जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के सरकार के प्रति आक्रामक रुख का खुलकर समर्थन किया है। शुक्रवार को श्रीनगर के पोलो व्यू के पास ’वेस्ट टू वंडर’ पार्क का उद्घाटन करने के बाद पत्रकारों से बात करते हुए उमर अब्दुल्ला ने कहा कि राहुल गांधी सरकार से सवाल पूछकर और उसे जवाबदेह बनाकर बस अपना संवैधानिक कर्तव्य पूरा कर रहे हैं।
जब पत्रकारों ने राहुल गांधी के बार-बार विरोध-प्रदर्शन करने पर सवाल उठाया, तो उमर अब्दुल्ला ने मीडिया के दोहरे रवैये पर तंज कसा। उन्होंने कहा कि मीडिया जहां जम्मू-कश्मीर में विपक्ष के नेता सुनील शर्मा के सवालों को तवज्जो देता है, वहीं जब राहुल गांधी केंद्र सरकार से सवाल करते हैं तो उनके इरादों पर ही शक जताया जाता है। उमर ने कहा, "आप विपक्षी नेताओं को दो अलग-अलग पैमानों से नहीं माप सकते। अगर नेता प्रतिपक्ष विरोध नहीं करेगा और सवाल नहीं पूछेगा, तो इस पद का क्या फायदा?"
टाइम्स नाउ नवभारत पर यह भी पढ़ें: सीएम सोरेन-राहुल गांधी का पुतला फूंकते ही रांची की सड़क पर छिड़ा संग्राम, छात्रों और JMM कार्यकर्ताओं में झड़प, देखें VIDEO
साहिल लोचब के घायल होने से जुड़ा है मामला
यह पूरा घटनाक्रम दिल्ली में छात्रों के प्रदर्शन के दौरान कथित तौर पर पैलेट गन से साहिल लोचब के घायल होने के मामले से जुड़ा है। इस घटना के विरोध में राहुल गांधी ने राष्ट्रीय राजधानी के संसद मार्ग स्थित पुलिस उपायुक्त कार्यालय के बाहर करीब सात घंटे तक धरना दिया। उनके इस कड़े रुख के बाद आखिरकार दिल्ली पुलिस ने मामले में प्राथमिकी दर्ज की, जिसके बाद राहुल गांधी ने अपना धरना समाप्त किया।
इस मामले में त्वरित कार्रवाई का किया स्वागत
इस बीच, महाराष्ट्र में विपक्षी दल राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरदचंद्र पवार) ने भी इस मामले में त्वरित कार्रवाई का स्वागत किया है। राकांपा (एसपी) के प्रवक्ता क्लाइड क्रास्टो ने कहा कि दिल्ली पुलिस द्वारा एफआईआर दर्ज करना अच्छी बात है, लेकिन निष्पक्ष जांच के जरिए यह पता लगाया जाना चाहिए कि निहत्थे छात्रों पर पैलेट गन चलाने का आदेश किसने दिया था।
