Demat Account Charges: शेयर बाजार में निवेश डीमैट खाते के जरिए किया जाता है। डीमैट खाते शेयरों के आसान लेनदेन, मैनेजमेंट और स्टोरेज का काम करते हैं। हालाँकि, निवेशकों को अलग-अलग ब्रोकरेज सर्विसेज से जुड़े कई तरह के डीमैट अकाउंट चार्जेज चुकाने पड़ते हैं, जिनके बारे में निवेशकों को पता होना चाहिए। आपको पता होना चाहिए कि कोई ब्रोकरेज फर्म आपसे क्यों और कितना चार्ज ले रही है। आगे जानिए डीमैट खाते से जुड़े कितने चार्जेज होते हैं।
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कौन-कौन से होते हैं चार्जेज
- डीमैट खाता खोलने और उसके मैंटेनेंस से जुड़े कई तरह के डीमैट चार्जेज हैं
- डीमैट खाता खोलने के लिए डीमैट ओपनिंग चार्ज (Demat Account Opening Charges) लगाया जाता है
- निवेशकों की सिक्योरिटीज के मैंटेनेंस और सेफ्टी के लिए ब्रोकरेज चार्ज, वार्षिक रखरखाव शुल्क (Annual Maintenance Charges) और संरक्षक चार्ज (Custodian Fees) देना होता है
- ट्रांजेक्शन चार्ज और डिमटेरियलाइजेशन चार्ज भी लगते हैं। फिजिकल सिक्योरिटीज को डीमैट फॉर्म में कंवर्ट करने पर निवेशकों को डीमैटरियलाइजेशन चार्ज देना होता है
मासिक या तिमाही स्टेटमेंट में देखें चार्जेज
ज्यादातर ब्रोकिंग हाउस निवेशकों को मासिक या तिमाही स्टेटमेंट देते हैं। उसमें खाते की एक्टविटी की डिटेल होती है, जिसमें खर्च शामिल होते हैं और ब्रोकरेज फर्म सारे चार्जेज की भी जानकारी देती है।
ब्रोकरेज चार्जेज
ये आपकी ओर से ट्रेड करने के लिए ब्रोकर द्वारा लिया जाने वाला चार्ज है। अलग-अलग ब्रोकर का अलग-अलग ब्रोकरेज चार्ज हो सकता है। BUY या Sell और ट्रेडों की वॉल्यूम के आधार पर ये कम-ज्यादा हो सकता है।
ट्रांजेक्शन चार्जेज
शेयर बाजार में लेनदेन के लिए स्टॉक एक्सचेंजों, डिपॉजिटरी और रेगुलेटरी भी कुछ लेनदेन शुल्क लेती है। हालांकि ये बहुत कम होते हैं। दूसरे ये भी अलग-अलग ब्रोकरेज फर्म के हिसाब से कम-ज्यादा हो सकते हैं।
अन्य चार्जेज
ब्रोकरेज और ट्रांजेक्शन चार्जेज के अलावा, डीमैट खाते से जुड़े अन्य चार्जेज भी हो सकते हैं, जैसे सालाना मैंटेनेंस चार्ज, खाता खोलने और बंद करने का चार्ज, एसएमएस/ईमेल अलर्ट चार्ज।
अकसर पूछे जाने वाले सवाल
अकसर लोग जानना चाहते हैं कि क्यों उनके एक से अधिक खाते हो सकते हैं। इसका जवाब है हां। आपके पास अलग-अलग डीपी के साथ कई डीमैट खाते हो सकते हैं। मगर ध्यान रहे कि यदि एक निश्चित अवधि, अक्सर लगभग 12 महीने तक कोई ट्रेडिंग गतिविधि नहीं होती है, तो डीमैट खाते इनएक्टिव हो सकते हैं।
