मोहम्मद शमी की मेहनत पर नबी ने फेरा पानी, रणजी ट्रॉफी के फाइनल की दहलीज पर जम्मू-कश्मीर
- Edited by: उमेश कुमार
- Updated Feb 17, 2026, 08:22 PM IST
नबी के हरफनमौला खेल ने भारतीय गेंदबाज मोहम्मद शमी की शानदार गेंदबाजी को फीका कर दिया। शमी ने जम्मू कश्मीर की पहली पारी में 22.1 ओवर में 90 रन देकर 8 विकेट लिए। बंगाल की पहली पारी में 328 रन के जवाब में जम्मू कश्मीर की पहली पारी 302 रन पर सिमटी। पहली पारी में पांच विकेट लेने वाले नबी ने दूसरी पारी में भी चार विकेट झटके, जिससे बंगाल की टीम दूसरी पारी में महज 25.1 ओवर में 99 रन पर आउट हो गयी।
जम्मू कश्मीर रणजी ट्रॉफी के फाइनल में पहुंचने के करीब। फोटो- PTI
कल्याणी, भाषा। तेज गेंदबाज आकिब नबी के हरफनमौला खेल से जम्मू कश्मीर रणजी ट्रॉफी सेमीफाइनल के तीसरे दिन मंगलवार को यहां बंगाल के खिलाफ अपनी स्थिति मजबूत कर फाइनल में पहुंचने के करीब पहुंच गया। मैच में 9 विकेट लेने वाले नबी ने जम्मू कश्मीर की पहली पारी में नौवें नंबर पर बल्लेबाजी करते हुए 42 रन की अहम पारी खेली, जिससे बंगाल की टीम बड़ी बढ़त लेने में नाकाम रही।
नबी के हरफनमौला खेल ने भारतीय गेंदबाज मोहम्मद शमी की शानदार गेंदबाजी को फीका कर दिया। शमी ने जम्मू कश्मीर की पहली पारी में 22.1 ओवर में 90 रन देकर 8 विकेट लिए। बंगाल की पहली पारी में 328 रन के जवाब में जम्मू कश्मीर की पहली पारी 302 रन पर सिमटी। पहली पारी में पांच विकेट लेने वाले नबी ने दूसरी पारी में भी चार विकेट झटके, जिससे बंगाल की टीम दूसरी पारी में महज 25.1 ओवर में 99 रन पर आउट हो गयी और जम्मू कश्मीर को जीत के लिए महज 126 रन का लक्ष्य मिला।
83 रन की और जरूरत
लक्ष्य पीछा करते हुए जम्मू-कश्मीर ने स्टंप्स तक 2 विकेट पर 43 बना लिए थे। टीम को जीत के लिए अब भी 83 रन की दरकार है और दो दिन का खेल शेष है। जम्मू-कश्मीर ने शुभम खजूरिया (एक) और यावर हसन (छह) के विकेट लगातार ओवरों में आकाश दीप की गेंद पर गंवा दिए, लेकिन बाएं हाथ के शुभम पुंडीर 37 गेंदों पर चार चौकों की मदद से 23 रन बनाकर नाबाद लौटे और बेहद संयमित दिखे।
बंगाल को करना होगा चमत्कार
क्वार्टर फाइनल में मध्य प्रदेश के खिलाफ दूसरी पारी में छठे नंबर पर बल्लेबाजी करते हुए पर अर्धशतक जड़ने वाले युवा वंशज शर्मा को इस मैच में नंबर चार पर पदोन्नत किया गया। वह 25 गेंदों की धैर्यपूर्ण पारी में नौ रन बनाकर खजूरिया का साथ दे रहे हैं। यह जोड़ी दिन का खेल खत्म होने के बाद जब पवेलियन लौटी तो जम्मू-कश्मीर खेमे ने खड़े होकर उनका स्वागत किया। रणजी ट्रॉफी का पहला सेमीफाइनल खेल रहा जम्मू कश्मीर अब फाइनल में पहुचने के करीब है। घरेलू मैदान का फायदा मिलने के बावजूद बंगाल को अब फाइनल की उम्मीदें जिंदा रखने के लिए असाधारण वापसी करनी होगी।
