भारत की सबसे बड़ी टेलीकॉम कंपनियों में से एक जियो ने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) के क्षेत्र में बड़ा कदम उठाते हुए Jio AI Call Agent पेश किया है। यह एक ऐसा AI-संचालित कॉलिंग असिस्टेंट है, जो फोन कॉल के दौरान आपको की सारे कामों को करने की सहूलियत देता है। यह कॉल के दौरान आपकी मदद करेगा, बातचीत को समझेगा, उसका सारांश तैयार करेगा । कंपनी का दावा है कि यह तकनीक करोड़ों भारतीयों के लिए AI को रोजमर्रा की जिंदगी का हिस्सा बना देगी।
क्या है Jio AI Call Agent?
Jio AI Call Agent एक नेटवर्क-बेस्ड AI असिस्टेंट है, जिसे फोन कॉल के दौरान केवल "Hey Jio" कहकर एक्टिव किया जा सकेगा। जियो के इस एआई एजेंट की सबसे बड़ी खास बात यह है कि इसके लिए किसी भी तरह के अलग ऐप की जरूरत नहीं होगी। यूजर्स की तरफ से कमांड दिए जाने के बाद ही यह कॉल में शामिल होगा और पूरी बातचीत को समझने, रिकॉर्ड करने और जरूरी कामों को करने में मदद करेगा।
कंपनी की तरफ से शेयर की गई जानकारी के मुताबिक यह फीचर कई भारतीय भाषाओं को सपोर्ट करेगा और यूजर्स की पर्सनल और प्रोफेशनल दोनों ही तरह की कॉल्स को और अधिक स्मार्ट बनाएगा।
Jio AI Call Agent के प्रमुख फीचर्स
रियल-टाइम ट्रांसक्रिप्शन: कॉल के दौरान होने वाली बातचीत को AI तुरंत टेक्स्ट में बदल सकेगा। इससे मीटिंग, इंटरव्यू या महत्वपूर्ण टॉपिक की बातचीत के नोट्स बनाने की जरूरत नहीं पड़ेगी।
कॉल समरी और एक्शन पॉइंट्स: लंबी बातचीत के बाद AI खुद ही उसका सारांश तैयार करेगा। साथ ही जरूरी प्वाइंट्स की लिस्ट तैयार कर देगा।
मल्टी-लैंग्वेज सपोर्ट: भारत की भाषाई विविधता को ध्यान में रखते हुए यह सिस्टम कई भारतीय भाषाओं में काम करेगा। अलग-अलग भाषाओं में हुई बातचीत को समझना और ट्रांसक्राइब करना इसकी खासियत होगी।
कॉन्फ्रेंस कॉल मैनेजमेंट: AI एक कॉन्फ्रेंस कॉल में कई वक्ताओं की पहचान कर सकेगा और यह भी बताएगा कि किसने क्या कहा। रिपोर्ट्स के अनुसार यह 10 तक अलग-अलग स्पीकर्स को पहचानने में सक्षम होगा।
कॉल के दौरान काम भी करेगा: Jio AI Call Agent केवल सुनने और लिखने तक सीमित नहीं रहेगा। कॉल के दौरान उपयोगकर्ता उससे कैब बुक करने, रेस्टोरेंट टेबल रिजर्व करने, मीटिंग शेड्यूल करने या खाना ऑर्डर करने जैसे कार्य भी करवा सकेंगे।
कब मिलेगा यह फीचर?
जियो ने घोषणा की है कि Jio AI Call Agent को फेज वाइज लॉन्च किया जाएगा। कंपनी का लक्ष्य इसे अपने 50 करोड़ से अधिक ग्राहकों तक पहुंचाना है। शुरुआती जानकारी के अनुसार यह सेवा वर्ष के भीतर उपलब्ध कराई जा सकती है, हालांकि विस्तृत रोलआउट टाइमलाइन और शुल्क संबंधी जानकारी अभी पूरी तरह स्पष्ट नहीं की गई है।
