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FirstCry IPO: क्या फर्स्टक्राई के IPO पर लग जाएगी रोक? सेबी को दिखी ये कमियां

Firstcry IPO Withdrawn: सेबी ने बेबी और किड्स उत्पाद रिटेलर द्वारा निवेशकों को बताए गए प्रमुख मेट्रिक्स से संबंधित सवाल उठाए हैं। कंपनी ने शेयरों के नए इश्यू के जरिए करीब 215 मिलियन डॉलर जुटाने के लिए आवेदन किया था, लेकिन मौजूदा शेयरों की बिक्री के जरिए 300 मिलियन डॉलर और जुटाने की योजना है।

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FirstCry IPO

FirstCry IPO: बेबी और किड्स उत्पाद रिटेलर फर्स्टक्राई को मार्केट रेगुलेटर सिक्योरिटीज एंड एक्सचेंज बोर्ड ऑफ इंडिया (सेबी) की जांच का सामना कर रही है। जिसको लेकर अब फर्स्टक्राई अगले हफ्ते आरंभिक सार्वजनिक पेशकश (आईपीओ) के लिए अपने डॉक्यूमेंट वापस ले सकती है। फर्स्टक्राई का यह आईपीओ 500 मिलियन डॉलर का है। समाचार एजेंसी रॉयटर्स ने मामले से परिचित तीन सूत्रों के हवाले से बताया कि सेबी ने बेबी और किड्स उत्पाद रिटेलर द्वारा निवेशकों को बताए गए प्रमुख मेट्रिक्स से संबंधित सवाल उठाए हैं। सूत्रों ने बताया कि कंपनी ने शेयरों के नए इश्यू के जरिए करीब 215 मिलियन डॉलर जुटाने के लिए आवेदन किया था, लेकिन मौजूदा शेयरों की बिक्री के जरिए 300 मिलियन डॉलर और जुटाने की योजना है।

क्या है नियम

हालही के सप्ताहों में, सेबी ने कंपनी को बताया कि उसने भारतीय नियमों का पालन नहीं किया है, जो आईपीओ-बाध्य कंपनी को सभी प्रमुख व्यवसाय साझा करने के लिए जरूरी होता है। फर्स्टक्राई और सेबी ने अभी तक कोई आधिकारिक टिप्पणी जारी नहीं की है। सेबी ने सार्वजनिक होने की इच्छुक कंपनियों पर जांच तेज करते हुए 2022 में इस विनियमन को लागू किया। उच्च मूल्यांकन प्राप्त करने वाली बड़े घाटे में चल रही कंपनियों के संबंध में निगरानी में कथित उदारता के संबंध में इस कदम की व्यापक आलोचना हुई थी।

किस तरह के मैट्रिक्स में गड़बड़ी

आईपीओ डॉक्यूमेंट के अनुसार फर्स्टक्राई के प्रमुख प्रदर्शन संकेतक (केपीआई) में औसत ऑर्डर मूल्य, वार्षिक लेनदेन करने वाले ग्राहक और ऑर्डर की संख्या जैसे मेट्रिक्स शामिल हैं। सूत्रों ने समाचार एजेंसी को बताया कि कंपनी अपने आईपीओ डॉक्यूमेंट वापस ले लेगी, संशोधनों के अनुसार उसे लागू करेगी और आने वाले महीनों में उन्हें फिर से जमा करेगी। इस स्थगन से निवेशकों द्वारा शेयरों के विनिवेश पर असर पड़ेगा, जिनमें से कुछ ने एक दशक तक अपना निवेश कर रखा है।

अपने मसौदा पत्रों के आधार पर, 31 मार्च, 2023 को समाप्त होने वाले वित्तीय वर्ष के लिए, फर्स्टक्राई के घाटे में छह गुना वृद्धि देखी गई, जो कि $57.6 मिलियन थी। हालाँकि, इसी अवधि के दौरान इसकी कुल आय दोगुनी से अधिक होकर $684 मिलियन तक पहुँच गई।

डिस्क्लेमर : यहां मुख्य तौर पर आने वाले आईपीओ की जानकारी दी गयी है, निवेश की सलाह नहीं। इक्विटी मार्केट में जोखिम होता है, इसलिए निवेश अपने जोखिम पर करें। निवेश करने से पहले एक्सपर्ट की राय जरूर लें।

Ashish Kushwaha
आशीष कुशवाहाauthor

<p>आशीष कुमार कुशवाहा Timesnowhindi.com में बतौर सीनियर कॉपी एडिटर काम कर रहे हैं। वह 2023 से Timesnowhindi.com के साथ जुड़े हैं। वह यहां शेयर बाजार, स्टॉक्स, IPO, पर्सनल फाइनेंस, बिजनेस न्यूज, कंपनी डेवलपमेंट, सक्सेस स्टोरी, यूटिलिटी, ऑटोमोबाइल, टेक्नोलॉजी और गैजेट से जुड़ी स्टोरी पर काम करते हैं। उनके पास पिछले 3 साल के भारतीय बजट को भी कवर करने का एक्सपीरियंस है। उनके पास ऑटो एक्सपो 2023 को कवर करने का अनुभव है। इसके अलावा ग्राउंड की स्टोरी और रिसर्च बेस्ड स्टोरी करने में विशेष रुचि रखते हैं। उनके पास डिजिटल मीडिया में कुल 3 साल से ज्यादा का एक्सपीरियंस है। इससे पहले इन्होंने वन इंडिया, दैनिक भास्कर डिजिटल में काम किया है। इन्होंने माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय, भोपाल से मीडिया में पोस्ट ग्रेजुएशन की पढ़ाई की है। वहीं ग्रेजुएशन की पढ़ाई रानी दुर्गावती विश्वविद्यालय जबलपुर से मास कम्यूनिकेशन में की है। उन्हें शुरू से ही डिबेट करने, सामाजिक मुद्दों पर बात करने और शेयर बाजार में रुचि थी। उन्हें बचपन से ही अखबार के संपादकीय पेज और न्यूज पढ़ने का सौख था। स्कूल के समय उन्होंने कई क्विज कंपटीशन में भी हिस्सा लिया और प्राइज जीते हैं।</p>

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