कौन हैं 'व्लादिमीर पुतिन का दिमाग' कहलाने वाले अलेक्जेंडर दुगिन, जिनकी बेटी की बम ब्लास्ट में गई जान?

  • Authored by: टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल
  • Updated Aug 21, 2022, 07:09 PM IST

Who is Alexander Dugin: रूसी मीडिया ने कुछ चश्मदीदों के हवाले से कहा कि कार में डुगिना के पिता को बैठना था, लेकिन आखिरी समय में वह दूसरी कार में बैठ गए। जिस कार में उनकी बेटी बैठी थीं, वह पिता की कार के ठीक पीछे चल रही थी।

कौन हैं 'व्लादिमीर पुतिन का दिमाग' कहलाने वाले अलेक्जेंडर दुगिन, जिनकी बेटी की बम ब्लास्ट में गई जान?
Photo Credit: AP

Who is Alexander Dugin: रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के खास दोस्त, नजदीकी सहयोगी, दर्शनिक, राजनीतिक विश्लेषक और वहां के राष्ट्रवादी विचारक अलेक्जेंडर दुगिन की बेटी की कथित तौर पर मॉस्को के पास उनकी कार में बम ब्लास्ट के जरिए हत्या कर दी गई। रविवार (21 अगस्त, 2022) को यह जानकारी अफसरों के हवाले से समाचार एजेंसी एसोसिएट प्रेस ने दी। मॉस्को क्षेत्र की जांच कमेटी की शाखा के मुताबिक, 29 साल की डारिया डुगिना 29 की एसयूवी (स्पोर्ट्स यूटिलिटी व्हीकल) कार में लगाए गए बम के कारण शनिवार रात यह विस्फोट हुआ था।

डुगिना, अलेक्जेंडर की बेटी थीं जो ‘पुतिन का दिमाग’ कहलाते हैं। यही नहीं, अलेक्जेंडर दुगिन को  “रूसी विश्व” की अवधारणा के एक प्रमुख्य प्रस्तावक और यूक्रेन में रूसी सेना भेजने का प्रबल समर्थक माना जाता है। उनकी बेटी डुगिना भी कुछ ऐसे ही विचार प्रकट किया करती थीं और राष्ट्रवादी टीवी चैनल 'जारग्रेड' पर एक टिप्पणीकार के तौर पर नजर आई थीं।

जारग्रेड ने रविवार को बताया, “वह अपने पिता की तरह पश्चिम के साथ टकराव में सदा सबसे आगे रहीं।” यह विस्फोट उस समय हुआ, जब डुगिना एक सांस्कृतिक कार्यक्रम के बाद घर लौट रहीं थीं, जिसमें वह अपने पिता के साथ शामिल हुईं थीं। 

रूसी मीडिया ने कुछ चश्मदीदों के हवाले से कहा कि कार में डुगिना के पिता को बैठना था, लेकिन आखिरी समय में वह दूसरी कार में बैठ गए। जिस कार में उनकी बेटी बैठी थीं, वह पिता की कार के ठीक पीछे चल रही थी। 'बीबीसी' ने बताया कि टेलीग्राम पर पोस्ट किए गए वीडियो में नजर आ रहा है कि हादसे को देखकर वह (रूसी दार्शनिक अलेक्जेंडर) स्तब्ध रह गए थे।

बहरहाल, इस केस में तत्काल किसी भी संदिग्ध की पहचान नहीं हो पाई है, मगर अलगाववादी डोनेतेस्क पीपुल्स रिपब्लिक के अध्यक्ष डेनिस पुशिलिन ने इसे “यूक्रेन के चरमपंथियों की ओर से अलेक्जेंडर डुगिन की हत्या की साजिश’’ बताया। वैसे, फिलहाल रूसी अधिकारियों की ओर से इस पर कोई आधिकारिक टिप्पणी नहीं की गई। 

बीबीसी की रिपोर्ट के अनुसार, दार्शनिक की बेटी दारया दुगिन खुद एक प्रमुख पत्रकार थीं, जिन्होंने मुखर रूप से यूक्रेन पर आक्रमण का समर्थन किया था। रूस ने 2014 में क्रीमिया पर कब्जा कर लिया था। इसके बाद 2015 में अमेरिका ने अलेक्जेंडर पर प्रतिबंध लगा दिए थे, क्योंकि कहा जाता है कि रूस के हर कदम के पीछे उनका हाथ होता है। (AP और IANS इनपुट्स के साथ) 

End of Article