देश

यौन शोषण के आरोपी 'गॉडमैन' अशोक खरात पर ED का शिकंजा, कस्टडी के लिए पहुंची विशेष कोर्ट

ईडी (ED) ने मुंबई की विशेष पीएमएलए अदालत में कथित स्वयंभू संत अशोक खरात की हिरासत के लिए अर्जी दाखिल की है। एजेंसी ने मनी लॉन्ड्रिंग मामले की जांच के तहत प्रोडक्शन वारंट जारी करने की मांग की है। खरात पहले से ही बलात्कार और धोखाधड़ी जैसे गंभीर आरोपों में जेल में बंद है।

Image

महिलाओं से दुष्कर्म और धोखाधड़ी का आरोपी अशोक खरात की बढ़ी मुश्किलें। ashok kharat insta/ PTI

Photo : PTI

प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने मुंबई की एक विशेष पीएमएलए अदालत में अर्जी दाखिल कर कथित 'स्वयंभू संत' और ज्योतिषी अशोक खरात की हिरासत मांगी है। मनी लॉन्ड्रिंग से जुड़े एक मामले की जांच के लिए ED ने अदालत से आरोपी के खिलाफ प्रोडक्शन वारंट जारी करने की अपील की है। अशोक खरात फिलहाल बलात्कार और धोखाधड़ी जैसे गंभीर आपराधिक आरोपों में जेल में बंद है।

ईडी की यह कार्रवाई उन आरोपों के बाद शुरू हुई है जिनमें कहा गया है कि खरात ने आपराधिक गतिविधियों के जरिए भारी मात्रा में अवैध धन इकट्ठा किया है। जांच एजेंसी अब उसे अपनी हिरासत में लेकर यह पता लगाना चाहती है कि अपराध की कमाई को कहां निवेश किया गया और इस वित्तीय जाल में कौन-कौन शामिल है।

बढ़ती जा रही अशोक खरात की मुश्किलें

कई महिलाओं के यौन शोषण और धोखाधड़ी के आरोपों में पहले से गिरफ्तार खरात के खिलाफ अब एक और बड़ा मामला दर्ज किया गया है। उस पर अपने पूर्व सहयोगी और चार्टर्ड अकाउंटेंट से 8.76 करोड़ रुपये की ठगी करने का आरोप लगा है।

यह नया मामला 2018 से 2023 के बीच की अवधि से जुड़ा है। पीड़ित चार्टर्ड अकाउंटेंट की शिकायत पर शुक्रवार देर रात सरकारवाड़ा पुलिस थाने में प्राथमिकी दर्ज की गई. शिकायतकर्ता कभी अशोक खरात के करीबी माने जाते थे।

अशोक खरात के ठिकानों से क्या-क्या मिला?

प्रवर्तन निदेशालय (ED) की जांच में 'स्वयंभू संत' अशोक खरात के वित्तीय साम्राज्य से जुड़े कई बड़े खुलासे हुए हैं। छापेमारी के दौरान ईडी की टीम ने चेक बुक, रसीदें, वित्तीय रजिस्टर, कंप्यूटर, हार्ड डिस्क और कई पेन ड्राइव जैसे महत्वपूर्ण दस्तावेज और इलेक्ट्रॉनिक उपकरण जब्त किए हैं। वर्तमान में जांचकर्ता इन सामग्रियों का बारीकी से विश्लेषण कर रहे हैं, ताकि मनी लॉन्ड्रिंग के पूरे नेटवर्क और पैसों के लेन-देन की कड़ी (Chain) को उजागर किया जा सके।

सूत्रों के मुताबिक, खरात और उसके सहयोगियों ने बेनामी खातों और फर्जी ट्रांजेक्शन के जरिए करोड़ों रुपये की हेराफेरी की कोशिश की थी। ईडी की इस सक्रियता से पहले से चल रही एसआईटी (SIT) की जांच को और अधिक मजबूती मिलने की उम्मीद है। हालांकि, जांच एजेंसी ने अभी तक इस तलाशी अभियान पर कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया है, लेकिन छापेमारी की कार्रवाई अब भी जारी है। माना जा रहा है कि आने वाले दिनों में खरात के पूरे नेटवर्क को ध्वस्त करने के लिए और भी गिरफ्तारियां या छापेमारी हो सकती है।

देश और दुनिया की ताजा ख़बरें (News in Hindi) पढ़ें हिंदी में और देखें छोटी बड़ी सभी न्यूज़ Times Now Navbharat Live TV पर। देश (India News) अपडेट और चुनाव (Elections) की ताजा समाचार के लिए जुड़े रहे Times Now Navbharat से ।

Piyush Kumar
पीयूष कुमार author

पीयूष कुमार टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल के न्यूज डेस्क पर Senior Copy Editor के रूप में कार्यरत हैं। देश-दुनिया की हलचल पर उनकी पैनी नजर रहती है और इन घट... और देखें

End of Article