपके लिए अच्छी खबर है। आपके रिटायरमेंट फंड पर 3 साल तक ब्याज मिलता रहेगा।

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पीएफ से निकासी जल्दबाजी में नहीं करें

कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (EPFO) ने एक्स पर ट्वीट कर जानकारी दी है कि अगर आप 58 साल की उम्र में रिटायर हो रहे हैं और अपना पीएफ का पैसा तत्काल नहीं निकालते हैं तो 3 साल बाद तक ब्याज मिलता रहेगा। यानी आपके पीएफ अकाउंट पर 61 साल तक ब्याज मिलता रहेगा। देश के करोड़ों अकाउंट होल्डर के लिए यह अच्छी खबर है। आप रिटायरमेंट के बाद भी पीएफ जमा पर मिलने वाले उच्च ब्याज दर का फायदा उठा सकते हैं। बता दें कि अभी ईपीएफ जमा पर 8.25% की दर से ब्याज मिल रहा है जो तमाम स्मॉल सेविंग से अधिक है। अगर आप रिटायरमेंट के बाद तुरंत पैसा नहीं निकालते हैं तो आप आसानी से बड़ा फंड जमा कर लेंगे।

3 साल तक खाता नहीं होगा निष्क्रिय

5 जुलाई को X पर एक पोस्ट में, एम्प्लॉइज प्रोविडेंट फंड ऑर्गनाइजेशन (EPFO) ने साफ किया कि रिटायरमेंट के बाद तीन साल तक, यानी 61 साल की उम्र तक, EPF पर ब्याज मिलता रहेगा। इस समय के बाद, EPF अकाउंट इनऑपरेटिव (निष्क्रिय) हो जाता है और सदस्यों को अपनी बचत निकाल लेने की सलाह दी जाती है।

रिटायरमेंट के तुरंत बाद ब्याज मिलना नहीं होता बंद

EPFO ने यह स्पष्टीकरण एक आम गलतफहमी को दूर करने के लिए किया है, जिसमें आम धारणा बन गई थी कि रिटायरमेंट के तुरंत बाद EPF पर ब्याज मिलना बंद हो जाता है। इसके बजाय, 58 साल की उम्र में रिटायर होने वाले पात्र सदस्य अपने जमा बैलेंस पर सालाना EPF ब्याज दर के हिसाब से 36 महीने तक ब्याज कमाना जारी रख सकते हैं, बशर्ते वे EPF के दायरे में आने वाली किसी नौकरी में दोबारा शामिल न हों।

रिटायर हो चुके लोगों के लिए बात साफ है कि अगर आपको पैसों की जरूरत नहीं है, तो 58 साल की उम्र के तुरंत बाद अपना EPF निकालने की कोई जरूरत नहीं है। आपको अपनी मौजूदा आर्थिक स्थिति और लंबे समय के आर्थिक भविष्य को ध्यान में रखकर इसकी योजना बनानी चाहिए। अपने पैसे निकालने के लिए एक समझदारी भरी योजना बनाने के लिए किसी सर्टिफाइड फाइनेंशियल एडवाइजर से सलाह लेना अच्छा रहेगा।

हाल के दिनों में किए गए कई बदलाव

हाल के महीनों में, रिटायरमेंट फंड संस्था ने क्लेम के ऑटो-सेटलमेंट का दायरा बढ़ाया है और अपनी वेबसाइट को बेहतर बनाया है, जिससे योग्य निकासी अनुरोधों की प्रोसेसिंग तेजी से हो सके। प्रोफाइल अपडेट करने की प्रक्रिया को भी आसान बनाया है और कागजी काम कम करने व सेवा वितरण को बेहतर बनाने के लिए आधार-आधारित डिजिटल वेरिफिकेशन को मजबूत किया है।

Alok Kumar
आलोक कुमार author

आलोक कुमार टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में एसोसिएट एडिटर के पद पर कार्यरत हैं। इलेक्ट्रॉनिक, डिजिटल और प्रिंट मीडिया में 17 वर्षों से अधिक का व्यापक अनुभव रखने वाले आलोक ने अपने पत्रकारिता करियर में कई प्रमुख कॉर्पोरेट इवेंट्स और चर्चित स्टोरीज कवर की हैं। वह बिजनेस, बैंकिंग, शेयर मार्केट और पर्सनल फाइनेंस पर गहरी समझ रखते हैं और जटिल वित्तीय जानकारियों को सरल, स्पष्ट और पाठक-केंद्रित तरीके से प्रस्तुत करने में माहिर हैं। अब तक आलोक ने लगभग 18,000 स्टोरीज लिखी हैं। उनकी लेखन शैली भरोसेमंद, विश्लेषणात्मक और व्यावहारिक जानकारी देने वाली होती है।

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