How to watch Surya Grahan 2022: दिवाली के अगले दिन मंगलवार (25 अक्टूबर, 2022) को 2022 का दूसरा और आखिरी सूर्य ग्रहण (Solar Eclipse) लगेगा। आधे घंटे तक लगने वाला यह ग्रहण आशंकि सूर्य ग्रहण (Partial Solar Eclipse) रहेगा। भारत में यह दिल्ली के अलावा बेंगलुरू (कर्नाटक), कोलकाता (पश्चिम बंगाल), चेन्नई (तमिलनाडु), उज्जैन (मध्य प्रदेश), वाराणसी और मथुरा ( दोनोंउत्तर प्रदेश) में नजर आएगा।
यह शाम चार बजकर 29 मिनट पर शुरू होगा, जबकि अधिकतम साढ़े पांच बजे तक ग्रहण रहेगा। सूर्य अस्त होने के साथ शाम पांच बजकर 43 मिनट तक यह खत्म हो जाएगा। आंशिक ग्रहण का पूरा समयकाल एक घंटा 14 मिनट और 15 सेकेंड रहेगा, जबकि सूतक काल तीन बजकर 17 मिनट पर चालू हो जाएगा। बच्चों, बूढ़ों और बीमार लोगों के लिए सूतक काल 12 बजकर छह मिनट पर चालू होगा और यह शाम पांच बजकर 43 मिनट तक चलेगा।
अब सवाल आता है क्या इसे देखना चाहिए...अगर हां, तो कैसे? जवाब है- सूर्य ग्रहण को नेकेड आई (नंगी आंखों) से देखने की सलाह नहीं दी जाती है। ऐसा इसलिए, क्योंकि इससे आपकी आंखों की रोशनी को नुकसान पहुंच सकता है और यहां तक कि उसके चले जाने (आंखों की रोशनी) की आशंका भी रहती है। सूर्य ग्रहण को देखने का सबसे सुरक्षित और सही तरीका है- इसे सही फिल्टर के जरिए देखना। मसलन काला पॉलिमर, एल्युमिनाइइज्ड, 14 नंबर शेड वाला वेल्डिंग ग्लास और टेलीस्कोप के जरिए।
समझिए क्या होता है सूर्य ग्रहण
आकाश में जब किसी चीज का हिस्सा दूसरे ग्रह से ढंक जाता है, तब उसे ग्रहण कहते हैं। ये दो तरह के होते हैं। पहला- सूर्य और दूसरा चंद्र ग्रहण। सूर्य ग्रहण तब लगता है, जब सूरज और पृथ्वी के बीच में चंद्रमा आ जाता (वह सूर्य की रोशनी रोकता है और चांद की परछाई पृथ्वी पर पड़ती है) है और हमें सूरज का हिस्सा नहीं दिखता है। जहां-जहां भी परछाई नजर आती है, वहां सूर्य ग्रहण कहा या माना जाता है। यह तीन प्रकार का है- आंशिक, वलयाकार और पूर्ण सूर्य ग्रहण।
