नई दिल्ली: भारत में पाकिस्तानी जासूसों की धरपकड़ के लिए पिछले काफी समय से खुफिया एजेंसियों ने अभियान चलाया है। इसी अभियान के तहत राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने भारत में महिला जासूसों के नेटवर्क का भंडाफोड़ करते हुए आतंकी संगठन लश्कर ए-तैयबा की एक 22 वर्षीय हैंडलर को 10 दिन की हिरासत में ले लिया है। यह हैंडलर अपने पाकिस्तान स्थित आकाओं तथा कई आतंकियों के संपर्क में लगातार बनी हुई थी।
कई पाकिस्तानी सिम कार्ड बरामद
इस 22 साल की हैंडलर का नाम तानिया परवीन है जिसे कुछ हफ्ते पहले खुफिया एजेंसियों ने हिरासत में लिया था। तानिया परवीन कई पाकिस्तानी सिम कार्ड के जरिए पाकिस्तानी हैंडलर्स के संपर्क में थी। आईएनएस की खबर के मुताबिक तानिया ने भारतीय सिम भी वितरित किए थे और वह व्हाट्सएप ग्रुप तथा फेसबुक के माध्यम से आतंकियों के साथ संपर्क में रहती थी।
कट्टर सोच रखती है तानिया
अत्यधिक कट्टरपंथी तानिया प्रतिबंधित आतंकी संगठन जमात-उद-दावा (JuD) के प्रमुख हाफिज सईद के संपर्क में भी थी। सूत्रों का दावा है कि आईएसआई उसे हनी ट्रैप के लिए यूज कर रही थी जिसके माध्यम से वह अधिकारियों से संवेदनशील जानकारी निकलवाने का काम करती थी।
कोलकाता ले जाकर करेगी पूछताछ
आतंकवाद निरोधक जांच एजेंसी की एक टीम तानिया को कोलकाता ऑफिस ले जाकर उससे पूछताछ करेगी। एनआईए ने हाल ही में जांच का जिम्मा संभाला है और और प्रतिबंधित पाकिस्तानी आतंकी संगठनों के लिए देश में काम कर रहे महिला जासूसों के नेटवर्क को निशाना बना रही है।
कौन है तानिया परवीन
एनआईए के सूत्रों ने दावा किया कि विशेष कार्य बल ने तानिया परवीन को गिरफ्तार किया। तानिया मौलाना आज़ाद कॉलेज की छात्रा है। यह कॉलेज पश्चिम बंगाल के उत्तर 24 परगना जिले में भारत-बांग्लादेश सीमा के पास बदुरिया में है जो एक सरकारी कॉलेज है। सूत्रों का कहना है कि तानिया पर पिछले एक साल से निगरानी रखी जा रही थी और उसके बाद तानिया को हिरासत में लिया गया है।

