संसद का मानसून सत्र शुरू, पीएम मोदी बोले- सदन एकजुट भाव से जवानों के साथ खड़ा है

  • Authored by: टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल
  • Updated Sep 14, 2020, 09:16 AM IST

आज से संसद का मानसून सत्र शुरू हो गया है जिसके हंगामेदार रहने के आसार हैं। सत्र शुरू होने से पहले पीएम मोदी ने कहा हिक यह सत्र विशेष वातावरण में शुरू हो रहा है और इस दौरान कई अहम फैसले लिए जाएंगे।

नई दिल्ली: संसद का मानसून सत्र आज से शुरू गया है। संसद पहुंचने के बाद मीडिया से बात करते हुए पीएम मोदी ने कहा कि एक विशिष्ट वातावरण में संसद का मानसून सत्र आज प्रारम्भ हो रहा है। उन्होंने कहा, 'कोरोना भी है, कर्तव्य भी है और सभी सांसदों ने कर्तव्य का रास्ता चुना है। मैं सभी सांसदों को इस पहल के लिए बधाई देता हूं, अभिनंदन करता हूं और धन्यवाद देता हूं। बजट सत्र समय से पहले ही रोकना पड़ा था। इस बार भी समय भी बदलना पड़ा है। इस सत्र में कई महत्वपूर्ण निर्णय होंगे और अनेक विषयों पर चर्चा होगी। हम सबका अनुभव है कि लोकसभा में जितनी अधिक चर्चा होती है, जितनी गहनता से चर्चा होती है, जितनी विविधता से चर्चा होती है, उतना सदन को भी विषयवस्तु को भी और देश को भी बहुत लाभ होता है इस बार भी उसस महान परंपरा मिलकर वैल्यू एडीशन करेंगे ऐसा मेरा विश्वास है।'

कोरोना का जिक्र कर कही ये बात

कोरोना का जिक्र करते हुए पीएम मोदी ने कहा,  'कोरोना से बनी जो परिस्थिति बनी है उसमें जो सतर्कता सूची बनी हैं, उन सतर्कताओं का पालन हम सभी को करना है। ये भी साफ है कि जब तक दवाई नहीं तब तक कोई ढिलाई नहीं। हम चाहते हैं कि जल्द से जल्द दुनिया के किसी भी कोने से वैक्सीन उपलब्ध हो जाए। हमारे वैज्ञानिक जल्द से जल्द सफल हों और दुनिया में हर किसी को इस संकट से निकालने में हम कामयाब हों।'

जवानों के साथ खड़े रहने की अपील

पीएम मोदी ने कहा, 'इस सदन की विशेष जिम्मेदारी हैं, विशेषकर इस सदन की, जब आज हमारे जवान सीमा पर डटे हुए हैं, बडी हिम्मत और बुलंद हौंसलों के साथ, दुर्गम पहाड़ियों में खड़े हैं। कुछ समय के बाद बर्फ वर्षा भी शुरू होगी। जिस विश्वास के साथ वो मातृभूमि की रक्षा के लिए खड़े हुए हैं। ये सदन भी, सभी सदस्य एक स्वर से, एक भाव से, एक भावना से, एक संकल्प से उस संदेश देकर सेना के जवानों के पीछे देश खड़ा खड़ा है, संसद और संसद सदस्यों के पीछे खड़ा है। ये बहुत ही मजबूत संदेश ये सदन देगा ऐसा मेरा विश्वास है।'

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