अमेरिका में राष्ट्रपति जो बाइडन के प्रशासन ने सोमवार को कांग्रेस (अमेरिका की संसद) को अधिसूचित किया कि उसने ‘एमएच-60आर मल्टी-मिशन हेलीकॉप्टर इक्यूपमेंट’ और संबंधित उपकरणों की बिक्री को मंजूरी देने का फैसला किया है जिसकी अनुमानित लागत 1.17 अरब अमेरीकी डॉलर है। रक्षा सुरक्षा सहयोग एजेंसी ने ‘कांग्रेस’ को एक अधिसूचना में बताया कि उपकरणों की बिक्री की प्रस्तावित योजना, भारत की पनडुब्बी रोधी युद्ध क्षमताओं का उन्नयन कर वर्तमान और भविष्य के खतरों को रोकने की क्षमता में सुधार करेगी।
डोनाल्ड ट्रंप 20 जनवरी को अमेरिका के राष्ट्रपति के रूप में लेंगे शपथ
बाइडन प्रशासन ने भारत को प्रमुख रक्षा उपकरणों की बिक्री की मंजूरी अपने चार साल के कार्यकाल के पूरा होने से कुछ सप्ताह पहले दी है। पांच नवंबर को हुए राष्ट्रपति चुनाव में जीत हासिल करने के बाद डोनाल्ड ट्रंप 20 जनवरी 2025 को अमेरिका के 47वें राष्ट्रपति के रूप में शपथ लेंगे। अधिसूचना के अनुसार, भारत ने 30 ‘मल्टीफंक्शनल इन्फॉर्मेशन डिस्ट्रीब्यूशन सिस्टम-जॉइंट टेक्टिकल रेडियो सिस्टम्स’ (एमआईडीएस-जेटीआरएस) खरीदने का प्रस्ताव रखा है। इस बिक्री में मुख्य रूप से अनुबंध ‘लॉकहीड मार्टिन रोटरी और मिशन सिस्टम’ के साथ होगा। इसमें कहा गया है कि इसके कार्यान्वयन के वास्ते तकनीकी सहायता और प्रबंधन निरीक्षण के लिए अस्थायी आधार पर अमेरिका की सरकार 20 या अनुबंध में शामिल कंपनियों के 25 प्रतिनिधियों की भारत की यात्रा की जरूरत होगी।
