दिवाली के मौके पर घर खरीदना कई लोगों का सपना होता है। त्योहार के दौरान बिल्डर ग्राहकों को डिस्काउंट, आसान पेमेंट प्लान और कई तरह के ऑफर देते हैं। लेकिन घर खरीदने का फैसला सिर्फ शुभ मुहूर्त या ऑफर देखकर नहीं करना चाहिए। दिल्ली-NCR के रियल एस्टेट बाजार में लग्जरी घरों की मांग बनी हुई है, जबकि प्रॉपर्टी की कीमतें भी काफी बढ़ी हैं। ऐसे में खरीदारों के लिए जरूरी है कि वे अपनी आर्थिक स्थिति, घर की कीमत और होम लोन की EMI का हिसाब लगाने के बाद ही फैसला लें।
गुरुग्राम में लग्जरी घरों की कीमतें कितनी बढ़ीं?
रियल एस्टेट आंकड़ों के मुताबिक, गुरुग्राम लग्जरी हाउसिंग के बड़े बाजार के रूप में उभरा है। PropEquity की रिपोर्ट के अनुसार, 2025 में गुरुग्राम में 23,809 आवासीय यूनिट लॉन्च हुईं, जिनकी कुल कीमत करीब 1.38 लाख करोड़ रुपये थी। इन यूनिट्स की औसत लॉन्च वैल्यू 6 करोड़ रुपये से अधिक रही। हालांकि, यह सभी लॉन्च की गई यूनिट्स का औसत है, किसी एक 3BHK फ्लैट की तय कीमत नहीं।
दिल्ली-NCR में भी प्रीमियम घरों की मांग दिखाई दे रही है। रिपोर्ट के अनुसार, 2025 में पूरे NCR में 50,167 आवासीय यूनिट्स लॉन्च हुईं, जिनकी कुल वैल्यू करीब 2.16 लाख करोड़ रुपये थी। इससे साफ है कि इस क्षेत्र में महंगे और लग्जरी घरों का बाजार महत्वपूर्ण हो गया है।
नोएडा और ग्रेटर नोएडा में भी बढ़ रही दिलचस्पी
नोएडा और ग्रेटर नोएडा में भी महंगी प्रॉपर्टी खरीदने वालों की रुचि बढ़ी है। एक रिपोर्ट के मुताबिक, 3 करोड़ रुपये से अधिक कीमत वाले घरों की मांग में नोएडा में 19% और ग्रेटर नोएडा में 34% की बढ़ोतरी दर्ज की गई। हालांकि, मांग बढ़ने का मतलब यह नहीं है कि हर सेक्टर या हर प्रोजेक्ट में कीमतें एक जैसी बढ़ रही हैं।
3BHK लग्जरी फ्लैट की कीमत उसकी लोकेशन, कारपेट एरिया, सुविधाओं, निर्माण की स्थिति और बिल्डर की साख पर निर्भर करती है। इसलिए गुरुग्राम, नोएडा और ग्रेटर नोएडा में घर खरीदने से पहले एक ही बजट में उपलब्ध अलग-अलग प्रोजेक्ट की कीमतों की तुलना जरूर करें।
दिवाली ऑफर देखकर जल्दबाजी न करें
त्योहारी सीजन में बिल्डर छूट, सोने के सिक्के, घरेलू उपकरण और आसान पेमेंट प्लान जैसे ऑफर दे सकते हैं। लेकिन ऑफर कितना फायदेमंद है, यह जानने के लिए कुल कीमत और सभी शर्तें समझना जरूरी है। आसपास के प्रोजेक्ट्स की कीमतों से तुलना करें और रेरा रजिस्ट्रेशन, जरूरी मंजूरियों, निर्माण की स्थिति तथा कब्जा मिलने की तारीख की जांच करें।
घर खरीदें या अभी इंतजार करें?
अगर आपकी आय स्थिर है, डाउन पेमेंट के बाद भी पर्याप्त बचत बचती है और EMI आसानी से चुकाई जा सकती है, तो सही प्रॉपर्टी मिलने पर खरीदारी पर विचार कर सकते हैं। लेकिन अगर डाउन पेमेंट देने से पूरी बचत खत्म हो रही है, EMI बजट पर भारी पड़ रही है या नौकरी और आय को लेकर अनिश्चितता है, तो कुछ समय इंतजार करना बेहतर हो सकता है।
घर की कीमत के अलावा रजिस्ट्रेशन, टैक्स, इंटीरियर, मेंटेनेंस और शिफ्टिंग का खर्च भी जोड़ें। साथ ही इमरजेंसी के लिए अलग रकम रखें। आखिरकार, दिवाली पर घर खरीदने का सही समय वही है, जब प्रॉपर्टी आपकी जरूरतों और बजट के मुताबिक हो, न कि सिर्फ इसलिए कि बिल्डर का ऑफर कुछ दिनों के लिए है।
